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....छठ की तैयारियां पूरी होने के दावे नाकाफी
Updated Tue, 13 Nov 2018 05:50 AM IST
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आस्था पर गंदगी का ग्रहण, प्रदूषित पानी में व्रती देंगे अर्घ्य
- छठ की तैयारियां पूरी होने के दावे नाकाफी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। भले ही लोक आस्था के महापर्व छठ के लिए दिल्ली के घाटोें पर तैयारियां पूरी होने के दावे किए जा रहे हैं। लेकिन अब कई जगहों पर गंदगी आस्था पर भारी पड़ रही है। भलस्वा झील की पानी में गोबर की दुर्गंध आ रही है। वहीं, यमुना के कई घाटों पर बिखरी गंदगी स्वच्छता के दावों की पोल खोल रही है। पूर्वी दिल्ली के महापौर बिपिन बिहारी सिंह ने सोमवार को शाहदरा (उत्तरी क्षेत्र) में नाव पर सवार होकर यमुना किनारे बने घाटों का निरीक्षण किया। महापौर नगर निगम के कामकाज से तो संतुष्ट दिखे लेकिन यमुना की सफाई को लेकर नाराजगी जाहिर की। महापौर ने एसडीएम (गांधी नगर) को निर्देश दिया कि घाटों किनारे दिल्ली के बाढ़ एवं सिंचाई विभाग तुरंत सफाई के निर्देश दे ताकि व्रतधारियों को परेशानी न हो।
महापौर ने बताया कि छठ पूजा की तैयारियों को लेकर वह लगातार अधिकारियों के संपर्क में है ताकि पूर्वी दिल्ली के छठ घाटों पर व्रतधारियों को गांव और घर जैसी व्यवस्था मिल सके। उधर, उत्तरी दिल्ली के उप-महापौर राजेश कुमार लावड़िया ने निगम के अधिकारियों को साफ सफाई सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए। दक्षिणी निगम के मेयर ने भी मिल जुलकर उत्साह के साथ पर्व में शामिल होने का आह्वान किया है। हालांकि पूजा-अर्चना के लिए निगम की तमाम तैयारियों के बावजूद विभागों के बीच सामंजस्य की कमी से हालात में खास सुधार नहीं देखने को मिला।
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इन घाटों पर दिखी अव्यवस्था
गीता कालोनी, कुदेशिया घाट, आईटीओ सहित कई ऐसे घाट हैं, जहां सफाई ढंग से नहीं की गई। नतीजतन व्रतियों को अर्घ्य देने में परेशानी तय है। कुछ घाट ऐसे दिखे जहां विर्सजन के बाद मूर्तियों या अन्य सामग्री को साफ तक नहीं किया गया तो कई जगहों पर गंदगी के कारण कुछ मिनटों तक खड़ा रहने के लिए भी हिम्मत जुटानी होगी।
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- छठ की तैयारियां पूरी होने के दावे नाकाफी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। भले ही लोक आस्था के महापर्व छठ के लिए दिल्ली के घाटोें पर तैयारियां पूरी होने के दावे किए जा रहे हैं। लेकिन अब कई जगहों पर गंदगी आस्था पर भारी पड़ रही है। भलस्वा झील की पानी में गोबर की दुर्गंध आ रही है। वहीं, यमुना के कई घाटों पर बिखरी गंदगी स्वच्छता के दावों की पोल खोल रही है। पूर्वी दिल्ली के महापौर बिपिन बिहारी सिंह ने सोमवार को शाहदरा (उत्तरी क्षेत्र) में नाव पर सवार होकर यमुना किनारे बने घाटों का निरीक्षण किया। महापौर नगर निगम के कामकाज से तो संतुष्ट दिखे लेकिन यमुना की सफाई को लेकर नाराजगी जाहिर की। महापौर ने एसडीएम (गांधी नगर) को निर्देश दिया कि घाटों किनारे दिल्ली के बाढ़ एवं सिंचाई विभाग तुरंत सफाई के निर्देश दे ताकि व्रतधारियों को परेशानी न हो।
महापौर ने बताया कि छठ पूजा की तैयारियों को लेकर वह लगातार अधिकारियों के संपर्क में है ताकि पूर्वी दिल्ली के छठ घाटों पर व्रतधारियों को गांव और घर जैसी व्यवस्था मिल सके। उधर, उत्तरी दिल्ली के उप-महापौर राजेश कुमार लावड़िया ने निगम के अधिकारियों को साफ सफाई सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए। दक्षिणी निगम के मेयर ने भी मिल जुलकर उत्साह के साथ पर्व में शामिल होने का आह्वान किया है। हालांकि पूजा-अर्चना के लिए निगम की तमाम तैयारियों के बावजूद विभागों के बीच सामंजस्य की कमी से हालात में खास सुधार नहीं देखने को मिला।
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इन घाटों पर दिखी अव्यवस्था
गीता कालोनी, कुदेशिया घाट, आईटीओ सहित कई ऐसे घाट हैं, जहां सफाई ढंग से नहीं की गई। नतीजतन व्रतियों को अर्घ्य देने में परेशानी तय है। कुछ घाट ऐसे दिखे जहां विर्सजन के बाद मूर्तियों या अन्य सामग्री को साफ तक नहीं किया गया तो कई जगहों पर गंदगी के कारण कुछ मिनटों तक खड़ा रहने के लिए भी हिम्मत जुटानी होगी।
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