{"_id":"6aabd85dd367c9695802a72c","slug":"official-language-fortnight-launched-in-esic-gurgaon-news-c-24-1-fbd1020-101314-2026-09-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: ईएसआईसी में राजभाषा पखवाड़े का शुभारंभ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: ईएसआईसी में राजभाषा पखवाड़े का शुभारंभ
विज्ञापन
फोटो-
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) के उप क्षेत्रीय कार्यालय में 17 सितंबर को राजभाषा पखवाड़ा 2026 का शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता निदेशक (प्रभारी) हरिओम प्रकाश ने की। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई। इस दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों ने हिंदी के संवर्धन तथा कार्यालयीन कार्यों में इसके अधिकाधिक प्रयोग का संकल्प लिया।
हरिओम प्रकाश ने कहा कि हिंदी प्रशासन और जनसंपर्क को सशक्त बनाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने राजभाषा संबंधी नियमों के अनुरूप अधिक से अधिक कार्य हिंदी में करने का आह्वान किया। सहायक निदेशक (राजभाषा) स्वीटी यादव ने राजभाषा नीति, राजभाषा अधिनियम 1963 और नियम 1976 की जानकारी दी। उन्होंने हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन और वार्षिक लक्ष्यों की प्राप्ति पर जोर दिया।
कार्यक्रम में राजभाषा लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के लिए सुझाव दिए गए। पखवाड़े के दौरान विभिन्न गतिविधियां आयोजित करने पर भी चर्चा हुई। इनका उद्देश्य कर्मचारियों और उनके परिवारों में हिंदी के प्रति रुचि व जागरूकता बढ़ाना है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) के उप क्षेत्रीय कार्यालय में 17 सितंबर को राजभाषा पखवाड़ा 2026 का शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता निदेशक (प्रभारी) हरिओम प्रकाश ने की। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई। इस दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों ने हिंदी के संवर्धन तथा कार्यालयीन कार्यों में इसके अधिकाधिक प्रयोग का संकल्प लिया।
हरिओम प्रकाश ने कहा कि हिंदी प्रशासन और जनसंपर्क को सशक्त बनाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने राजभाषा संबंधी नियमों के अनुरूप अधिक से अधिक कार्य हिंदी में करने का आह्वान किया। सहायक निदेशक (राजभाषा) स्वीटी यादव ने राजभाषा नीति, राजभाषा अधिनियम 1963 और नियम 1976 की जानकारी दी। उन्होंने हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन और वार्षिक लक्ष्यों की प्राप्ति पर जोर दिया।
विज्ञापन
कार्यक्रम में राजभाषा लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के लिए सुझाव दिए गए। पखवाड़े के दौरान विभिन्न गतिविधियां आयोजित करने पर भी चर्चा हुई। इनका उद्देश्य कर्मचारियों और उनके परिवारों में हिंदी के प्रति रुचि व जागरूकता बढ़ाना है।
विज्ञापन