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मोदीनगर-मुरादनगर में आएंगी आवासीय योजनाएं, रोपवे पर मुहर
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मोदीनगर-मुरादनगर में आएंगी आवासीय योजनाएं, रोपवे पर मुहर
गाजियाबाद। मोदीनगर, मुरादनगर के साथ लोनी में आवासीय योजनाएं आने का रास्ता साफ हो गया है। मेरठ में हुई जीडीए की 159वीं बोर्ड बैठक में मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह ने गाजियाबाद, मोदीनगर-मुरादनगर और लोनी की महायोजना-2031 को मंजूरी दे दी है। बोर्ड की मंजूरी के बाद मोदीनगर व मुरादनगर में 60 हेक्टेयर और लोनी में 20 हेक्टेयर जमीन का भू-उपयोग कृषि से बदलकर आवासीय करने का रास्ता साफ हो गया है। रैपिड रेल कॉरिडोर के चलते मोदीनगर-मुरादनगर क्षेत्र नई आवासीय योजनाओं का केंद्र होगा। नए मास्टर प्लान का सबसे ज्यादा लाभ देहात क्षेत्र के लोगों को मिलेगा।
महायोजना-2031 को मंजूरी मिलने के बाद अब आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे। नए मास्टर प्लान में गाजियाबाद-डासना, मोदीनगर-मुरादनगर और लोनी का 55 हजार हेक्टेयर क्षेत्र शामिल किया गया है। मेरठ मंडलायुक्त कार्यालय में हुई बैठक में कुल 19 में से 12 प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी गइ। बैठक में करीब चार घंटे मास्टर प्लान का प्रजेंटेशन हुआ। वर्तमान में प्रधानमंत्री आवास सहित तमाम आवासीय योजनाएं कृषि भूमि का भू-उपयोग परिवर्तन न हो पाने के कारण अटकी हुई हैं। महायोजना को मंजूरी और भू-उपयोग परिवर्तन की रुकावट दूर होने से रैपिड रेल कॉरिडोर के बराबर आवासीय योजनाओं को पंख लगेंगे। बोर्ड बैठक में जीडीए उपाध्यक्ष कृष्णा करुणेश, डीएम आरके सिंह, नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर, जीडीए सचिव बृजेश कुमार, मुख्य नगर नियोजक सतीश चंद गौड़, अपर सचिव सीपी त्रिपाठी, मुख्य अभियंता राकेश कुमार गुप्ता, ओएसडी गुंजा सिंह, बोर्ड सदस्य हिमांशु मित्तल, पवन गोयल, कृष्णा त्यागी, सचिन डागर, केशव त्यागी, मौ. आसिाफ खान सहित आदि अधिकारी मौजूद रहे।
डासना के बराबर होगा ट्रांसपोर्ट, हर संपत्ति को डिजिटल पहचान:
महायोजना 2031 में सबसे ज्यादा 35 हजार हेक्टेयर क्षेत्र गाजियाबाद व डासना क्षेत्र में शामिल है। डासना क्षेत्र और उसके आसपास नया औद्योगिक हब विकसित होगा। डासना के पास ही वेयर हाउस और लॉजिस्टिक हब की स्थापना होगी। नए मास्टर प्लान में 27 हजार पंजीकृत उद्योगों के लिए ट्रांसपोर्ट नगर के साथ कई बड़ी मांगें पूरी हो सकेंगी। डासना व दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे से सटे क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट नगर के लिए जमीन निर्धारित है। महायोजना में शहरी और देहात क्षेत्र की आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक संपत्तियों को डिजिटल पहचान मिलेगी। मास्टर प्लान में हर संपत्ति को यूनिक आईडी देने मिलेगी। यूनिक आईडी से संपत्तियों की खोज पहले से और आसान हो जाएगी।
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बढ़ेगा हरित क्षेत्र, बनेगा इंटर स्टेट टर्मिनल:
मास्टर प्लान-2021 में कुल चयनित क्षेत्र का 12 फीसदी हरित क्षेत्र के रूप में विकसित करने की योजना थी। नए मास्टर प्लान में हरित क्षेत्र का लक्ष्य दो फीसदी बढ़ाकर 14 फीसदी कर दिया गया है। अगर योजना का क्रियान्वयन सही से हो पाता है तो शहरवासियों को प्रदूषण से निजात मिलेगी। नई महायोजना में डासना-दुहाई के पास इंटर स्टेट टर्मिनल के विकास की योजना को अमली जामा पहनाया जा सकेगा।
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वैशाली से मोहननगर के बीच दौड़ेगा रोपवे:
