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Gurugram News: डीएलएफ क्षेत्र में अवैध निर्माण मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई छह अगस्त को
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बेंच के आदेश के बाद ही आगे कानूनी रूपरेखा तैयार की जाएगी
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। डीएलएफ क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ चल रहे मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई अब छह अगस्त को होगी। मंगलवार को इस मामले में सुनवाई नहीं हो सकी। हाईकोर्ट के फैसले पर सबकी नजर है। बेंच के आदेश के बाद ही आगे कानूनी रूपरेखा तैयार की जाएगी। बेंच ने पिछले आदेश में निर्देश दिया था कि अब तक क्षेत्र में हुई तोड़फोड़ की सारी जानकारी उनके सामने रखनी है।
क्षेत्र में किरायेदारों को पहले ही चेतावनी दी जा चुकी है और कई भवनों की सूची भी तैयार की गई है। विभाग का कहना है कि जिन संपत्तियों पर कोई कानूनी रोक नहीं होगी और जहां अवैध निर्माण पाए जाएंगे, वहां नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
फेज-3 में हाल ही में हुई तोड़फोड़ और सीलिंग कार्रवाई के बाद अब फेज-4 के अलावा अन्य फेज के लोगों में भी चिंता बढ़ गई है। कई मकान मालिकों ने अपने स्तर पर अवैध निर्माण हटाने शुरू कर दिए हैं जबकि कुछ लोग स्टिल्ट एरिया में किए गए निर्माण, अतिरिक्त कमरे और अन्य अवैध हिस्सों को स्वयं हटाकर विभागीय कार्रवाई से होने वाले नुकसान को कम करने का प्रयास कर रहे हैं।
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पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेशों के अनुपालन में जहां भी बिल्डिंग कोड के नियमों के विरुद्ध निर्माण किया गया है, उसको हटाया जाना है। विभागीय रिकॉर्ड के अनुसार, डीएलएफ के पांचों फेज में लगभग 3500 से अधिक ऐसी संपत्तियां हैं जिन पर से हाईकोर्ट की ओर से लगाई गई रोक हट चुकी है। विभाग की तरफ से कुल 5099 मकानों को नोटिस दिया गया है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। डीएलएफ क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ चल रहे मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई अब छह अगस्त को होगी। मंगलवार को इस मामले में सुनवाई नहीं हो सकी। हाईकोर्ट के फैसले पर सबकी नजर है। बेंच के आदेश के बाद ही आगे कानूनी रूपरेखा तैयार की जाएगी। बेंच ने पिछले आदेश में निर्देश दिया था कि अब तक क्षेत्र में हुई तोड़फोड़ की सारी जानकारी उनके सामने रखनी है।
क्षेत्र में किरायेदारों को पहले ही चेतावनी दी जा चुकी है और कई भवनों की सूची भी तैयार की गई है। विभाग का कहना है कि जिन संपत्तियों पर कोई कानूनी रोक नहीं होगी और जहां अवैध निर्माण पाए जाएंगे, वहां नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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फेज-3 में हाल ही में हुई तोड़फोड़ और सीलिंग कार्रवाई के बाद अब फेज-4 के अलावा अन्य फेज के लोगों में भी चिंता बढ़ गई है। कई मकान मालिकों ने अपने स्तर पर अवैध निर्माण हटाने शुरू कर दिए हैं जबकि कुछ लोग स्टिल्ट एरिया में किए गए निर्माण, अतिरिक्त कमरे और अन्य अवैध हिस्सों को स्वयं हटाकर विभागीय कार्रवाई से होने वाले नुकसान को कम करने का प्रयास कर रहे हैं।
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पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेशों के अनुपालन में जहां भी बिल्डिंग कोड के नियमों के विरुद्ध निर्माण किया गया है, उसको हटाया जाना है। विभागीय रिकॉर्ड के अनुसार, डीएलएफ के पांचों फेज में लगभग 3500 से अधिक ऐसी संपत्तियां हैं जिन पर से हाईकोर्ट की ओर से लगाई गई रोक हट चुकी है। विभाग की तरफ से कुल 5099 मकानों को नोटिस दिया गया है।