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58 लाख रुपये का कार्य 24 लाख में करने को तैयार
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गुरुग्राम। नगर निगम में ठेकेदार तय दामों से 50 से 60 फीसदी कम दामों में निविदा लेने के लिए आवेदन कर रहे हैं। नगर निगम में यह पहला मामला नहीं है, हर निविदा में ठेकेदार नियमों को ताक पर रखकर निविदा में आवेदन कर रहे हैं। ऐसा ही एक और मामला सामने आया है। 58 लाख रुपये के कार्य को ठेकेदार ने निविदा में 24 लाख रुपये के दाम भरकर आवेदन कर दिया। निगमायुक्त विनय प्रताप सिंह ने मामला संज्ञान में आते ही निविदा को रद्द कर दिया है।
दरसअल, नगर निगम की ओर से साउथ सिटी-1 में पानी की लाइन के रखरखाव के लिए एक 58 लाख रुपये की निविदा दो वर्ष के लिए आमंत्रित की गई थी। इसमें एक ठेकेदार ने नियमों को ताक पर रखते हुए 58 लाख रुपये के इस कार्य को 24 लाख रुपये में करने के लिए निविदा प्राप्त करने के लिए आवेदन कर दिया। निविदा को खोला गया तो मामला उजागर हुआ।
संबधित कार्यकारी अभियंता ने मामले को लेकर निगमायुक्त को अवगत करवाया। निगमायुक्त ने निविदा को तुरंत प्रभाव से रद्द करवा दिया और निविदा को दोबारा ऑनलाइन आमंत्रित करने के निर्देश दिए। ऐसे मामले सबसे ज्यादा बागवानी विभाग में ज्यादा होते हैं। बागवानी के कार्य निगम ठेकेदार अधिकारियों की मिलीभगत से कार्य को ज्यादा दिखाते हैं और जानकार ठेकेदार से तय रेटों से 60 फीसदी कम दामों में निविदा में आवेदन कर देते हैं।
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दरसअल, नगर निगम की ओर से साउथ सिटी-1 में पानी की लाइन के रखरखाव के लिए एक 58 लाख रुपये की निविदा दो वर्ष के लिए आमंत्रित की गई थी। इसमें एक ठेकेदार ने नियमों को ताक पर रखते हुए 58 लाख रुपये के इस कार्य को 24 लाख रुपये में करने के लिए निविदा प्राप्त करने के लिए आवेदन कर दिया। निविदा को खोला गया तो मामला उजागर हुआ।
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संबधित कार्यकारी अभियंता ने मामले को लेकर निगमायुक्त को अवगत करवाया। निगमायुक्त ने निविदा को तुरंत प्रभाव से रद्द करवा दिया और निविदा को दोबारा ऑनलाइन आमंत्रित करने के निर्देश दिए। ऐसे मामले सबसे ज्यादा बागवानी विभाग में ज्यादा होते हैं। बागवानी के कार्य निगम ठेकेदार अधिकारियों की मिलीभगत से कार्य को ज्यादा दिखाते हैं और जानकार ठेकेदार से तय रेटों से 60 फीसदी कम दामों में निविदा में आवेदन कर देते हैं।
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