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Noida News: वेस्टर्न कॉरिडोर पर दौड़ेंगी लो फ्लोर ट्रक ऑन ट्रेन
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फोटो:
वेस्टर्न कॉरिडोर पर दौड़ेंगी लो फ्लोर ट्रक ऑन ट्रेन
-डीएफसीसी ने मालगाड़ियों का नया वैगन किया तैयार, जिसकी ऊंचाई 975 मिमी
-लो फ्लोर होने के कारण ट्रक आसानी से वैगन पर चढ़ सकेंगे, 60 टन होगी भार क्षमता
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कारपोरेशन ऑफ इंडिया (डीएफसीसीआईएल) के वेस्टर्न कॉरिडोर पर अब लो फ्लोर वैगन वाली मालगाड़ियां दौड़ा करेंगी। इन वैगन का प्रयोग ट्रक ऑन ट्रेन के लिए होगा। ताकि ट्रक आसानी से ट्रेन पर सवार हो सके। अभी तक ऊंचाई अधिक होने के कारण दिक्क्त होती थी। इन वैगन की क्षमता भी अधिक होगी। अफसरों का कहना है कि लो फ्लोर से खर्च के साथ समय की भी बचत होगी और अधिक माल पहुंचेगा।
डीएफसीसी का वेस्टर्न कॉरिडोर ग्रेटर नोएडा से मुंबई तक बन रहा है। लगभग काम पूरा हो चुका है। केवल आधिकारिक तौर पर कॉरिडोर का शुभारंभ होना है। कॉरिडोर पर मालगाड़ियों का संचालन शुरू हो चुका है। हरियाणा के न्यू रेवाड़ी से गुजरात के पालनपुर तक ट्रक ऑन ट्रेन सेवा चला रही है। इन मालगाड़ियों में ट्रक ट्रेन पर रखकर जा रहे हैं। ताकि कम खर्च में जल्द से जल्द माल एक से दूसरी जगह पहुंच सके। अभी इन ट्रेन के वैगन की ऊंचाई अधिक थी। इस कारण टर्मिनल व रैंप ऊंचा बनाना पड़ रहा था। साथ ही ट्रकों को ट्रेन पर सवार करने में दिक्कत आती थी, लेकिन अब डीएफसीसी ने लो फ्लोर वैगन का प्रयोग करेगा। इनकी ऊंचाई 975 मिमी है। अफसरों ने बताया, लो फ्लोर होने के कारण कॉमर्शियल व डिफेंस वाहनों को लोड करने में आसानी होती है। पहले वैगन की क्षमता 55 टन थी, लेकिन अब लो फ्लोर वैगन की क्षमता 60 टन है। भारत रेलवे ने सबसे पहले ये वैगन डीएफसीसी को उपलब्ध कराए हैं।
पसंद आ रही सेवा, बढ़ता जा रहा उपयोग
डीएफसीसी की टीओटी सेवा काफी कारगर साबित हो रही है। हर साल इसका प्रयोग बढ़ता जा रहा है। वर्ष 2022-23 में 71 ट्रिप में 1389 वैगन का उपयोग हुआ। वहीं वर्ष 2024-25 में वैगन की संख्या बढ़कर 18309 पहुंच गई है। वहीं, ट्रिप की संख्या 730 रही थी। वैगन की संख्या अब बढ़कर 25000 से अधिक पहुंच गई है। वहीं विभाग को राजस्व भी मिल रहा है। अब तक करीब 200 करोड़ का राजस्व मिल चुका है।
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वेस्टर्न कॉरिडोर पर दौड़ेंगी लो फ्लोर ट्रक ऑन ट्रेन
-डीएफसीसी ने मालगाड़ियों का नया वैगन किया तैयार, जिसकी ऊंचाई 975 मिमी
-लो फ्लोर होने के कारण ट्रक आसानी से वैगन पर चढ़ सकेंगे, 60 टन होगी भार क्षमता
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कारपोरेशन ऑफ इंडिया (डीएफसीसीआईएल) के वेस्टर्न कॉरिडोर पर अब लो फ्लोर वैगन वाली मालगाड़ियां दौड़ा करेंगी। इन वैगन का प्रयोग ट्रक ऑन ट्रेन के लिए होगा। ताकि ट्रक आसानी से ट्रेन पर सवार हो सके। अभी तक ऊंचाई अधिक होने के कारण दिक्क्त होती थी। इन वैगन की क्षमता भी अधिक होगी। अफसरों का कहना है कि लो फ्लोर से खर्च के साथ समय की भी बचत होगी और अधिक माल पहुंचेगा।
डीएफसीसी का वेस्टर्न कॉरिडोर ग्रेटर नोएडा से मुंबई तक बन रहा है। लगभग काम पूरा हो चुका है। केवल आधिकारिक तौर पर कॉरिडोर का शुभारंभ होना है। कॉरिडोर पर मालगाड़ियों का संचालन शुरू हो चुका है। हरियाणा के न्यू रेवाड़ी से गुजरात के पालनपुर तक ट्रक ऑन ट्रेन सेवा चला रही है। इन मालगाड़ियों में ट्रक ट्रेन पर रखकर जा रहे हैं। ताकि कम खर्च में जल्द से जल्द माल एक से दूसरी जगह पहुंच सके। अभी इन ट्रेन के वैगन की ऊंचाई अधिक थी। इस कारण टर्मिनल व रैंप ऊंचा बनाना पड़ रहा था। साथ ही ट्रकों को ट्रेन पर सवार करने में दिक्कत आती थी, लेकिन अब डीएफसीसी ने लो फ्लोर वैगन का प्रयोग करेगा। इनकी ऊंचाई 975 मिमी है। अफसरों ने बताया, लो फ्लोर होने के कारण कॉमर्शियल व डिफेंस वाहनों को लोड करने में आसानी होती है। पहले वैगन की क्षमता 55 टन थी, लेकिन अब लो फ्लोर वैगन की क्षमता 60 टन है। भारत रेलवे ने सबसे पहले ये वैगन डीएफसीसी को उपलब्ध कराए हैं।
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पसंद आ रही सेवा, बढ़ता जा रहा उपयोग
डीएफसीसी की टीओटी सेवा काफी कारगर साबित हो रही है। हर साल इसका प्रयोग बढ़ता जा रहा है। वर्ष 2022-23 में 71 ट्रिप में 1389 वैगन का उपयोग हुआ। वहीं वर्ष 2024-25 में वैगन की संख्या बढ़कर 18309 पहुंच गई है। वहीं, ट्रिप की संख्या 730 रही थी। वैगन की संख्या अब बढ़कर 25000 से अधिक पहुंच गई है। वहीं विभाग को राजस्व भी मिल रहा है। अब तक करीब 200 करोड़ का राजस्व मिल चुका है।
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