बोर्ड बैठक में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के वैशाली से मोहननगर रोपवे प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी गई है। रोपवे के पहले प्रोजेक्ट के बाद भविष्य के तीन अन्य रूट नया बस अड्डा मेट्रो स्टेशन से गाजियाबाद रेलवे स्टेशन, वैशाली मेट्रो स्टेशन से सेक्टर-62 नोएडा मेट्रो स्टेशन और राजनगर एक्सटेंशन चौराहे से हिंडन रिवर मेट्रो स्टेशन की उपयोगिता सुनिश्चित करने के मंडलायुक्त ने निर्देश दिए हैं। वैशाली से मोहननगर रोपवे प्रोजेक्ट का निर्माण एनएचएआई की विशेष परपज व्हीकल (एसपीवी) कंपनी राष्ट्रीय राजमार्ग रसद प्रबंधन लिमिटेड (एनएचएलएमएल) करेगी। प्राधिकरण ने पहले प्रोजेक्ट के साथ भविष्य के बाकी तीन रूट का प्रस्ताव भी एनएचएलएमएल को भेजा है। एनएचएलएमएल की स्वीकृति मिलने पर प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो जाएगा।
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फिर से मार्च 2023 तक संपत्तियों के नहीं बढ़ेंगे दाम:
जीडीए बोर्ड बैठक में विभिन्न योजनाओं में नहीं बिकी आवासीय, व्यावसायिक सपंत्तियों के दाम 31 मार्च 2023 तक नहीं बढ़ाने के प्रस्ताव पर फिर से मुहर लग गई है। प्राधिकरण की ओर से 2016 में संपत्तियों के सेक्टर रेट में वृद्धि की गई थी। उसके बाद लगातार छह सात तक संपत्तियों के सेक्टर रेट फ्रीज करने का निर्णय लिया गया। बाजार की वर्तमान स्थिति और खरीदारों की कमी को देखते हुए निर्णय को एक साल और बढ़ाने का फैसला लिया गया है।
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बोर्ड बैठक में इन प्रस्तावों पर लगी मुहर:
- गोविंदपुरम में पेट्रोल पंप स्टेशन के भूखंड को व्यावसायिक में परिवर्तन
- ई-निविदा में असफल लोगों की धरोहर धनराशि की वापसी
- गांव भोजपुर से अपर गंगा कैनाल जंक्शन तक मार्ग चौड़ीकरण, सुधार व नाले का कार्य
- वैशाली सेक्टर-चार में मेट्रो सरफेस पार्किंग, मल्टीलेवल पार्किंग के ठेकेदारों को छूट
- प्राधिकरण संपत्ति की सुरक्षा व अतिक्रमण अभियान केलिए होमगार्ड्स की नियुक्ति
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गाजियाबाद। मोदीनगर, मुरादनगर के साथ लोनी में आवासीय योजनाएं आने का रास्ता साफ हो गया है। मेरठ में हुई जीडीए की 159वीं बोर्ड बैठक में मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह ने गाजियाबाद, मोदीनगर-मुरादनगर और लोनी की महायोजना-2031 को मंजूरी दे दी है। बोर्ड की मंजूरी के बाद मोदीनगर व मुरादनगर में 60 हेक्टेयर और लोनी में 20 हेक्टेयर जमीन का भू-उपयोग कृषि से बदलकर आवासीय करने का रास्ता साफ हो गया है। रैपिड रेल कॉरिडोर के चलते मोदीनगर-मुरादनगर क्षेत्र नई आवासीय योजनाओं का केंद्र होगा। नए मास्टर प्लान का सबसे ज्यादा लाभ देहात क्षेत्र के लोगों को मिलेगा।
महायोजना-2031 को मंजूरी मिलने के बाद अब आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे। नए मास्टर प्लान में गाजियाबाद-डासना, मोदीनगर-मुरादनगर और लोनी का 55 हजार हेक्टेयर क्षेत्र शामिल किया गया है। मेरठ मंडलायुक्त कार्यालय में हुई बैठक में कुल 19 में से 12 प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी गइ। बैठक में करीब चार घंटे मास्टर प्लान का प्रजेंटेशन हुआ। वर्तमान में प्रधानमंत्री आवास सहित तमाम आवासीय योजनाएं कृषि भूमि का भू-उपयोग परिवर्तन न हो पाने के कारण अटकी हुई हैं। महायोजना को मंजूरी और भू-उपयोग परिवर्तन की रुकावट दूर होने से रैपिड रेल कॉरिडोर के बराबर आवासीय योजनाओं को पंख लगेंगे। बोर्ड बैठक में जीडीए उपाध्यक्ष कृष्णा करुणेश, डीएम आरके सिंह, नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर, जीडीए सचिव बृजेश कुमार, मुख्य नगर नियोजक सतीश चंद गौड़, अपर सचिव सीपी त्रिपाठी, मुख्य अभियंता राकेश कुमार गुप्ता, ओएसडी गुंजा सिंह, बोर्ड सदस्य हिमांशु मित्तल, पवन गोयल, कृष्णा त्यागी, सचिन डागर, केशव त्यागी, मौ. आसिाफ खान सहित आदि अधिकारी मौजूद रहे।
