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दिल्ली विस सत्र में नाला सफाई पर याचिका समिति पेश करेगी रिपोर्ट
Updated Mon, 26 Jun 2017 10:51 PM IST
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मुद्दे उठाएंगे, लेकिन प्रश्नकाल नहीं होगा
दिल्ली विधानसभा के 28-29 जून को होने वाले सत्र के विषय को लेकर सोमवार को भी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई। मंगलवार को विधानसभा की बिजनेस एडवाइजरी समिति की बैठक में दो दिन के सत्र के विषय को अंतिम रूप दिया जाएगा। नियम 280 पर क्षेत्र के विषय उठाए जाएंगे, लेकिन प्रश्नकाल नहीं होगा। अचानक बुलाए गए सत्र की आपात स्थिति या विषय को लेकर विधानसभा या दिल्ली सरकार से जुड़े नेता-अधिकारी कुछ भी बताने से कतरा रहे हैं।
इतना जरूर है कि विस की याचिका समिति अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। हालांकि, 31 मई को राजधानी की कानून व्यवस्था को लेकर दिल्ली पुलिस आयुक्त को विधानसभा में कानून व्यवस्था की चर्चा के दौरान उपस्थित रहने का जो प्रस्ताव अध्यक्ष रामनिवास गोयल ने मंजूर किया था, उस पर अभी कार्यवाही नहीं होगी। विस अध्यक्ष रामनिवास गोयल ने कहा है कि दो दिन के सत्र में पुलिस आयुक्त को तलब नहीं किया जा रहा है।
वहीं, सौरभ भारद्वाज की अध्यक्षता वाली समिति ने अधिकारियों के साथ नालों की सफाई का काम पूरा करने के दावे को परखा है। समिति ने लोक निर्माण विभाग और एमसीडी अधिकारियों के साथ क्षेत्र में जाकर वीडियो व फोटो के साथ जमीनी हालात पर रिपोर्ट तैयार की है। कमेटी उन स्थानों पर भी गई है, जहां लोक निर्माण विभाग और एमसीडी के बीच नाला सफाई को लेकर विवाद रहा है।
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जलभराव पर पेश होगी रिपोर्ट
सूत्र बताते हैं कि समिति ने मानसून में सड़क पर जलभराव और बिगड़े हालात को लेकर सभी पहलुओं को साथ जो रिपोर्ट याचिका तैयार की है, उसे 28-29 जून को होने वाले सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें लोक निर्माण विभाग और एमसीडी के खिलाफ कई सिफारिशें भी सामने आएंगी। इसके अलावा इसमें एमसीडी की कार्यप्रणाली को दिखाने की भी कोशिश होगी।
अलग-अलग चर्चाएं
अचानक बुलाए गए सत्र के विषय को लेकर अलग-अलग चर्चाएं हैं। सीबीआई की छापेमारी व 21 संसदीय सचिवों पर चुनाव आयोग की तरफ से लाभ के पद का मामला चलाए जाने का फैसला भी दो दिन के सत्र के विषय में शामिल हो सकते हैं। इस मामले में दिल्ली सरकार के प्रवक्ता, एक मंत्री व विधानसभा अध्यक्ष से भी विषय जानने की कोशिश की गई, लेकिन किसी ने विषय का खुलासा नहीं किया।
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दिल्ली विधानसभा के 28-29 जून को होने वाले सत्र के विषय को लेकर सोमवार को भी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई। मंगलवार को विधानसभा की बिजनेस एडवाइजरी समिति की बैठक में दो दिन के सत्र के विषय को अंतिम रूप दिया जाएगा। नियम 280 पर क्षेत्र के विषय उठाए जाएंगे, लेकिन प्रश्नकाल नहीं होगा। अचानक बुलाए गए सत्र की आपात स्थिति या विषय को लेकर विधानसभा या दिल्ली सरकार से जुड़े नेता-अधिकारी कुछ भी बताने से कतरा रहे हैं।
इतना जरूर है कि विस की याचिका समिति अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। हालांकि, 31 मई को राजधानी की कानून व्यवस्था को लेकर दिल्ली पुलिस आयुक्त को विधानसभा में कानून व्यवस्था की चर्चा के दौरान उपस्थित रहने का जो प्रस्ताव अध्यक्ष रामनिवास गोयल ने मंजूर किया था, उस पर अभी कार्यवाही नहीं होगी। विस अध्यक्ष रामनिवास गोयल ने कहा है कि दो दिन के सत्र में पुलिस आयुक्त को तलब नहीं किया जा रहा है।
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वहीं, सौरभ भारद्वाज की अध्यक्षता वाली समिति ने अधिकारियों के साथ नालों की सफाई का काम पूरा करने के दावे को परखा है। समिति ने लोक निर्माण विभाग और एमसीडी अधिकारियों के साथ क्षेत्र में जाकर वीडियो व फोटो के साथ जमीनी हालात पर रिपोर्ट तैयार की है। कमेटी उन स्थानों पर भी गई है, जहां लोक निर्माण विभाग और एमसीडी के बीच नाला सफाई को लेकर विवाद रहा है।
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जलभराव पर पेश होगी रिपोर्ट
सूत्र बताते हैं कि समिति ने मानसून में सड़क पर जलभराव और बिगड़े हालात को लेकर सभी पहलुओं को साथ जो रिपोर्ट याचिका तैयार की है, उसे 28-29 जून को होने वाले सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें लोक निर्माण विभाग और एमसीडी के खिलाफ कई सिफारिशें भी सामने आएंगी। इसके अलावा इसमें एमसीडी की कार्यप्रणाली को दिखाने की भी कोशिश होगी।
अलग-अलग चर्चाएं
अचानक बुलाए गए सत्र के विषय को लेकर अलग-अलग चर्चाएं हैं। सीबीआई की छापेमारी व 21 संसदीय सचिवों पर चुनाव आयोग की तरफ से लाभ के पद का मामला चलाए जाने का फैसला भी दो दिन के सत्र के विषय में शामिल हो सकते हैं। इस मामले में दिल्ली सरकार के प्रवक्ता, एक मंत्री व विधानसभा अध्यक्ष से भी विषय जानने की कोशिश की गई, लेकिन किसी ने विषय का खुलासा नहीं किया।