किस्मत-पुलिस किसी ने न दिया सचिन का साथ: गार्ड की नौकरी छोड़ अफसर बनने जा रहा था, राह भटका तो बदमाशों ने लूटा
सचिन मोबाइल में गूगल मैप लगाकर पैदल ही निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन जा रहा था। डिफेंस कॉलोनी अंडरपास के पास पहुंचा तो बाइक व स्कूटी पर सवार चार बदमाशों ने उस पर हमला कर उससे लूटपाट की।
विस्तार
गुरुग्राम में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करने वाला सचिन तिवारी (23) अफसर बनने की चाहत में परीक्षा देने के लिए नागपुर जा रहा था। रात में रास्ता भटकने से वह डिफेंस कॉलोनी पहुंच गया, लेकिन जेब में इतने पैसे नहीं थे कि ऑटो या टैक्सी किराये पर ले सके। जेब में सिर्फ एक हजार रुपये थे। ऐसे में वह निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन पैदल ही जाने लगा। रास्ते में उसे चार बदमाशों ने घेर लिया। बदमाशों ने मोबाइल छीनने की कोशिश की।
विरोध करने पर बदमाशों ने चाकू व पिस्टल से हमला कर घायल कर दिया। इसके बाद सचिन किसी तरह लाजपत नगर पुलिस के बूथ पर पहुंचा तो उसे प्राथमिक उपचार करवाने की जगह इलाका गिना दिया गया।
मूलरूप से गांव पीठा गोरखपुर निवासी सचिन तिवारी बुधवार रात को नागपुर में परीक्षा देने के लिए रेलवे स्टेशन जा रहा था। रास्ता भटकने के कारण रात करीब 3:30 बजे डिफेंस कॉलोनी पहुंच गया। यहां से सचिन मोबाइल में गूगल मैप लगाकर पैदल ही निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन जा रहा था। उसकी ट्रेन सुबह 5:20 बजे की थी।
डिफेंस कॉलोनी में वह अंडरपास के पास पहुंचा तो बाइक व स्कूटी पर सवार चार बदमाशों ने उसे घेर लिया। बदमाशों ने सचिन से मोबाइल मांगा। सचिन ने मोबाइल देने से मना कर दिया तो एक बदमाश ने चाकू से कई वार कर दिए।
दूसरे बदमाश ने पिस्टल की बट से सचिन के सिर पर हमला कर लूट लिया। हमले के कारण सचिन बेहोश हो गया। कुछ देर बाद उसे होश आया तो वह लाजपत नगर थाने के पुलिस बूथ में पहुंचा, लेकिन पुलिस ने प्राथमिक उपचार की जगह उसे डिफेंस कॉलोनी थाने भेज दिया।