गुड़िया सामूहिक दुष्कर्म केस: कोर्ट ने दोनों दोषियों को 20-20 साल कैद की सजा सुनाई
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सात साल पहले पांच वर्षीय बच्ची (गुड़िया) से सामूहिक दुष्कर्म और अपहरण मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने दोनों दोषियों को 20 साल कैद की सजा सुनाई है। साथ ही कोर्ट ने पीड़ित बच्ची को बतौर मुआवजा 11 लाख रुपये भी देने का आदेश दिया है। निर्भया मामले के महज चार महीने बाद राजधानी को झकझोर देने वाली इस वारदात के मामले की कार्यवाही करीब सात साल चली।
A Delhi court awards 20 years imprisonment to two men in the 2013 kidnapping and rape case of a five-year-old girl. Convicts Manoj Shah and Pradeep were facing the trial for allegedly raping a minor girl at a rented accommodation in East Delhi's Gandhi Nagar area in April 2013.
— ANI (@ANI) January 30, 2020विज्ञापन
The court also directs them to pay Rs 11 Lakhs as compensation to the victim. https://t.co/1vD7f7Gnkk
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) January 30, 2020
कड़कड़डूमा कोर्ट ने मनोज शाह और प्रदीप कुमार को 20 साल कैद की सजा सुनाई। हालांकि, पीड़ित पक्ष ने यह कहते हुए फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती देने की बात कही है कि दोषियों को न्यूनतम सजा दी गई है। इस मामले में करीब सात साल बाद फैसला आया है।
गौरतलब है कि कोर्ट ने 18 जनवरी को आरोपी मनोज शाह व प्रदीप कुमार को अपहरण, सामूहिक दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट सहित कई संगीन धाराओं में दोषी ठहराया था। जिसके बाद माना जा रहा था कि इन दोनों को उम्र कैद की सजा होगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ, जिससे पीड़िता के परिजन भी नाराज हैं।
पूर्वी दिल्ली के गांधी नगर इलाके में 13 अप्रैल, 2013 को दोषियों ने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया था। इस घटना के बाद बच्ची को मरा समझकर एक कमरे में छोड़ दोनों आरोपी फरार हो गए थे। पुलिस ने दोनों को एक सप्ताह में ही मुजफ्फरपुर और दरभंगा से गिरफ्तार कर लिया था।