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हज हाउस के कोविड अस्पताल बनने में अभी काफी पेच

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Wed, 15 Jul 2020 04:57 PM IST
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There is still a lot of difficulty in making covid Hospital of Haj House
रश्मि ओझा गाजियाबाद। हज हाउस को कोविड अस्पताल बनाने की तैयारी जोर शोर से चल रही है लेकिन उसको अस्पताल बनाने में अभी काफी पेच फंस रहा है। हज हाउस को अस्पताल के लिए अधिग्रहित करने में एसटीपी सहित नल आदि के अधूरे काम के साथ-साथ हज हाउस किसके अधीन है अभी इसका पता नहीं चल रहा है। सीएंडडी कंपनी का कहना है कि उन्होंने जनवरी माह में ही हज हाउस की चाबी हज समिति को दे दी थी वहीं जिला अल्पसंख्क विभाग का कहना है कि अभी हज हाउस विभाग को हैंडओवर ही नहीं किया गया है। इतना ही नहीं कंस्ट्रक्शन एंड डिजाइन सर्विसेज ने यह भी अपनी आख्या में लिखा है कि चार साल हो गए लेकिन अभी तक सात करोड़ की धनराशि कंपनी को शासन की तरफ से नहीं मिली है। हज हाउस को शुरू करने को लेकर पिछले कई वर्षों से कवायद चल रही है लेकिन अभी तक इसे शुरू नहीं किया जा सका है। एसटीपी की क्षमता बढ़ाने को लेकर बजट के अडंगे के बाद वर्ष 2018 में हज कमेटी और मुंबई से बजट मिलने के बाद इसका काम भी पूरा किया गया था और 2019 जुलाई से हज यात्रा शुरू करने के दावे भी किए गए थे। इतना ही नहीं कार्यदायी संस्था के सदस्यों सहित हज हाउस और अल्पसंख्यक विभाग के साथ हज कमेटी आफ इंडिया के सदस्य ने बैठक करके बकाये बिजली के बिल के समाधान से लेकर बजट के समाधान की घोषणा की थी और कहा था कि अब हज हाउस को शुरू करने में कोई रुकावट नहीं है। लेकिन इसके बाद भी अब जब जब इसे कोविड अस्पतला बनाने की बात सामने आते ही फिर से कायर्दायी संस्था ने अपनी आख्या में यह बताया है कि अभी एसटीपी शुरू नहीं हुआ है, इसके साथ-साथ ही अभी नलों की टूट-फूट और मरम्मत का काम भी नहीं हुआ है। इतना ही नहीं कंस्ट्रक्शन एंड डिजाइन सर्विसेज ने अपनी आख्या में लिखा है कि वर्ष 2019 जनवरी को ही इस कंपनी ने हज हाउस की चाबी हज कमेटी को सौंप दी है लेकिन अल्पसंख्यक विभाग का कहना है कि हज हाउस अभी भी उनको हैंडओवर नहीं हुई है। --------+++ इनसेटः हाउस का लोकार्पण 2016 में हुआ था। 40 करोड़ की लागत से बने इस हज हाउस का लोकार्पण होने के बाद हज यात्रियों का एक जत्था रवाना भी हो चुका है। एनबीटी की रोक के बाद मुंबई हज कमेटी से बजट मिलने की घोषणा की बाद भी दो साल होने को आए हज हाउस का कंप्लीशन सर्टिफिकेट नहीं मिला है ना ही अभी तक विभाग को हैंडओवर हुआ है। क़ोट्स हज हाउस में अभी कुछ मरमत के कार्य बाकी हैं। एसटीपी प्लांट भी अभी सुचारू नहीं हैं। हालांकि अभी तक हज हाउस विभाग को हैंडओवर नहीं हुआ है। कार्यदायी संस्था से रिपोर्ट मांगी गई है। डॉ. अमृता सिंह, उप निदेशक और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी
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