सास-बहू और हत्याकांड: छह साल बाद मिली रूबी को करनी की सजा, मां को इंसाफ देने के लिए पत्नी से लड़ा बेटा
कोर्ट ने बहू को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दोषी महिला पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया।
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खुर्जा अपर सत्र न्यायाधीश दिलीप कुमार सचान ने छह साल पहले सास की हत्या करने वाली बहू को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दोषी महिला पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया, जिसमें से दस हजार रुपये पीड़ित पवन कुमार को प्रतिकर स्वरूप दिए जाएंगे।
न्यू शिवपुरी कॉलोनी निवासी पवन कुमार ने सात जुलाई 2019 को थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया था। उनका कहना था कि पांच जुलाई को वह किसी काम से हाथरस गए थे। घर पर उनकी मां सत्यवती देवी, पत्नी रूबी और सात माह की बेटी मौजूद थी। उसी दिन उनकी माता सत्यवती पर कुछ लोगों ने हमला कर उन्हें घायल कर दिया, पीड़ित ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें उपचार के दौरान उनकी मां की मौत हो गई।
पुलिस ने मामले की जांच की, जिसमें पीड़ित पवन कुमार और पत्नी के बयान दिए गए। पवन कुमार ने दोबारा प्रार्थना पत्र देकर अपनी पत्नी व ससुराल पक्ष पर हत्या का आरोप लगाया। इसमें पुलिस ने जांच की और विवेचना में उनकी पत्नी से आरोपी के तहत पूछताछ की गई।
मामले विवेचना के बाद आरोप पत्र पुलिस की ओर से न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। इसमें गवाह और साक्ष्य के आधार पर न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश खुर्जा दिलीप कुमार सचान ने अभियुक्ता रूबी उर्फ उपासना को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।