{"_id":"66f9bffc5a3eb6804e034675","slug":"now-attempt-to-convert-in-dundahera-area-pastors-associate-caught-ghaziabad-news-c-30-noi1096-478092-2024-09-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ghaziabad News: अब डूंडाहेड़ा क्षेत्र में धर्मांतरण का प्रयास, पादरी का सहयोगी पकड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ghaziabad News: अब डूंडाहेड़ा क्षेत्र में धर्मांतरण का प्रयास, पादरी का सहयोगी पकड़ा
विज्ञापन
धर्मांतरण के मामले में गिरफ्तार आरोपी।
- फोटो : संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजियाबाद। वेव सिटी, नंदग्राम और मोदीनगर के बाद अब क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र के डूंडाहेड़ा में धर्मांतरण के प्रयास का मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में धर्मांतरण कराने वाले पादरी के सहयोगी पंकज को गिरफ्तार किया है। पंकज छह माह पहले अपने भाई का धर्मांतरण करा चुका है। वह पादरी के कहने पर शांतिनगर में लोगों को बाइबिल का पाठ सुनने के बहाने बुलाता था। पादरी के कहने पर वह धर्मांतरण के लिए प्रलोभन भी देता था। पुलिस पादरी की तलाश में दबिश दे रही है।
रविवार को पुलिस को सूचना मिली कि डूंडाहेड़ा के एक खाली प्लॉट में धर्मांतरण का प्रयास किया जा रहा है। एसीपी लिपि नगायच ने बताया कि पुलिस ने मौके पर जाकर देखा तो वहां शांतिनगर निवासी पंकज लोगों को बाइबिल का पाठ सुना रहा था। पुलिस ने उसको हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि दिल्ली से आने वाला राजू नाम का पादरी पंकज के संपर्क में था। उसी के कहने पर वह पूरा काम कर रहा था। पंकज ने छह माह पहले अपने भाई सचिन का भी धर्मांतरण कराया था। पुलिस पंकज के बैंक खातों की जांच कर रही है। पादरी की गिरफ्तारी होने के बाद और भी कई तथ्य सामने आएंगे। पंकज ने कई लोगों के नाम भी बताए हैं।
आर्किटेक्ट से रकम ऐंठने वाले तीन गिरफ्तार
वेव सिटी में आर्किटेक्ट श्रीष ओझा के बैंक खाते से रकम निकालने वाले तीन शातिरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मामले में धर्मांतरण का प्रयास करने वाले मुख्य आरोपी मौलवी अब्दुल रहमान को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। एसीपी लिपि नगायच ने बताया कि अब्दुल रहमान ने श्रीष ओझा की बीमार पत्नी का झाड़ फूंक और देशी दवाओं से इलाज करने का झांसा देकर उनसे लाखों रुपये ले लिए थे। इसके बाद वह उनका उनकी पत्नी से तलाक कराकर उनका धर्मांतरण कराने का प्रयास कर रहा था। इसी कड़ी में पता चला कि श्रीष ओझा की फर्म के खाते से भी पैसा भी धोखाधड़ी करके निकाला गया है। उनकी कार को बेचकर भी रकम हड़पी गई है। मामले में पुलिस ने अनुज त्यागी निवासी निवाड़ी, कमल खन्ना निवासी बेगमपुर, नई दिल्ली व किशन निवासी गऊपुरी, विजयनगर को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों की आपस में अच्छी जान पहचान थी। जब उनको पता चला कि श्रीष ओझा परेशान हैं तो उन्होंने मौलवी से संपर्क कर श्रीष ओझा से रकम ऐंठकर आपस में बांट लिए थे। आरोपी उनके मकान को भी बिकवाने की योजना बना चुके थे।
विज्ञापन
विदेशी फंडिंग का संदेह, कानपुर में एसआईटी ने डेरा डाला
मोदीनगर और नंदग्राम क्षेत्र में हुए धर्मांतरण के मामले में जांच के लिए पुलिस की एक टीम ने कानपुर में डेरा डाल दिया है। पुलिस के मुताबिक, कानपुर में पीपल क्राइस्ट इंडिपेंडेंटस चर्चिंस डाईओस इंटरनेशनल चर्च है, जहां से गैराल्ड को दिशा निर्देश जारी होते थे। वहीं की चर्च ने 2017 में गैराल्ड को पादरी बनाया था। पुलिस को इसके प्रमाण भी हाथ लगे हैं। उन 51 लोगों की भी पुलिस ने पहचान कर ली है, जो खुद धर्मांतरण करने के बाद औरों को भी इसके लिए प्रोत्साहित कर रहे थे। पुलिस को संदेह है कि इस मामले में विदेश से भी फंडिंग हो रही है। पुलिस गैराल्ड समेत गिरफ्तार किए गए नौ लोगों के बैंक खातों की जानकारी भी जुटा रही है।
