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Gurugram News: यूनिवर्ल्ड सिटी की महिलाएं सोसाइटी कर्मियों के बच्चों के लिए आयोजित करेंगी समर कैंप
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जून के पहले सोमवार से शुरू होगा समर कैंप
बच्चों के लिए व्यक्तित्व विकास, नृत्य, नाटक और अंग्रेजी की होंगी कक्षाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर-30 स्थित यूनिवर्ल्ड सिटी सोसाइटी की महिलाओं की टीम इस गर्मी की छुट्टी में अपने यहां काम करने वाले कर्मियों के बच्चों के लिए शिक्षण, प्रशिक्षण, नृत्य, नाटक, अंग्रेजी और व्यक्तित्व विकास के शिविर की तैयारी में जुटी है।
हर साल जून के महीने में स्कूली बच्चों के लिए यह शिविर आयोजित होता है। इसमें सोसाइटी में काम करने वाले सुरक्षा कर्मियों, हाउस कीपिंग स्टाफ, माली, घरेलू सहायक के स्कूली बच्चों के लिए कक्षाएं चलती हैं। सोसाइटी में रहने वाली विभिन्न विषयों की विशेषज्ञ महिलाएं खेल-खेल में यह प्रशिक्षण देती हैं। सोसाइटी के क्लब हाउस में आयोजित होने वाले इस समर कैंप में जूनियर और सीनियर दो हिस्सों में बच्चों के समूह बांटे जाते हैं। इन्हें पढ़ाई में हाेने वाली दिक्कतों पर चर्चा, अंग्रेजी बोलने, अखबार, पत्रिका पढ़ने, नृत्य, नाटक, व्यक्तित्व विकास की कक्षाएं होती हैं।
सोसाइटी के बच्चों को पढ़ाने के लिए टीम में शिखा खंडेलवाल, रेखा वर्गीज, वीणा वेलयुर, नयनिका नायर, शिबानी सहगल, मधु राजन, मीनाक्षी आनंद, नीता तुली, रानी चेरियन शामिल हैं। इस कैंप के दौरान महिलाओं का एक दल अपने घरों से बच्चों के लिए खाना तैयार करके लाता है। इस टीम में दीपा गुप्ता, अनु सर्राफ, नीना बख्शी, कविता दीक्षित, और नवीन गिल शामिल हैं। महिलाओं की इस टीम का नेतृत्व करने वाली शिखा खंडेलवाल ने बताया कि बच्चों के लिए घरों से खाना बनाने का अभियान भी पुराना है मगर अब यह सोसाइटी के क्लब हाउस में होता है।
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बुजुर्ग वैज्ञानिक ने कराई थी शुरुआत
इस अभियान की शुरुआत सोसाइटी में रहने वाले बुजुर्ग भाभा एटोमिक रिसर्च सेंटर के पूर्व वैज्ञानिक एनबी नायर ने कराई थी। उनके नेतृत्व में कई साल पहले महिलाओं ने पड़ोस के सिलोखरा स्थित सरकारी स्कूल को गोद लिया। वहां सोसाइटी के लोगों ने टॉयलेट बनवाया और पानी की टंकी लगवाई। महिलाओं ने विशेष कक्षाएं लेने की शुरुआत की थी। बाद में स्कूल प्रशासन ने आत्मनिर्भरता दिखाई। इसके बाद पड़ोस के शक्तिपीठ मंदिर परिसर में जरूरतमंद परिवारों के बच्चों के लिए शाम के बाद विशेष कक्षाओं का कार्यक्रम चलाया गया।सोसाइटी की यह टीम कर्मियों के मेधावी बच्चों को 500 रुपये से 1000 रुपये प्रतिमाह की स्कॉलरशिप भी उपलब्ध कराती है।
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बच्चों के लिए व्यक्तित्व विकास, नृत्य, नाटक और अंग्रेजी की होंगी कक्षाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर-30 स्थित यूनिवर्ल्ड सिटी सोसाइटी की महिलाओं की टीम इस गर्मी की छुट्टी में अपने यहां काम करने वाले कर्मियों के बच्चों के लिए शिक्षण, प्रशिक्षण, नृत्य, नाटक, अंग्रेजी और व्यक्तित्व विकास के शिविर की तैयारी में जुटी है।
हर साल जून के महीने में स्कूली बच्चों के लिए यह शिविर आयोजित होता है। इसमें सोसाइटी में काम करने वाले सुरक्षा कर्मियों, हाउस कीपिंग स्टाफ, माली, घरेलू सहायक के स्कूली बच्चों के लिए कक्षाएं चलती हैं। सोसाइटी में रहने वाली विभिन्न विषयों की विशेषज्ञ महिलाएं खेल-खेल में यह प्रशिक्षण देती हैं। सोसाइटी के क्लब हाउस में आयोजित होने वाले इस समर कैंप में जूनियर और सीनियर दो हिस्सों में बच्चों के समूह बांटे जाते हैं। इन्हें पढ़ाई में हाेने वाली दिक्कतों पर चर्चा, अंग्रेजी बोलने, अखबार, पत्रिका पढ़ने, नृत्य, नाटक, व्यक्तित्व विकास की कक्षाएं होती हैं।
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सोसाइटी के बच्चों को पढ़ाने के लिए टीम में शिखा खंडेलवाल, रेखा वर्गीज, वीणा वेलयुर, नयनिका नायर, शिबानी सहगल, मधु राजन, मीनाक्षी आनंद, नीता तुली, रानी चेरियन शामिल हैं। इस कैंप के दौरान महिलाओं का एक दल अपने घरों से बच्चों के लिए खाना तैयार करके लाता है। इस टीम में दीपा गुप्ता, अनु सर्राफ, नीना बख्शी, कविता दीक्षित, और नवीन गिल शामिल हैं। महिलाओं की इस टीम का नेतृत्व करने वाली शिखा खंडेलवाल ने बताया कि बच्चों के लिए घरों से खाना बनाने का अभियान भी पुराना है मगर अब यह सोसाइटी के क्लब हाउस में होता है।
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बुजुर्ग वैज्ञानिक ने कराई थी शुरुआत
इस अभियान की शुरुआत सोसाइटी में रहने वाले बुजुर्ग भाभा एटोमिक रिसर्च सेंटर के पूर्व वैज्ञानिक एनबी नायर ने कराई थी। उनके नेतृत्व में कई साल पहले महिलाओं ने पड़ोस के सिलोखरा स्थित सरकारी स्कूल को गोद लिया। वहां सोसाइटी के लोगों ने टॉयलेट बनवाया और पानी की टंकी लगवाई। महिलाओं ने विशेष कक्षाएं लेने की शुरुआत की थी। बाद में स्कूल प्रशासन ने आत्मनिर्भरता दिखाई। इसके बाद पड़ोस के शक्तिपीठ मंदिर परिसर में जरूरतमंद परिवारों के बच्चों के लिए शाम के बाद विशेष कक्षाओं का कार्यक्रम चलाया गया।सोसाइटी की यह टीम कर्मियों के मेधावी बच्चों को 500 रुपये से 1000 रुपये प्रतिमाह की स्कॉलरशिप भी उपलब्ध कराती है।