{"_id":"5f7e0fb28ebc3e91b7101259","slug":"ghaziabad-news-ghaziabad-city-news-gbd2067113174","type":"story","status":"publish","title_hn":"पराली जलाई वालों पर होगी एफआईआर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पराली जलाई वालों पर होगी एफआईआर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पराली जलाई वालों पर होगी एफआईआर
गाजियाबाद। धान की फसल के अवशेष (पराली) जलने पर कर्मचारियों से लेकर अफसरों तक की जिम्मेदारी तय कर दी गई है। देशभर में सैटेलाइट्स के जरिए पराली जलाने की घटनाओं पर नजर रखी जा रही है। किसानों को लगातार जागरूक किया जा रहा है कि वह पराली को जलाएं नहीं बल्कि उसका अन्य तरीकों से निस्तारण करें। इसके लिए कृषि केंद्र पर बैठक कर किसानों को आगाह किया गया है, जिसमें कहा गया कि अगर कोई किसान पराली जलाता है तो उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
पराली जलाने के मामले में गंभीर कृषि विभाग का राज्य मुख्यालय और संबंधित जिलास्तर के अधिकारी मॉनीटरिंग कर रहे हैं। अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदूषण की रोकथाम के लिए सघन अभियान चलाया जाए। जगह-जगह मोबाइल पार्टियों की मदद से पराली जलाने वाले क्षेत्रों में जल्द से जल्द पहुंचा जाए और सख्त कार्रवाई की जाए। पराली जलाने वाले किसानों पर जुर्माना लगाने से लेकर एफआईआर दर्ज करने तक कि करवाई की जाएगी। गांवों में जागरूकता के लिए ग्राम सभाओं का आयोजन किया जा रहा है। इसके साथ ही पराली निस्तारण के लिए जो भी यंत्र हैं वह किसानों को उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जिला कृषि अधिकारी राकेश कुमार मौर्य ने बताया कि जागरूकता के लिए ग्राम सभाएं, बैठक सहित हर संभव प्रयास किया जा रहा है। इसके बावजूद अगर कोई किसान खेतों में पराली जलाता है तो उसके लिए जुर्माना तय किया गया है। इसके अलावा सख्त कार्रवाई के तहत एफआईआर भी दर्ज करवाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
गाजियाबाद। धान की फसल के अवशेष (पराली) जलने पर कर्मचारियों से लेकर अफसरों तक की जिम्मेदारी तय कर दी गई है। देशभर में सैटेलाइट्स के जरिए पराली जलाने की घटनाओं पर नजर रखी जा रही है। किसानों को लगातार जागरूक किया जा रहा है कि वह पराली को जलाएं नहीं बल्कि उसका अन्य तरीकों से निस्तारण करें। इसके लिए कृषि केंद्र पर बैठक कर किसानों को आगाह किया गया है, जिसमें कहा गया कि अगर कोई किसान पराली जलाता है तो उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
पराली जलाने के मामले में गंभीर कृषि विभाग का राज्य मुख्यालय और संबंधित जिलास्तर के अधिकारी मॉनीटरिंग कर रहे हैं। अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदूषण की रोकथाम के लिए सघन अभियान चलाया जाए। जगह-जगह मोबाइल पार्टियों की मदद से पराली जलाने वाले क्षेत्रों में जल्द से जल्द पहुंचा जाए और सख्त कार्रवाई की जाए। पराली जलाने वाले किसानों पर जुर्माना लगाने से लेकर एफआईआर दर्ज करने तक कि करवाई की जाएगी। गांवों में जागरूकता के लिए ग्राम सभाओं का आयोजन किया जा रहा है। इसके साथ ही पराली निस्तारण के लिए जो भी यंत्र हैं वह किसानों को उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
विज्ञापन
जिला कृषि अधिकारी राकेश कुमार मौर्य ने बताया कि जागरूकता के लिए ग्राम सभाएं, बैठक सहित हर संभव प्रयास किया जा रहा है। इसके बावजूद अगर कोई किसान खेतों में पराली जलाता है तो उसके लिए जुर्माना तय किया गया है। इसके अलावा सख्त कार्रवाई के तहत एफआईआर भी दर्ज करवाई जाएगी।
विज्ञापन