फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   muslim ladies showed happiness on triple talaq law

तीन तलाक कानून पर ऐसी रही मुस्लिम महिलाओं की प्रतिक्रिया...

Fri, 29 Dec 2017 10:34 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Fri, 29 Dec 2017 10:34 AM IST
विज्ञापन
muslim ladies showed happiness on triple talaq law
triple talaq

तीन तलाक पर बिल संसद में पेश होने के बाद मुस्लिम महिलाओं में खुशी की लहर दौड़ गई है। राजधानी की सामाजिक कार्यकर्ताओं और मुस्लिम महिलाओं ने सुप्रीम कोर्ट और सरकार का आभार व्यक्त करते हुए गुरुवार का दिन जश्न वाला बताया।

विज्ञापन


साथ ही इनका कहना है कि तीन तलाक कानून आने के बाद वर्षों से मुस्लिम महिलाओं का शोषण करने वाले कथित नेताओं के गाल पर ये करारा तमाचा है। अमर उजाला से बातचीत में महिलाओं ने जहां बिल पेश होने पर खुशी जताई, वहीं मुस्लिम महिलाओं के अधिकार को लेकर गुस्सा भी जाहिर किया। 
विज्ञापन


तीन तलाक को लेकर हम लंबे समय से मुस्लिम महिलाओं की आवाज उठा रहे हैं। आज सुप्रीम कोर्ट और सरकार के हस्तक्षेप से कानून आने से बड़ी कोई और खुुशी नहीं है। अब उन कथित लोगों की दुकानें बंद हो जाएंगी जो मुस्लिम समाज की आड़ में राजनीति किया करते थे।  -शबनम खान, मानवाधिकार कार्यकर्ता
विज्ञापन
विज्ञापन


बिल पेश हाने का अर्थ कानून लागू है। इससे बहुत सुकून मिल रहा है। देश में पहली बार मुस्लिम महिलाओं को अधिकार मिलने जा रहा है। कुरान की झूठी दलीलें देने वालों के लिए ये समझना जरूरी है कि अब मुस्लिम समाज भी मुख्य धारा में है।  -शहनाज रजा खान, सामाजिक कार्यकर्ता

हर मुस्लिम जश्न मना रही है

muslim ladies showed happiness on triple talaq law
Triple Talaq

तीन तलाक पर कानून बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट और मोदी सरकार का बहुत आभार। देश की हर मुस्लिम महिला इस वक्त जश्न मना रही है। वर्षों से महिलाओं का शोषण करते आ रहे लोगों के गाल पर ये करारा तमाचा है। -तनजीम खान, वर्कर

आज इससे ज्यादा खुशी की बात कोई और नहीं है। पहली बार मुस्लिम महिलाओं के हित में कुछ हुआ है। ये कानून मुस्लिम महिलाओं के लिए एक संजीवनी है, जिसने हरेक के जीवन को बदल दिया है।  - गजाला परवीन, टीचर

तीन तलाक पर कानून बनना ऐतिहासिक है। मैं बहुत खुश हूं। बचपन से ही अपने आसपास मुस्लिम महिलाओं के खिलाफ वातावरण को देखा है। इसलिए मुझे इस कानून की अहमियत अच्छे से पता है।  - गजाला हाशमी, सामाजिक कार्यकर्ता

कुरान का हवाला देकर अक्सर कुछ लोग मुस्लिम समाज के विकास की बातें करते थे। एक कमरे में बंद होकर पूरे समाज पर अधिकार जमाने वालों के लिए ये कानून सबक बनेगा। मैं बहुत खुश हूं। मेरा परिवार भी इस पर काफी खुश है। - शाजिया निसार, वर्कर 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed