{"_id":"5b732c0142c7923c4d44a901","slug":"15342745539-grnoida-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बर्दाश्त नहीं हुई चाचा की दुकान के पास की पिटाई","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
बर्दाश्त नहीं हुई चाचा की दुकान के पास की पिटाई
Updated Wed, 15 Aug 2018 12:52 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दादरी में पांच लोगों को गोली मारने की वारदात में पकडे़ गए आरोपियों की खबर का जोड़.......
बर्दाश्त नहीं हुई चाचा की दुकान के पास की पिटाई
- जिस स्थान पर चिकन खाने के दौरान विवाद हुआ, वहीं है चाचा की टायर की दुकान
- बिसाहड़ा कांड को लेकर सुर्खियों में रहा दादरी तहसील क्षेत्र फिर चर्चाओं में आने लगा था
अमर उजाला ब्यूरो
ग्रेटर नोएडा। बिसाहड़ा कांड के बाद क्षेत्र में हो रही एक ही समुदाय के लोगों पर हमले की वारदात से दादरी एक बार फिर चर्चाओं में आ गया था। ये चर्चित वारदात खुलासे के बावजूद कई सवाल छोड़ गई हैं। इनमें सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि आखिर अचानक हुई मारपीट की घटना के बाद अभिषेक व उसके साथी एक के बाद एक संगीन वारदात करने को क्यों विवश हुए। इसकी पड़ताल करने पर पता चला है कि जिस स्थान पर चिकन खाने के दौरान उसकी पिटाई हुई, उसी के पास अभिषेक के चाचा की दुकान है और वहां सभी लोग उसके परिचित हैं। इसके चलते वह पिटाई की वारदात दिल पर ले गया और मारपीट करने वालों को सबक सिखाने के लिए वारदात करने लगा। हालांकि हैरानी की बात यह है कि खुलासे के बाद भी किसी घायल ने चिकन के दौरान मारपीट करने या घटना होने की बात कबूल नहीं की है।
दादरी तहसील क्षेत्र काफी संवेदनशील माना जाता है। दादरी तहसील के जारचा थाने का ही गांव बिसाहड़ा इकलाख हत्याकांड को लेकर देशभर में चर्चाओं में रहा था। इस घटना के बाद दो समुदायों के लोगों के बीच भाईचारे में दरार देखने को मिली थी। इस घटना के बाद दादरी कस्बे में एक ही समुदाय के लोगों को निशाना बनाकर एक ही ढंग से की गईं पांच वारदात चर्चा का विषय बन गईं थीं। इन घटनाओं के बाद भी भाईचारे को लेकर सवाल उठने लगे थे। वहीं, कुछ लोग इसे राजनीतिक साजिश भी बताकर चर्चा करने लगे थे लेकिन पुलिस ने समय रहते इन वारदातों पर लगाम लगा दी।
अभी इन सवालों के जवाब मिलने बाकी
- जिन लोगों को गोली लगी, वह चिकन के दौरान मारपीट की घटना से क्यों इंकार कर रहे हैं।
- क्या मारपीट में शामिल लोगों को ही अभिषेक व उसके साथी निशाना बना रहे थे।
- अगर आरोपी नहीं पकड़े जाते तो क्या वह और लोगों को निशाना बनाते।
- आरोपियों ने बुजुर्ग को गोली मारने की घटना से इंकार क्यों किया।
-------------------------------------------
- वारदात की कहानी पीड़ितों की जुबानी
दादरी। बेशक पुलिस ने वारदात का खुलासा कर दिया है लेकिन घटना के बाद से पीड़ित दहशत में हैं। पीड़ितों से बात की गई तो बताया कि इन घटनाओं के बाद से लोग अंधेरे में निकलने से डरने लगे थे। गोली लगने से घायल सलमान ने बताया वह केंटर चलाता है। रात में वह केंटर खड़ा कर पैदल घर आ रहा था। इसी दौरान उसे गोली मारी गई। इसके बाद से ही वह दहशत में है। गोली लगने से घायल अफसर की मां मुनीषा का कहना है कि बेटे को गोली लगने के बाद वह गांव चला गया है। घटना के बाद से उनका परिवार व अन्य लोग भी दहशत में हैं। रात के समय वह घर से किसी को भी बाहर नहीं जाने देते हैं। बच्चों में भी वारदात को लेकर दहशत है ।
विज्ञापन
पीड़ित शौकीन का कहना है कि गोली लगने के बाद जब तक वह कुछ समझ पाता तब तक गोली मारने वाले फरार हो गए थे। उपचार सही समय से नहीं कराने के चलते वह परेशानी से जूझ रहा है। गोली लगने वाले घाव में परेशानी हो गई है। परिजन भी दहशत में हैं। फैयाज व फैजान का कहना है कि सड़क पार करते समय गोली मारी गई थी। हम तो गोली मारने का कारण भी नहीं समझ सके और न ही किसी से कोई रंजिश थी। इसके बाद अन्य लोगों को गोली लगी तो दहशत और बढ़ गई। सभी पीड़ित नई आबादी के रहने वाले हैं। उन्होंने चिकन के दौरान विवाद व मारपीट की घटना से इंकार किया है।
