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बिल्डर की मनमानी से खफा सोसाइटी निवासियों ने किया शांतिपूर्वक प्रदर्शन

Sun, 16 Aug 2020 06:57 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 16 Aug 2020 06:57 PM IST
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Performed peacefully, being angry at the arbitrariness of the builder
गुरुग्राम। नए गुरुग्राम की सोसाइटी में रहने वाले लोग बिल्डर की मनमानी से त्रस्त हैं। स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि बिल्डर उन्हें परेशान कर रहे हैं। फ्लैट बेचते वक्त उन्हें धोखे में रखा गया। अब उन्हें मूलभूत सुविधाओं के लिए तरसना पड़ रहा है। सोसाइटी के कॉमन क्षेत्र को बिल्डर अपने फायदे के लिए समाप्त कर रहे है। इसकी शिकायत जिला नगर योजनाकार को दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। विरोध स्वरूप स्थानीय निवासियों ने घर के बाहर बैनर लगाकर थाली बजाई। मैसियो सोसाइटी निवासियों ने गेट पर शांतिपूर्वक प्रदर्शन किया।
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सेक्टर-67 स्थित एम3एम मर्लिन सोसाइटी
सोसाइटी निवासी देवेंद्र सिंह सेठी, जेके त्यागी, पारुल और अंकुर ने बताया कि बिल्डर ने यह 10 टावर की सोसाइटी बनाई थी। तीन साल पहले लोग यहां रहने आ गए। अब बिल्डर सोसाइटी निवासियों की अनुमति के बिना 11वें टावर का निर्माण कर रहा है। बिल्डर उन्हें जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) से स्वीकृति मिलना बता रहा है जबकि उन्होंने आपत्ति पत्र डीटीपी कार्यालय में भेज दिए हैं। नई टावर बनने से मूलभूत सुविधाओं में दिक्कत होगी। स्थानीय निवासियों की आवाज दबाने के लिए बिल्डर ने आरडब्ल्यूए बनाई है जिसमें उसके अपने ही लोग पदाधिकारी हैं। यह आरडब्ल्यूए भी समाप्त हो गई है। नए आरडब्ल्यूए के चुनाव नहीं होने दिए जा रहे हैं। बिल्डर ने रखरखाव का शुल्क अपनी एक दूसरी कंपनी बनाकर करीब 30 करोड़ रुपये का फंड ट्रांसफर कर दिया है।
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सेक्टर-91 स्थित मैसियो सोसाइटी
सोसाइटी निवासी सतीश कैरोन समेत अन्य ने बताया कि 788 फ्लैट की इस सोसाइटी में बिल्डर ने आठ साल की देरी से वर्ष 2019 में फ्लैट पर कब्जा देना शुरू किया। यहां मुख्य रास्ता गांव मेवका का रेवेन्यू रास्ता है जिस पर आए दिन झगड़ा होता रहता है। सोसाइटी में बिजली के अघोषित कट लगते हैं। जनरेटर से बिजली आपूर्ति करने की एवज में करीब 21 रुपये प्रति यूनिट बिल वसूला जाता है। सोसाइटी की पार्किंग को बेचा जा रहा है। ग्रीन बेल्ट को उजाड़ दिया गया है। निर्माण क्वालिटी इतनी घटिया है कि प्लस्तर गिरने समेत अन्य समस्याएं सामने आ रही हैं। खरीददारों को दी जाने वाली 33 सुविधाएं नहीं दी जा रही। पीने के लिए पानी टैंकर से मंगवाना पड़ रहा है।
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