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हरे कृष्णा-हरे रामा से गुंजायमान हुआ शहर
अमर उजाला, गाजियाबाद
Updated Sun, 08 Feb 2015 09:14 PM IST
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हरे कृष्णा हरे कृष्णा, कृष्णा-कृष्णा हरे-हरे...की गूंज से रविवार को पूरा शहर भक्तिमय हो गया। आसमां से हुई हेलीकाप्टर से पुष्प वर्षा और जमीं पर हरे कृष्णा की धुन पर झूमते श्रद्धालुओं के साथ भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा जिस ओर से भी निकली कदम दर कदम भक्तों की भीड़ बढ़ती ही गई।
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फूलों के वस्त्र पहने, फूलों से सजे रथ में सवार भगवान जगन्नाथ, सुभद्रा और बलदेव जी के रथ को भक्तिभाव से खींचा।
नवयुग मार्केट से शुरू होकर रथयात्रा मीनामल धर्मशाला, हापुड़ मोड़, ठाकुर द्वारा मंदिर, दिल्ली गेट, डासना गेट, चौपला मंदिर, अंबेडकर रोड, नेहरू नगर, बसंत चौक, नासिरफुर फाटक, कविनगर रामलीला मैदान, इंग्राहम चौक होते हुए राजनगर सेक्टर-10 स्थित इस्कॉन मंदिर पहुंची।
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रथयात्रा के सभी मार्गों पर रंगोली बनाई गई। महाआरती के बाद क्रेन से प्रभु जगन्नाथ को 56 भोग लगाया गया। स्वामी कैलाशानंद, जीडीए वीसी संतोष यादव, मनीष अग्रवाल, वीके अग्रवाल, सुरेश बसंल, सुरेंद्र कुमार मुन्नी, दिनेश गोयल, बलदेवराज शर्मा आदि शहर के गणमान्य लोग आरती में शामिल हुए।
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विदेशी भक्तों केरॉक बैंड चले आगे-आगे
रथयात्रा के आगे-आगे वृंदावन धाम से आए विदेशी भक्तों द्वारा ट्राले पर रॉक बैंड था। रथ यात्रा मार्ग पर आठ किलोमीटर पर हरे कृष्णा धुन का प्रसारण किया गया। पांच किलोमीटर तक लाइटिंग की भव्य व्यवस्था थी।
नवयुग मार्केट बना था वृंदावन धाम
सुबह ग्यारह बजे से दोपहर दो बजे तक भगवान जगन्नाथ का रथ नवयुग मार्केट में रहा। इस दौरान अस्थायी धार्मिक वस्तुओं के स्टाल भी लगे थे। तुलसी की माला, लड्डु गोपाल के वस्त्र, बांसुरी और धार्मिक किताबें खूब बिक रही थी। हरे कृष्णा की गूंज, भक्तों की भीड़ और अस्थाई बाजार सबके संगम से नवयुग मार्केट जैसे वृंदावन धाम बन गया था।