{"_id":"68f2ad33836d67318c093f8d","slug":"gorakhpur-news-online-tickets-for-private-buses-are-one-and-a-half-times-more-expensive-than-manual-tickets-na-news-c-7-hsr1010-1106585-2025-10-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: मैनुअल टिकट से डेढ़ गुना महंगा है प्राइवेट बसों का ऑनलाइन टिकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: मैनुअल टिकट से डेढ़ गुना महंगा है प्राइवेट बसों का ऑनलाइन टिकट
विज्ञापन
दिल्ली से चलने वाली प्राइवेट बसों के किराए में भी खेल
1200 रुपये सीटिंग, 1900 रुपये में मिल रही स्लीपर सीट
ऑनलाइन 2400 रुपये सीटिंग, 2900 से 3900 रुपये में दे रहे स्लीपर सीट
गोरखपुर। त्योहार में घर लौटने वाले सामान की खरीदारी ही नहीं यात्रा में भी ठगी के शिकार हो रहे हैं। ऑनलाइन पोर्टल पर प्राइवेट बसों का जो टिकट वे 2900 से 3900 रुपये में खरीद रहे हैं, वही टिकट मौके पर 1200 से 1900 के बीच मिल जा रहा है। यात्रा पूरी करने के बाद टिकट का खेल देखकर वे हतप्रभ रह जा रहे हैं।
त्योहारों पर यात्रियों की बढ़ी संख्या का फायदा उठाते हुए ई-कॉमर्स कंपनियों ने टिकटों के दाम बढ़ा दिए हैं। दिल्ली से गोरखपुर आए अक्षय मिश्र ने बताया कि ऑनलाइन प्लेटफाॅर्म पर स्लीपर एक टिकट उन्हें बुधवार को 1900 रुपये में ऑफर किया गया था। बृहस्पतिवार को चेक किया तो टिकट का दाम 3900 रुपये दिख रहा था। वहीं आनंद विहार गया तो वहां से चल रही बस में 1600 में टिकट मिल गया। वहीं उनके सहयात्री ने पोर्टल पर यही टिकट 3900 रुपये में ही बुक कराया था।
बता दें कि त्योहार नजदीक आने पर जब ट्रेनों का टिकट मिलना बंद हो जाता है, तब प्राइवेट बस संचालक मनमाना रेट वसूलने लगते हैं। दिल्ली से गोरखपुर आने वाली बसों का किराया 1200 से दो हजार रुपये के बीच है। वहीं ई कॉमर्स साइटों पर इन्हीं टिकटों के लिए 2400 से 3000 रुपये तक लिए जा रहे हैं। जानकारों का कहना है कि प्राइवेट बसों का टिकट बुक करने के लिए जो ई-कॉमर्स साइट्स हैं, वह फ्लाइट की टिकट बुक करने वाली प्रणाली का प्रयोग करती हैं। जिस प्रकार से फ्लाइट में सीट कम होने व भीड़ बढ़ने पर उसका किराया बढ़ जाता है इसी प्रकार बसों के टिकट का रेट बढ़ जाता है। त्योहारों पर लोग बड़ी संख्या में ई-कॉमर्स साइट्स पर टिकट खोजते हैं। यही कारण है कि इन ई-कॉमर्स साइटों पर बसों का किराया बढ़ा हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
1200 रुपये सीटिंग, 1900 रुपये में मिल रही स्लीपर सीट
ऑनलाइन 2400 रुपये सीटिंग, 2900 से 3900 रुपये में दे रहे स्लीपर सीट
गोरखपुर। त्योहार में घर लौटने वाले सामान की खरीदारी ही नहीं यात्रा में भी ठगी के शिकार हो रहे हैं। ऑनलाइन पोर्टल पर प्राइवेट बसों का जो टिकट वे 2900 से 3900 रुपये में खरीद रहे हैं, वही टिकट मौके पर 1200 से 1900 के बीच मिल जा रहा है। यात्रा पूरी करने के बाद टिकट का खेल देखकर वे हतप्रभ रह जा रहे हैं।
त्योहारों पर यात्रियों की बढ़ी संख्या का फायदा उठाते हुए ई-कॉमर्स कंपनियों ने टिकटों के दाम बढ़ा दिए हैं। दिल्ली से गोरखपुर आए अक्षय मिश्र ने बताया कि ऑनलाइन प्लेटफाॅर्म पर स्लीपर एक टिकट उन्हें बुधवार को 1900 रुपये में ऑफर किया गया था। बृहस्पतिवार को चेक किया तो टिकट का दाम 3900 रुपये दिख रहा था। वहीं आनंद विहार गया तो वहां से चल रही बस में 1600 में टिकट मिल गया। वहीं उनके सहयात्री ने पोर्टल पर यही टिकट 3900 रुपये में ही बुक कराया था।
विज्ञापन
बता दें कि त्योहार नजदीक आने पर जब ट्रेनों का टिकट मिलना बंद हो जाता है, तब प्राइवेट बस संचालक मनमाना रेट वसूलने लगते हैं। दिल्ली से गोरखपुर आने वाली बसों का किराया 1200 से दो हजार रुपये के बीच है। वहीं ई कॉमर्स साइटों पर इन्हीं टिकटों के लिए 2400 से 3000 रुपये तक लिए जा रहे हैं। जानकारों का कहना है कि प्राइवेट बसों का टिकट बुक करने के लिए जो ई-कॉमर्स साइट्स हैं, वह फ्लाइट की टिकट बुक करने वाली प्रणाली का प्रयोग करती हैं। जिस प्रकार से फ्लाइट में सीट कम होने व भीड़ बढ़ने पर उसका किराया बढ़ जाता है इसी प्रकार बसों के टिकट का रेट बढ़ जाता है। त्योहारों पर लोग बड़ी संख्या में ई-कॉमर्स साइट्स पर टिकट खोजते हैं। यही कारण है कि इन ई-कॉमर्स साइटों पर बसों का किराया बढ़ा हुआ है।
विज्ञापन