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Ghaziabad News: 250 करोड़ खर्च फिर भी जोन तीन में लगे रहे बिजली के झटके
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साहिबाबाद। ऊर्जा निगम ने बिजली ढांचा सुधारने के लिए तीन वर्ष में 250 करोड़ रुपये खर्च किए गए लेकिन फिर भी बिजली के झटके लग रहे हैं। रोजाना लोकल फॉल्ट की वजह से उपभोक्ताओं को पांच से सात घंटे तक की बिजली कटौती झेलनी पड़ रही है। ऊर्जा निगम को मार्च के अंत तक सभी मेंटेनेंस कार्य कराने थे लेकिन अप्रैल में भी रोजाना इलाकों में मरम्मत कार्य कराए जा रहे हैं। मरम्मत के लिए शटडाउन लिया जाता है और इस तरह हर रोज लोगों को अघोषित पांच से सात घंटे कटौती की समस्या से लोग जूझ रहे हैं। सोमवार को भी मेंटेनेंस की वजह पांच से छह इलाकों की बिजली काटनी पड़ी। वहीं, भोपुरा की डिफेंस, पंचशील, कृष्णा विहार कुटी, वसुंधरा के सेक्टर-तीन व पांच, वैशाली के सेक्टर-सात, शालीमार गार्डन लोगों को पांच घंटे कटौती से परेशान होना पड़ा। सबसे ज्यादा सात घंटे इंद्रप्रस्थ कॉलोनी में बिजली कटौती हुई। दोपहर करीब दो बजे ही कॉलोनी की बिजली कट गई थी। इसके बाद लोगों ने अधिकारियों को शिकायत करके सूचित किया लेकिन ऊर्जा निगम को फॉल्ट ढूंढने में दोपहर से रात हो गई। करीब सात घंटे तक टीम फॉल्ट ढूंढने में लगी रही। इससे कॉलोनी की 20 हजार से अधिक लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों के घरों में लगे इन्वर्टर भी डाउन हो गए।
कॉलोनी निवासी मुकेश सूर्यवंशी ने बताया कि करीब दो बजे कॉलोनी की बिजली चली गई। इमारत में ऊपरी मंजिल पर जाने के लिए लिफ्ट लगी है लेकिन बिजली नहीं होने की वजह से लिफ्ट भी बंद पड़ी है। पैर में दिक्कत की वजह से घर आने-जाने में परेशानी हो रही है। गर्मी के लिए कूलर-पंखे तक नहीं चला पा रहे हैं।
सर्दियों में भी जारी रही थी कटौती
सर्दियों में अधिकारियों का दावा किया था कि गर्मी में लोगों को बिजली की परेशानी न हो इसलिए मरम्मत कार्य कराए गए थे और बिना सूचना के हर रोज शटडाउन लिया गया। इसके बावजूद बिजली लाइन और बिजली घर की मरम्मत का कार्य पूरा नहीं हो सका।
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इन विभिन्न कार्यों पर खर्च किया गया बजट
जोन में बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए बिजनेस प्लान व आरडीएसएस (पुर्नोत्थान वितरण क्षेत्र सुधार योजना) समेत विभिन्न योजनाओं के तहत ट्रांसफार्मरों की क्षमता वृद्धि, फीडर विभक्तिकरण, जर्जर तार व खंबे बदलने, मरम्मत कार्य समेत विभिन्न कार्यों पर बजट खर्च किया गया।
मुख्य अभियंता ऊर्जा निगम जोन तीन बृजेश कुमार ने बताया कि गर्मी में परेशानी न हो इसलिए मरम्मत कराई जा रही है। मरम्मत और लोकल फॉल्ट के दौरान शटडाउन लिए जाते हैं। अन्यथा सभी इलाकों में बिजली व्यवस्था सामान्य है।
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कॉलोनी निवासी मुकेश सूर्यवंशी ने बताया कि करीब दो बजे कॉलोनी की बिजली चली गई। इमारत में ऊपरी मंजिल पर जाने के लिए लिफ्ट लगी है लेकिन बिजली नहीं होने की वजह से लिफ्ट भी बंद पड़ी है। पैर में दिक्कत की वजह से घर आने-जाने में परेशानी हो रही है। गर्मी के लिए कूलर-पंखे तक नहीं चला पा रहे हैं।
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सर्दियों में भी जारी रही थी कटौती
सर्दियों में अधिकारियों का दावा किया था कि गर्मी में लोगों को बिजली की परेशानी न हो इसलिए मरम्मत कार्य कराए गए थे और बिना सूचना के हर रोज शटडाउन लिया गया। इसके बावजूद बिजली लाइन और बिजली घर की मरम्मत का कार्य पूरा नहीं हो सका।
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इन विभिन्न कार्यों पर खर्च किया गया बजट
जोन में बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए बिजनेस प्लान व आरडीएसएस (पुर्नोत्थान वितरण क्षेत्र सुधार योजना) समेत विभिन्न योजनाओं के तहत ट्रांसफार्मरों की क्षमता वृद्धि, फीडर विभक्तिकरण, जर्जर तार व खंबे बदलने, मरम्मत कार्य समेत विभिन्न कार्यों पर बजट खर्च किया गया।
मुख्य अभियंता ऊर्जा निगम जोन तीन बृजेश कुमार ने बताया कि गर्मी में परेशानी न हो इसलिए मरम्मत कराई जा रही है। मरम्मत और लोकल फॉल्ट के दौरान शटडाउन लिए जाते हैं। अन्यथा सभी इलाकों में बिजली व्यवस्था सामान्य है।