विज्ञापन
गाजियाबाद। वेव सिटी, नंदग्राम और मोदीनगर के बाद अब क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र के डूंडाहेड़ा में धर्मांतरण के प्रयास का मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में धर्मांतरण कराने वाले पादरी के सहयोगी पंकज को गिरफ्तार किया है। पंकज छह माह पहले अपने भाई का धर्मांतरण करा चुका है। वह पादरी के कहने पर शांतिनगर में लोगों को बाइबिल का पाठ सुनने के बहाने बुलाता था। पादरी के कहने पर वह धर्मांतरण के लिए प्रलोभन भी देता था। पुलिस पादरी की तलाश में दबिश दे रही है।
रविवार को पुलिस को सूचना मिली कि डूंडाहेड़ा के एक खाली प्लॉट में धर्मांतरण का प्रयास किया जा रहा है। एसीपी लिपि नगायच ने बताया कि पुलिस ने मौके पर जाकर देखा तो वहां शांतिनगर निवासी पंकज लोगों को बाइबिल का पाठ सुना रहा था। पुलिस ने उसको हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि दिल्ली से आने वाला राजू नाम का पादरी पंकज के संपर्क में था। उसी के कहने पर वह पूरा काम कर रहा था। पंकज ने छह माह पहले अपने भाई सचिन का भी धर्मांतरण कराया था। पुलिस पंकज के बैंक खातों की जांच कर रही है। पादरी की गिरफ्तारी होने के बाद और भी कई तथ्य सामने आएंगे। पंकज ने कई लोगों के नाम भी बताए हैं।
विज्ञापन
आर्किटेक्ट से रकम ऐंठने वाले तीन गिरफ्तार
वेव सिटी में आर्किटेक्ट श्रीष ओझा के बैंक खाते से रकम निकालने वाले तीन शातिरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मामले में धर्मांतरण का प्रयास करने वाले मुख्य आरोपी मौलवी अब्दुल रहमान को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। एसीपी लिपि नगायच ने बताया कि अब्दुल रहमान ने श्रीष ओझा की बीमार पत्नी का झाड़ फूंक और देशी दवाओं से इलाज करने का झांसा देकर उनसे लाखों रुपये ले लिए थे। इसके बाद वह उनका उनकी पत्नी से तलाक कराकर उनका धर्मांतरण कराने का प्रयास कर रहा था। इसी कड़ी में पता चला कि श्रीष ओझा की फर्म के खाते से भी पैसा भी धोखाधड़ी करके निकाला गया है। उनकी कार को बेचकर भी रकम हड़पी गई है। मामले में पुलिस ने अनुज त्यागी निवासी निवाड़ी, कमल खन्ना निवासी बेगमपुर, नई दिल्ली व किशन निवासी गऊपुरी, विजयनगर को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों की आपस में अच्छी जान पहचान थी। जब उनको पता चला कि श्रीष ओझा परेशान हैं तो उन्होंने मौलवी से संपर्क कर श्रीष ओझा से रकम ऐंठकर आपस में बांट लिए थे। आरोपी उनके मकान को भी बिकवाने की योजना बना चुके थे।
विज्ञापन
विदेशी फंडिंग का संदेह, कानपुर में एसआईटी ने डेरा डाला
मोदीनगर और नंदग्राम क्षेत्र में हुए धर्मांतरण के मामले में जांच के लिए पुलिस की एक टीम ने कानपुर में डेरा डाल दिया है। पुलिस के मुताबिक, कानपुर में पीपल क्राइस्ट इंडिपेंडेंटस चर्चिंस डाईओस इंटरनेशनल चर्च है, जहां से गैराल्ड को दिशा निर्देश जारी होते थे। वहीं की चर्च ने 2017 में गैराल्ड को पादरी बनाया था। पुलिस को इसके प्रमाण भी हाथ लगे हैं। उन 51 लोगों की भी पुलिस ने पहचान कर ली है, जो खुद धर्मांतरण करने के बाद औरों को भी इसके लिए प्रोत्साहित कर रहे थे। पुलिस को संदेह है कि इस मामले में विदेश से भी फंडिंग हो रही है। पुलिस गैराल्ड समेत गिरफ्तार किए गए नौ लोगों के बैंक खातों की जानकारी भी जुटा रही है।