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डासना के बराबर होगा ट्रांसपोर्ट, हर संपत्ति को डिजिटल पहचान:
महायोजना 2031 में सबसे ज्यादा 35 हजार हेक्टेयर क्षेत्र गाजियाबाद व डासना क्षेत्र में शामिल है। डासना क्षेत्र और उसके आसपास नया औद्योगिक हब विकसित होगा। डासना के पास ही वेयर हाउस और लॉजिस्टिक हब की स्थापना होगी। नए मास्टर प्लान में 27 हजार पंजीकृत उद्योगों के लिए ट्रांसपोर्ट नगर के साथ कई बड़ी मांगें पूरी हो सकेंगी। डासना व दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे से सटे क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट नगर के लिए जमीन निर्धारित है। महायोजना में शहरी और देहात क्षेत्र की आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक संपत्तियों को डिजिटल पहचान मिलेगी। मास्टर प्लान में हर संपत्ति को यूनिक आईडी देने मिलेगी। यूनिक आईडी से संपत्तियों की खोज पहले से और आसान हो जाएगी।
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बढ़ेगा हरित क्षेत्र, बनेगा इंटर स्टेट टर्मिनल:
मास्टर प्लान-2021 में कुल चयनित क्षेत्र का 12 फीसदी हरित क्षेत्र के रूप में विकसित करने की योजना थी। नए मास्टर प्लान में हरित क्षेत्र का लक्ष्य दो फीसदी बढ़ाकर 14 फीसदी कर दिया गया है। अगर योजना का क्रियान्वयन सही से हो पाता है तो शहरवासियों को प्रदूषण से निजात मिलेगी। नई महायोजना में डासना-दुहाई के पास इंटर स्टेट टर्मिनल के विकास की योजना को अमली जामा पहनाया जा सकेगा।
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वैशाली से मोहननगर के बीच दौड़ेगा रोपवे:
बोर्ड बैठक में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के वैशाली से मोहननगर रोपवे प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी गई है। रोपवे के पहले प्रोजेक्ट के बाद भविष्य के तीन अन्य रूट नया बस अड्डा मेट्रो स्टेशन से गाजियाबाद रेलवे स्टेशन, वैशाली मेट्रो स्टेशन से सेक्टर-62 नोएडा मेट्रो स्टेशन और राजनगर एक्सटेंशन चौराहे से हिंडन रिवर मेट्रो स्टेशन की उपयोगिता सुनिश्चित करने के मंडलायुक्त ने निर्देश दिए हैं। वैशाली से मोहननगर रोपवे प्रोजेक्ट का निर्माण एनएचएआई की विशेष परपज व्हीकल (एसपीवी) कंपनी राष्ट्रीय राजमार्ग रसद प्रबंधन लिमिटेड (एनएचएलएमएल) करेगी। प्राधिकरण ने पहले प्रोजेक्ट के साथ भविष्य के बाकी तीन रूट का प्रस्ताव भी एनएचएलएमएल को भेजा है। एनएचएलएमएल की स्वीकृति मिलने पर प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो जाएगा।
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फिर से मार्च 2023 तक संपत्तियों के नहीं बढ़ेंगे दाम:
जीडीए बोर्ड बैठक में विभिन्न योजनाओं में नहीं बिकी आवासीय, व्यावसायिक सपंत्तियों के दाम 31 मार्च 2023 तक नहीं बढ़ाने के प्रस्ताव पर फिर से मुहर लग गई है। प्राधिकरण की ओर से 2016 में संपत्तियों के सेक्टर रेट में वृद्धि की गई थी। उसके बाद लगातार छह सात तक संपत्तियों के सेक्टर रेट फ्रीज करने का निर्णय लिया गया। बाजार की वर्तमान स्थिति और खरीदारों की कमी को देखते हुए निर्णय को एक साल और बढ़ाने का फैसला लिया गया है।
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बोर्ड बैठक में इन प्रस्तावों पर लगी मुहर:
- गोविंदपुरम में पेट्रोल पंप स्टेशन के भूखंड को व्यावसायिक में परिवर्तन
- ई-निविदा में असफल लोगों की धरोहर धनराशि की वापसी
- गांव भोजपुर से अपर गंगा कैनाल जंक्शन तक मार्ग चौड़ीकरण, सुधार व नाले का कार्य
- वैशाली सेक्टर-चार में मेट्रो सरफेस पार्किंग, मल्टीलेवल पार्किंग के ठेकेदारों को छूट
- प्राधिकरण संपत्ति की सुरक्षा व अतिक्रमण अभियान केलिए होमगार्ड्स की नियुक्ति
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