------
एसएसपी ने की शांति-सौहार्द कायम रखने की अपील
एसएसपी डॉ. अजयपाल शर्मा ने वारदात का खुलासा करने वाली दादरी पुलिस टीम को बधाई दी है। वहीं, क्षेत्रवासियों से शांति और सौहार्द कायम रखने की अपील की है।
विज्ञापन
बर्दाश्त नहीं हुई चाचा की दुकान के पास की पिटाई
- जिस स्थान पर चिकन खाने के दौरान विवाद हुआ, वहीं है चाचा की टायर की दुकान
- बिसाहड़ा कांड को लेकर सुर्खियों में रहा दादरी तहसील क्षेत्र फिर चर्चाओं में आने लगा था
अमर उजाला ब्यूरो
ग्रेटर नोएडा। बिसाहड़ा कांड के बाद क्षेत्र में हो रही एक ही समुदाय के लोगों पर हमले की वारदात से दादरी एक बार फिर चर्चाओं में आ गया था। ये चर्चित वारदात खुलासे के बावजूद कई सवाल छोड़ गई हैं। इनमें सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि आखिर अचानक हुई मारपीट की घटना के बाद अभिषेक व उसके साथी एक के बाद एक संगीन वारदात करने को क्यों विवश हुए। इसकी पड़ताल करने पर पता चला है कि जिस स्थान पर चिकन खाने के दौरान उसकी पिटाई हुई, उसी के पास अभिषेक के चाचा की दुकान है और वहां सभी लोग उसके परिचित हैं। इसके चलते वह पिटाई की वारदात दिल पर ले गया और मारपीट करने वालों को सबक सिखाने के लिए वारदात करने लगा। हालांकि हैरानी की बात यह है कि खुलासे के बाद भी किसी घायल ने चिकन के दौरान मारपीट करने या घटना होने की बात कबूल नहीं की है।
दादरी तहसील क्षेत्र काफी संवेदनशील माना जाता है। दादरी तहसील के जारचा थाने का ही गांव बिसाहड़ा इकलाख हत्याकांड को लेकर देशभर में चर्चाओं में रहा था। इस घटना के बाद दो समुदायों के लोगों के बीच भाईचारे में दरार देखने को मिली थी। इस घटना के बाद दादरी कस्बे में एक ही समुदाय के लोगों को निशाना बनाकर एक ही ढंग से की गईं पांच वारदात चर्चा का विषय बन गईं थीं। इन घटनाओं के बाद भी भाईचारे को लेकर सवाल उठने लगे थे। वहीं, कुछ लोग इसे राजनीतिक साजिश भी बताकर चर्चा करने लगे थे लेकिन पुलिस ने समय रहते इन वारदातों पर लगाम लगा दी।
विज्ञापन
अभी इन सवालों के जवाब मिलने बाकी
- जिन लोगों को गोली लगी, वह चिकन के दौरान मारपीट की घटना से क्यों इंकार कर रहे हैं।
- क्या मारपीट में शामिल लोगों को ही अभिषेक व उसके साथी निशाना बना रहे थे।
- अगर आरोपी नहीं पकड़े जाते तो क्या वह और लोगों को निशाना बनाते।
- आरोपियों ने बुजुर्ग को गोली मारने की घटना से इंकार क्यों किया।
-------------------------------------------
- वारदात की कहानी पीड़ितों की जुबानी
दादरी। बेशक पुलिस ने वारदात का खुलासा कर दिया है लेकिन घटना के बाद से पीड़ित दहशत में हैं। पीड़ितों से बात की गई तो बताया कि इन घटनाओं के बाद से लोग अंधेरे में निकलने से डरने लगे थे। गोली लगने से घायल सलमान ने बताया वह केंटर चलाता है। रात में वह केंटर खड़ा कर पैदल घर आ रहा था। इसी दौरान उसे गोली मारी गई। इसके बाद से ही वह दहशत में है। गोली लगने से घायल अफसर की मां मुनीषा का कहना है कि बेटे को गोली लगने के बाद वह गांव चला गया है। घटना के बाद से उनका परिवार व अन्य लोग भी दहशत में हैं। रात के समय वह घर से किसी को भी बाहर नहीं जाने देते हैं। बच्चों में भी वारदात को लेकर दहशत है ।
विज्ञापन
पीड़ित शौकीन का कहना है कि गोली लगने के बाद जब तक वह कुछ समझ पाता तब तक गोली मारने वाले फरार हो गए थे। उपचार सही समय से नहीं कराने के चलते वह परेशानी से जूझ रहा है। गोली लगने वाले घाव में परेशानी हो गई है। परिजन भी दहशत में हैं। फैयाज व फैजान का कहना है कि सड़क पार करते समय गोली मारी गई थी। हम तो गोली मारने का कारण भी नहीं समझ सके और न ही किसी से कोई रंजिश थी। इसके बाद अन्य लोगों को गोली लगी तो दहशत और बढ़ गई। सभी पीड़ित नई आबादी के रहने वाले हैं। उन्होंने चिकन के दौरान विवाद व मारपीट की घटना से इंकार किया है।
------
एसएसपी ने की शांति-सौहार्द कायम रखने की अपील
एसएसपी डॉ. अजयपाल शर्मा ने वारदात का खुलासा करने वाली दादरी पुलिस टीम को बधाई दी है। वहीं, क्षेत्रवासियों से शांति और सौहार्द कायम रखने की अपील की है।