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Ghaziabad News: कानूनी मदद के नाम पर अधिवक्ता बन यूट्यूबर ने ठगे 70 हजार
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इंदिरापुरम। शक्तिखंड प्रथम निवासी महेश पाल शर्मा उर्फ महेश कौशिक को कानूनी मदद दिलाने के बहाने अधिवक्ता बनकर एक यूट्यूबर ने 70 हजार रुपये ठग लिए। पीड़ित ने यूट्यूब पर वीडियो देखकर आरोपी से संपर्क किया था। आरोपी ने उन्हें न्यायालय में होने वाली सभी कार्रवाई ऑनलाइन कराने का भरोसा दिलाया। रुपये ट्रांसफर होने के बाद अधिवक्ता बन यूट्यूबर ने अपने मोबाइल नंबर भी बंद कर लिए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
महेश पाल शर्मा ने बताया कि वह मदर डेयरी से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। उन्हें न्यायालय में वाद दायर करने और न्यायिक पैरवी के लिए अधिवक्ता की जरूरत थी। इसी दौरान उन्होंने मोबाइल पर लीगल-ईगल इंडिया नाम से यूट्यूब चैनल देखा। वीडियो बनाने वाले राहुल मीणा जैफ ने खुद को अधिवक्ता बताकर कानूनी सलाह देने का विज्ञापन किया। चैनल पर एक व्हाट्सएप नंबर भी साझा किया। पहली बार बातचीत के लिए उन्होंने 500 रुपये शुल्क का भुगतान किया। इस पर यूट्यूबर ने उनसे आधा घंटा बात की और पूरा मामला जाना।
इसके बाद उनके सामने 35 हजार, 55 हजार, 75 हजार और सवा लाख रुपये के पैकेज का विकल्प रखा। सवा लाख रुपये के पैकेज लेने पर कोर्ट में अर्जी लगाने से लेकर पेशी कराने तक के सभी काम ऑनलाइन कराने का वादा किया। महेश शर्मा ने बताया कि उन्होंने सवा लाख रुपये का पैकेज चुना और मांग के मुताबिक 70 हजार रुपये 19 जनवरी को यूट्यूबर के बताए खाते में भेज दिए दिए। इसके बाद से आरोपी ने फोन बंद कर लिए, न तो रुपये वापस किए और न ही कोई कानूनी मदद दी। डीसीपी ट्रांस हिंडन निमिष पाटिल ने बताया कि साइबर विशेषज्ञों की टीम जांच कर रही है। यूट्यूब चैनल को भी आईपी एड्रेस से ट्रेस किया जा रहा है।
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महेश पाल शर्मा ने बताया कि वह मदर डेयरी से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। उन्हें न्यायालय में वाद दायर करने और न्यायिक पैरवी के लिए अधिवक्ता की जरूरत थी। इसी दौरान उन्होंने मोबाइल पर लीगल-ईगल इंडिया नाम से यूट्यूब चैनल देखा। वीडियो बनाने वाले राहुल मीणा जैफ ने खुद को अधिवक्ता बताकर कानूनी सलाह देने का विज्ञापन किया। चैनल पर एक व्हाट्सएप नंबर भी साझा किया। पहली बार बातचीत के लिए उन्होंने 500 रुपये शुल्क का भुगतान किया। इस पर यूट्यूबर ने उनसे आधा घंटा बात की और पूरा मामला जाना।
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इसके बाद उनके सामने 35 हजार, 55 हजार, 75 हजार और सवा लाख रुपये के पैकेज का विकल्प रखा। सवा लाख रुपये के पैकेज लेने पर कोर्ट में अर्जी लगाने से लेकर पेशी कराने तक के सभी काम ऑनलाइन कराने का वादा किया। महेश शर्मा ने बताया कि उन्होंने सवा लाख रुपये का पैकेज चुना और मांग के मुताबिक 70 हजार रुपये 19 जनवरी को यूट्यूबर के बताए खाते में भेज दिए दिए। इसके बाद से आरोपी ने फोन बंद कर लिए, न तो रुपये वापस किए और न ही कोई कानूनी मदद दी। डीसीपी ट्रांस हिंडन निमिष पाटिल ने बताया कि साइबर विशेषज्ञों की टीम जांच कर रही है। यूट्यूब चैनल को भी आईपी एड्रेस से ट्रेस किया जा रहा है।
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