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Gurugram News: सीलिंग अभियान के बाद मकान मालिकों के आवेदन की भरमार
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अभियान का आज आखिरी दिन, अब तक 100 से ज्यादा भवन सील
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) का प्रवर्तन विभाग एक महीने से आवासीय क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियां पाए जाने पर सीलिंग की कार्रवाई कर रहा है। इसका असर यह हुआ है कि कुछ सीमित नॉन न्यूसेंस वाली गतिविधियों के लिए एक महीने में ही 100 से ज्यादा आवेदन आ गए हैं। विभाग इन सभी आवेदनों की स्क्रूटनी करने में जुट गया है।
डीटीपी के प्रवर्तन विभाग को शासन के आदेश पर 31 अगस्त तक आवासीय क्षेत्रों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों पर सीलिंग की कार्रवाई करनी है। बृहस्पतिवार को अभियान का आखिरी दिन है। अब तक विभाग डीएलएफ फेज-1, फेज-2, फेज-3, फेज-4, सुशांत लोक फेज-1, फेज-2, फेज-3, सन सिटी आदि में अब तक 800 से अधिक व्यावसायिक गतिविधियों को नोटिस दे चुका है। इसके साथ ही सीलिंग की कार्रवाई की है। जिन गतिविधियों के लिए सीलिंग की गई है उनमें स्पा, जिम, शोरूम, ग्रॉसरी शॉप, दूध की डेयरी, सैलून, ब्यूटी पार्लर, मेडिकल स्टोर आदि शामिल हैं।
अभियान का असर यह हुआ कि स्वीकृत गतिविधियों के लिए लोग अब आवेदन कर रहे हैं। डीटीपी प्रवर्तन मनीष यादव ने बताया कि टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की नियमावली के तहत नॉन न्यूसेंस गतिविधियों को संचालित करने के लिए रिहायशी मकान के ग्राउंड फ्लोर के कुल कवरेज एरिया के 25 प्रतिशत तक की स्वीकृति ली जा सकती है। इसके लिए विभाग करीब 60 हजार रुपये वसूलता है और पांच साल के लिए अनुमति देता है। इन गतिविधियों में प्राॅपर्टी डीलिंग, क्लीनिक और कांट्रेक्टर कंसल्टेशन आदि गतिविधियां शामिल हैं।
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अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) का प्रवर्तन विभाग एक महीने से आवासीय क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियां पाए जाने पर सीलिंग की कार्रवाई कर रहा है। इसका असर यह हुआ है कि कुछ सीमित नॉन न्यूसेंस वाली गतिविधियों के लिए एक महीने में ही 100 से ज्यादा आवेदन आ गए हैं। विभाग इन सभी आवेदनों की स्क्रूटनी करने में जुट गया है।
डीटीपी के प्रवर्तन विभाग को शासन के आदेश पर 31 अगस्त तक आवासीय क्षेत्रों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों पर सीलिंग की कार्रवाई करनी है। बृहस्पतिवार को अभियान का आखिरी दिन है। अब तक विभाग डीएलएफ फेज-1, फेज-2, फेज-3, फेज-4, सुशांत लोक फेज-1, फेज-2, फेज-3, सन सिटी आदि में अब तक 800 से अधिक व्यावसायिक गतिविधियों को नोटिस दे चुका है। इसके साथ ही सीलिंग की कार्रवाई की है। जिन गतिविधियों के लिए सीलिंग की गई है उनमें स्पा, जिम, शोरूम, ग्रॉसरी शॉप, दूध की डेयरी, सैलून, ब्यूटी पार्लर, मेडिकल स्टोर आदि शामिल हैं।
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अभियान का असर यह हुआ कि स्वीकृत गतिविधियों के लिए लोग अब आवेदन कर रहे हैं। डीटीपी प्रवर्तन मनीष यादव ने बताया कि टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की नियमावली के तहत नॉन न्यूसेंस गतिविधियों को संचालित करने के लिए रिहायशी मकान के ग्राउंड फ्लोर के कुल कवरेज एरिया के 25 प्रतिशत तक की स्वीकृति ली जा सकती है। इसके लिए विभाग करीब 60 हजार रुपये वसूलता है और पांच साल के लिए अनुमति देता है। इन गतिविधियों में प्राॅपर्टी डीलिंग, क्लीनिक और कांट्रेक्टर कंसल्टेशन आदि गतिविधियां शामिल हैं।
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