फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   UPSIDA issues notices to homeowners in Rajiv Colony.

Ghaziabad News: राजीव कॉलोनी में यूपीसीडा ने गृह स्वामियों को जारी किया नोटिस

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 11 Sep 2026 02:12 AM IST
विज्ञापन
UPSIDA issues notices to homeowners in Rajiv Colony.
साहिबाबाद। यूपीसीडा ने लोनी रोड साइट-2 स्थित राजीव कॉलोनी में रहने वाले लोगों को सार्वजनिक नोटिस जारी कर 15 दिन में जमीन खाली करने के आदेश दिए हैं। यूपीसीडा ने जमीन को सेंट्रल पार्क की बताते हुए कॉलोनी को अवैध करार दिया है और स्वयं जमीन खाली करने को कहा है। घरों पर चस्पा नोटिस में यह भी लिखा गया है कि यदि लोग स्वयं जमीन खाली नहीं करते हैं तो 15 दिन बाद विभाग ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करेगा और उसका खर्च लोगों से वसूलेगा।
विज्ञापन

यूपीसीडा के इस नोटिस से स्थानीय लोगों में भय का माहौल हो गया है। क्षेत्रीय पार्षद सुधीर कुमार ने लोगों को विश्वास दिलाया कि विभाग इस तरह की कोई कार्रवाई नहीं कर सकता। पार्षद का आरोप है कि यह किसी राजनीतिक दल की शह पर लोगों को डराने का काम किया जा रहा है। यूपीसीडा की ओर से जारी नोटिस में न तो कोई तारीख अंकित है और न ही किसी अधिकारी की मुहर लगी हुई है।
विज्ञापन

पार्षद ने बताया कि विभागीय टीम नोटिस चस्पा करने पहुंची थी, जिसे रुकवा दिया गया। उन्होंने बताया कि लोगों के साथ मिलकर वह शुक्रवार को कैबिनेट मंत्री से भी मिलेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


यूपीसीडा के क्षेत्रीय अधिकारी सोनू कुमार पांडेय ने बताया कि पहले यह क्षेत्र नगर निगम में था। अप्रैल 2025 में यह यूपीसीडा को हस्तांतरित हुआ है। पिछले दिनों आईजीआरएस पोर्टल पर एक शिकायत आई थी, जिसकी जांच के बाद राजीव कॉलोनी सेंट्रल पार्क की जमीन पर अवैध तौर पर इमारत बनी हुई पाई गई। ऐसे में पार्क की भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराना आवश्यक हो गया था।

नोटिस में सभी संबंधित व्यक्तियों को स्पष्ट रूप से सूचित किया गया है। उन्हें 15 दिन के अंदर यूपीसीडा की इस जमीन को पूरी तरह खाली करने को कहा गया है।
पार्षद बोले 70 वर्ष पुरानी है कॉलोनी
स्थानीय पार्षद सुधीर कुमार ने कहा कि यह कॉलोनी 60 से 70 वर्ष पुरानी है। काॅलोनी में करीब 20 से 22 हजार लोग रह रहे हैं। पहले तो यहां प्लॉटिंग की गई, तब तक अधिकारी कहां सोते रहे, इतने वर्षों बाद अब काॅलोनी को अवैध बताया जा रहा है। पार्षद ने कहा कि वह लोगों का अहित नहीं होने देंगे, इस संबंध में कैबिनेट मंत्री से भी बात हो चुकी है, किसी का भी मकान नहीं टूटने दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed