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गरिमा गार्डन से सरेआम युवक का अपहरण

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 01 Nov 2022 12:57 AM IST
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गरिमा गार्डन से सरेआम युवक का अपहरण
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साहिबाबाद। जवाहर पार्क से गरिमा गार्डन में बकायेदारों से पैसे लेने गए 21 वर्षीय विकास कुमार का रविवार शाम सरेआम कार सवार चार युवकों ने अपहरण कर लिया। उसने आखिरी बार मां रंजू देवी को फोन पर कहा था कि चार लड़के उसे जबरदस्ती गाड़ी में डालकर कहीं ले जा रहे हैं। इसके बाद उसका फोन बंद हो गया। साहिबाबाद पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज कर चार टीमों को तलाश में लगाया है। पुलिस जांच में अभी तक अपहरण जैसा कोई सुराग नहीं मिला है। इसमें एक महिला की भी भूमिका सामने आई है।
पिता व दुकानदार रामबली ने बताया कि बेटा विकास कुमार सुबह 11 बजे अपनी मां रंजू देवी से गरिमा गार्डन जाने के लिए कह कर गया था। वह बाहरी लोगों को ब्याज पर पैसे देने का काम करता है जिसकी उन्हें जानकारी नहीं थी। शाम करीब तीन बजे रंजू देवी के पास विशाल ने घबराते हुए फोन किया कि उसे कुछ लोग जबरन गाड़ी में डालकर ले जा रहे हैं और फिर उसका फोन बंद हो गया। इतना सुनकर मां रंजू घबरा गई। उन्होंने तुरंत पति को फोन कर घटना की जानकारी दी। विशाल का एक छोटा भाई भी है। घर पहुंचने पर पिता और छोटे भाई ने विकास की हर जगह तलाश की लेकिन रात दो बजे तक भी उसका कुछ पता नहीं चला। उन्होंने घटना की जानकारी पुलिस कंट्रोल रूम पर दी। साहिबाबाद पुलिस और आला अधिकारी हरकत में आ गए। पुलिस अधीक्षक द्वितीय ज्ञानेंद्र कुमार सिंह ने तुरंत विकास की सुरक्षा को देखते हुए चार टीमों का गठन कर तलाश में लगा दिया। सर्विलांस टीम ने गरिमा गार्डन के पास विकास की अंतिम लोकेशन को ट्रेस किया। उसके बाद से पुलिस को कोई सुराग नहीं मिला। पिता ने आशंका जाहिर की है कि अपहरणकर्ता पैसों के लालच में उनके बेटे की हत्या कर शव किसी जगह फेंक सकते हैं।
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महिला की भूमिका से संदिग्ध लग रहा अपहरण :
पुलिस की जांच में दिल्ली की एक महिला की अहम भूमिका सामने आई है। अभी तक पुलिस टीमों को अपहरण की दिशा में कोई सुराग नहीं मिला है। दूसरा अहम तथ्य यह है कि जिस लोकेशन पर विकास ने खुद के अपहरण होने की सूचना फोन से मां रंजू देवी को दी थी वहां सीसीटीवी कैमरे से सुबह से शाम तक ऐसी कोई तस्वीर कैद नहीं हुई। इसके अलावा विकास ने जिन बकायेदारों को पैसे दिए थे उनसे भी पूछताछ में कोई अहम जानकारी नहीं मिली है। ऐसे में आला अधिकारी घटना को संदिग्ध मानकर जांच कर रहे हैं।
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पुलिस अधीक्षक द्वितीय ज्ञानेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि जांच पड़ताल में अपहरण का कोई सुराग नहीं मिला है। एक महिला की भूमिका सामने आ रही है। जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा।
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