{"_id":"6990c7fa05ded46e1c04ee3a","slug":"houses-hinder-the-construction-of-the-master-drain-in-kherki-daula-gurgaon-news-c-24-1-gur1002-79821-2026-02-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: खेड़कीदौला में मास्टर ड्रेन के निर्माण में बाधा बने मकान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: खेड़कीदौला में मास्टर ड्रेन के निर्माण में बाधा बने मकान
विज्ञापन
जीएमडीए बनवा रहा मास्टर ड्रेन, बाधा बन रहे मकानों को तोड़ा जाएगा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। दिल्ली-जयपुर हाईवे (एनएच-48) स्थित खेड़कीदौला से द्वारका एक्सप्रेससे को जोड़ने वाली सड़क के साथ मास्टर ड्रेन का निर्माण कार्य चल रहा है। खेड़कीदौला गांव के पास नाले के दायरे में मकान आ रहे हैं।
इस बरसाती नाला के बनने से एनएच-48 समेत अन्य क्षेत्रों में जलभराव की समस्या से राहत मिलेगी। जीएमडीए के अनुसार 104.95 करोड़ रुपये की लागत की यह परियोजना गुरुग्राम-मानेसर शहरी क्षेत्र के लिए तैयार किए गए समग्र मास्टर ड्रेनेज योजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ड्रेनेज नेटवर्क का डिजाइन भू-ढाल (नेचूरल ग्राउण्ड स्लोप) के अनुरूप तैयार किया जा रहा है ताकि बरसाती पानी का प्रवाह प्राकृतिक गुरुत्वाकर्षण (ग्रेविटी फ्लो) के माध्यम से सेंट्रल पेरिफेरल रोड (सीपीआर) और नॉर्दर्न पेरिफेरल रोड (एनपीआर) पर स्थित मौजूदा मास्टर ड्रेन में हो सके। यह परियोजना एनएच-48 की सर्विस रोड एवं आसपास के सेक्टरों में जलभराव की पुरानी समस्या का स्थायी समाधान प्रदान करेगी, जहां वर्तमान में वर्षा जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है। खेड़कीदौला गांव के पास नाले का तेजी से कार्य चल रहा है लेकिन बीच में एक-दो मकानों का कुछ भाग नाले के जद में आ रहा है। इससे इस दायरे में काम नहीं हो पा रहा है। जीएमडीए की प्रवक्ता ने बताया कि नाले का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। उन्होंने बताया कि नाले के निर्माण में जो बाधाएं आएगी, उसे दूर कराया जाएगा।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। दिल्ली-जयपुर हाईवे (एनएच-48) स्थित खेड़कीदौला से द्वारका एक्सप्रेससे को जोड़ने वाली सड़क के साथ मास्टर ड्रेन का निर्माण कार्य चल रहा है। खेड़कीदौला गांव के पास नाले के दायरे में मकान आ रहे हैं।
इस बरसाती नाला के बनने से एनएच-48 समेत अन्य क्षेत्रों में जलभराव की समस्या से राहत मिलेगी। जीएमडीए के अनुसार 104.95 करोड़ रुपये की लागत की यह परियोजना गुरुग्राम-मानेसर शहरी क्षेत्र के लिए तैयार किए गए समग्र मास्टर ड्रेनेज योजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ड्रेनेज नेटवर्क का डिजाइन भू-ढाल (नेचूरल ग्राउण्ड स्लोप) के अनुरूप तैयार किया जा रहा है ताकि बरसाती पानी का प्रवाह प्राकृतिक गुरुत्वाकर्षण (ग्रेविटी फ्लो) के माध्यम से सेंट्रल पेरिफेरल रोड (सीपीआर) और नॉर्दर्न पेरिफेरल रोड (एनपीआर) पर स्थित मौजूदा मास्टर ड्रेन में हो सके। यह परियोजना एनएच-48 की सर्विस रोड एवं आसपास के सेक्टरों में जलभराव की पुरानी समस्या का स्थायी समाधान प्रदान करेगी, जहां वर्तमान में वर्षा जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है। खेड़कीदौला गांव के पास नाले का तेजी से कार्य चल रहा है लेकिन बीच में एक-दो मकानों का कुछ भाग नाले के जद में आ रहा है। इससे इस दायरे में काम नहीं हो पा रहा है। जीएमडीए की प्रवक्ता ने बताया कि नाले का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। उन्होंने बताया कि नाले के निर्माण में जो बाधाएं आएगी, उसे दूर कराया जाएगा।
विज्ञापन