तावड़ू। शहर में एक वैवाहिक कार्यक्रम के बाद निकले कचरे को खुले में जलाए जाने का मामला सामने आने पर स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। लोगों का आरोप है कि कार्यक्रम समाप्त होने के बाद प्लास्टिक, थर्माकोल, कागज और अन्य अपशिष्ट को खुले स्थान पर आग के हवाले कर दिया गया, जिससे आसपास के क्षेत्र में धुएं का गुबार फैल गया और लोगों को सांस लेने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्थानीय निवासी एवं वार्ड 10 से पार्षद विजयपाल सहरावत, हरिओम बंसल, नरेंद्र पुंडीर, ग्रेटी मित्तल आदि का कहना है कि खुले में कचरा जलाने से पर्यावरण प्रदूषित होता है तथा बच्चों,बुजुर्गों और अस्थमा के मरीजों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। लोगों ने बताया कि इस तरह की घटनाएं पहले भी हो चुकी हैं, लेकिन संबंधित विभाग की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। क्षेत्रवासियों ने नगर पालिका प्रशासन एवं प्रदूषण नियंत्रण विभाग से मांग की है कि मामले की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही भविष्य में ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए विवाह स्थलों और आयोजकों को कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण के नियमों का सख्ती से पालन कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। लोगों ने चेतावनी दी कि यदि इस पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे। मामले को लेकर नगर पालिका सचिव मोहित हुड्डा का कहना है कि मामला अभी उनके संज्ञान में आया है। जल्द ही इसकी जांच कर जो भी इसमें दोषी हैं,उन पर विभाग के नियमों के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।