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नए बस स्टैंड की बाट जोह रहे साइबर सिटी के लोग
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गुरुग्राम। साइबर सिटी के लोग पिछले दस वर्षों से नए रोडवेज बस स्टैंड की बाट जोह रहे हैं, लेकिन दस वर्ष में विभाग बस स्टैंड कहां बनाना है इसको लेकर निर्णय नहीं ले पाया है। नए बस स्टैंड के इंतजार में पुराने बस स्टैंड की इमारत जर्जर होती जा रही है। बारिश के कारण बस स्टैंड की इस इमारत में सीलन आनी शुरू हो गई है। वर्षों से बस स्टैंड को तरस रहे गुरुग्राम में नया बस स्टैंड बनना तो दूर विभाग से पुराना बस स्टैंड तोड़ भी नहीं पा रहा है। हाल ये हैं कि गुरुग्राम में बस स्टैंड बनने के लिए पिछले चार वर्षों से जगह ही चयनित नहीं हो पाई है। खंडहर में तबदील हो चुके पुराने बस स्टैंड से रोजाना करीब 30 हजार यात्री सफर कर रहे हैं, लेकिन विभाग को बड़े हादसे का इंतजार है। जर्जर भवन की कई बार प्लास्टर गिरने के बाद भी इसे खाली नहीं करवाया जा रहा है।
चार साल पहले 2015 में लोक निर्माण विभाग ने रोडवेज के बस स्टैंड की इमारत को जर्जर घोषित कर दिया था, लेकिन विभाग ने अब तक न तो खाली किया है और न ही तोड़ा दिया है। रोडवेज के इस जर्जर भवन से बड़े जान-माल का नुकसान हो सकता है। भवन से कई बार छत से प्लास्टर गिरने जैसी घटना हो चुकी है। लेकिन विभाग को इसके बावजूद यहां कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा है।
प्रदेश में सबसे पहले बना था बस स्टैंड....
गुरुग्राम रोडवेज बस डिपो करीब 62 साल पुराना है। रोडवेज सूत्रों के अनुसार प्रदेश में सबसे पहले गुरुग्राम में बस स्टैंड बनाया गया था, लेकिन इसके जर्जर होने के बाद से विभाग व सरकार ने नया बस स्टैंड बनाने के कई प्रयास तो किए, लेकिन आज तक कामयाब एक भी नहीं हो पाया है। जर्जर भवन तोड़ने के लिए रोडवेज अधिकारियों ने 2017 में मुख्यालय को बजट बनाने के लिए पत्र भेजा था। लेकिन मुख्यालय से अब तक इसे तोड़ने के लिए कोई कार्रवाई नहीं हुई है। हाल यह है कि यहां एक पुलिस विभाग की चौकी और होटल चल रहे हैं।
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करीब 10 वर्षों से फाइलों में घूम रही है योजना...
रोडवेज सूत्रों के अनुसार शहर में सिटी बस सर्विस और इंटर स्टेट बस टर्मिनल बनाने के लिए 2009 में योजना बनाई गई थी। सिटी बस सर्विस के लिए अलग से बस स्टैंड बनाने के लिए सेक्टर-29 में तीन एकड़ जमीन खरीदी गई थी। 2012 में हुडा ने परिवहन विभाग को यह जमीन अलॉट भी कर दी थी। इसी तरह आईजीआई एयरपोर्ट से जैसी सुविधाओं से लैस बस स्टैंड बनाने के लिए राजीव चौक के पास पांच एकड़ जमीन सरकार से मिली थी। दोनों जमीन में सिर्फ चार दीवारी और गेट लगाने का ही काम हुआ है। 2016 में सीएम मनोहर लाल ने नया बस स्टैंड बनाने के लिए जगह चयनित करने के आदेश दिए थे। लेकिन अब तक गुरुग्राम को नया बस स्टैंड बनने की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है।
बस स्टैंड के निर्माण को लेकर मुख्यालय स्तर पर निर्णय होना है, इसको लेकर ज्यादा जानकारी नहीं है। - अनू श्योकंद, महाप्रबंधक रोडवेज डिपो गुरुग्राम
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चार साल पहले 2015 में लोक निर्माण विभाग ने रोडवेज के बस स्टैंड की इमारत को जर्जर घोषित कर दिया था, लेकिन विभाग ने अब तक न तो खाली किया है और न ही तोड़ा दिया है। रोडवेज के इस जर्जर भवन से बड़े जान-माल का नुकसान हो सकता है। भवन से कई बार छत से प्लास्टर गिरने जैसी घटना हो चुकी है। लेकिन विभाग को इसके बावजूद यहां कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा है।
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प्रदेश में सबसे पहले बना था बस स्टैंड....
गुरुग्राम रोडवेज बस डिपो करीब 62 साल पुराना है। रोडवेज सूत्रों के अनुसार प्रदेश में सबसे पहले गुरुग्राम में बस स्टैंड बनाया गया था, लेकिन इसके जर्जर होने के बाद से विभाग व सरकार ने नया बस स्टैंड बनाने के कई प्रयास तो किए, लेकिन आज तक कामयाब एक भी नहीं हो पाया है। जर्जर भवन तोड़ने के लिए रोडवेज अधिकारियों ने 2017 में मुख्यालय को बजट बनाने के लिए पत्र भेजा था। लेकिन मुख्यालय से अब तक इसे तोड़ने के लिए कोई कार्रवाई नहीं हुई है। हाल यह है कि यहां एक पुलिस विभाग की चौकी और होटल चल रहे हैं।
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करीब 10 वर्षों से फाइलों में घूम रही है योजना...
रोडवेज सूत्रों के अनुसार शहर में सिटी बस सर्विस और इंटर स्टेट बस टर्मिनल बनाने के लिए 2009 में योजना बनाई गई थी। सिटी बस सर्विस के लिए अलग से बस स्टैंड बनाने के लिए सेक्टर-29 में तीन एकड़ जमीन खरीदी गई थी। 2012 में हुडा ने परिवहन विभाग को यह जमीन अलॉट भी कर दी थी। इसी तरह आईजीआई एयरपोर्ट से जैसी सुविधाओं से लैस बस स्टैंड बनाने के लिए राजीव चौक के पास पांच एकड़ जमीन सरकार से मिली थी। दोनों जमीन में सिर्फ चार दीवारी और गेट लगाने का ही काम हुआ है। 2016 में सीएम मनोहर लाल ने नया बस स्टैंड बनाने के लिए जगह चयनित करने के आदेश दिए थे। लेकिन अब तक गुरुग्राम को नया बस स्टैंड बनने की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है।
बस स्टैंड के निर्माण को लेकर मुख्यालय स्तर पर निर्णय होना है, इसको लेकर ज्यादा जानकारी नहीं है। - अनू श्योकंद, महाप्रबंधक रोडवेज डिपो गुरुग्राम