{"_id":"6a3ec83091c233b8640ebde4","slug":"water-conservation-drive-intensified-ahead-of-the-monsoon-227-rainwater-harvesting-structures-repaired-gurgaon-news-c-24-1-fbd1020-92645-2026-06-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: बरसात से पहले जल संरक्षण अभियान तेज, 227 रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाएं दुरुस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: बरसात से पहले जल संरक्षण अभियान तेज, 227 रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाएं दुरुस्त
विज्ञापन
वर्षा जल संरक्षण और शोधित जल के उपयोग को बढ़ावा देने में नगर निगम गुरुग्राम की बड़ी पहल
181 संरचनाओं की सफाई, मरम्मत और पुनर्संचालन का कार्य तेज गति से किया जा रहा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जल संरक्षण को लेकर नगर निगम क्षेत्र में 408 रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाओं में 227 को ठीक किया गया है। 181 संरचनाओं की सफाई, मरम्मत और पुनर्संचालन का कार्य तेज गति से किया जा रहा है ताकि आगामी बरसात के दौरान अधिक से अधिक वर्षा जल का संचयन सुनिश्चित किया जा सके। नगर निगम गुरुग्राम शहर में जल संरक्षण, भूजल स्तर को बढ़ाने तथा पर्यावरण संरक्षण को मजबूत करने के उद्देश्य से रेन वाटर हार्वेस्टिंग (आरडब्ल्यूएच), मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, माइक्रो एसटीपी तथा उपचारित जल के अधिकतम उपयोग की दिशा में व्यापक स्तर पर कार्य कर रहा है।
शहर में जल संरक्षण को और सशक्त बनाने के लिए 43 नई पारंपरिक रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाओं के निर्माण का कार्य भी प्रगति पर है, जिनमें 19 का कार्य पूरा हो चुका है और शेष में कार्य तेज गति से चल रहा है। ये आरडब्ल्यूए मलिबू टाउन, जोन-2 तथा पालम विहार सहित विभिन्न क्षेत्रों में विकसित किए जा रहे हैं, जिससे वर्षा जल का अधिकतम संचयन संभव हो सकेगा।
इसके अतिरिक्त नगर निगम द्वारा 198 मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। सभी परियोजनाओं के कार्यादेश जारी किए जा चुके हैं तथा 57 स्थानों पर कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि शेष 81 स्थानों पर निर्माण कार्य तेजी से जारी है। यह आधुनिक प्रणाली वर्षा जल को शीघ्रता से भूजल में रिचार्ज करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
विज्ञापन
नगर निगम गुरुग्राम के आयुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि नगर निगम गुरुग्राम जल संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए वर्षा जल संचयन, मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग और माइक्रो एसटीपी जैसी आधुनिक परियोजनाओं को तेजी से क्रियान्वित कर रहा है। इन प्रयासों से न केवल भूजल स्तर में सुधार होगा, बल्कि उपचारित जल के अधिकतम उपयोग के माध्यम से पेयजल की भी बचत सुनिश्चित होगी। हमारा लक्ष्य गुरुग्राम को जल संरक्षण और सतत शहरी विकास के क्षेत्र में एक आदर्श शहर के रूप में स्थापित करना है। इसके लिए सभी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है तथा समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित किया जा रहा है। नागरिकों की सहभागिता से यह अभियान और अधिक प्रभावी बनेगा।
विज्ञापन
181 संरचनाओं की सफाई, मरम्मत और पुनर्संचालन का कार्य तेज गति से किया जा रहा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जल संरक्षण को लेकर नगर निगम क्षेत्र में 408 रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाओं में 227 को ठीक किया गया है। 181 संरचनाओं की सफाई, मरम्मत और पुनर्संचालन का कार्य तेज गति से किया जा रहा है ताकि आगामी बरसात के दौरान अधिक से अधिक वर्षा जल का संचयन सुनिश्चित किया जा सके। नगर निगम गुरुग्राम शहर में जल संरक्षण, भूजल स्तर को बढ़ाने तथा पर्यावरण संरक्षण को मजबूत करने के उद्देश्य से रेन वाटर हार्वेस्टिंग (आरडब्ल्यूएच), मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, माइक्रो एसटीपी तथा उपचारित जल के अधिकतम उपयोग की दिशा में व्यापक स्तर पर कार्य कर रहा है।
शहर में जल संरक्षण को और सशक्त बनाने के लिए 43 नई पारंपरिक रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाओं के निर्माण का कार्य भी प्रगति पर है, जिनमें 19 का कार्य पूरा हो चुका है और शेष में कार्य तेज गति से चल रहा है। ये आरडब्ल्यूए मलिबू टाउन, जोन-2 तथा पालम विहार सहित विभिन्न क्षेत्रों में विकसित किए जा रहे हैं, जिससे वर्षा जल का अधिकतम संचयन संभव हो सकेगा।
विज्ञापन
इसके अतिरिक्त नगर निगम द्वारा 198 मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। सभी परियोजनाओं के कार्यादेश जारी किए जा चुके हैं तथा 57 स्थानों पर कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि शेष 81 स्थानों पर निर्माण कार्य तेजी से जारी है। यह आधुनिक प्रणाली वर्षा जल को शीघ्रता से भूजल में रिचार्ज करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
विज्ञापन
नगर निगम गुरुग्राम के आयुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि नगर निगम गुरुग्राम जल संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए वर्षा जल संचयन, मॉड्यूलर रेन वाटर हार्वेस्टिंग और माइक्रो एसटीपी जैसी आधुनिक परियोजनाओं को तेजी से क्रियान्वित कर रहा है। इन प्रयासों से न केवल भूजल स्तर में सुधार होगा, बल्कि उपचारित जल के अधिकतम उपयोग के माध्यम से पेयजल की भी बचत सुनिश्चित होगी। हमारा लक्ष्य गुरुग्राम को जल संरक्षण और सतत शहरी विकास के क्षेत्र में एक आदर्श शहर के रूप में स्थापित करना है। इसके लिए सभी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है तथा समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित किया जा रहा है। नागरिकों की सहभागिता से यह अभियान और अधिक प्रभावी बनेगा।