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Ghaziabad News: जलभराव से बर्बाद फसल लेकर तहसील पहुंचे किसान, मुआवजे की मांग को लेकर किया हंगामा
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मोदीनगर। खिदौड़ा गांव में जलभराव से गन्ने की फसल बर्बाद होने से नाराज किसान शुक्रवार को फसल लेकर तहसील पहुंचे। किसानों ने एसडीएम कार्यालय के बाहर हंगामा प्रदर्शन करते हुए फसल नुकसान का मुआवजा और जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था की मांग उठाई। करीब दो घंटे तक इंतजार के बावजूद अधिकारियों से मुलाकात नहीं होने पर किसानों ने नाराजगी जताई।
खिदौड़ा गांव निवासी किसान बालकिशन, किशनलाल और ब्रह्मानंद सूखी गन्ने की फसल के नमूने लेकर तहसील पहुंचे। किसानों का आरोप है कि जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण खेतों में करीब चार फीट तक पानी भर गया, जिससे उनकी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। उनका कहना है कि हाल ही में कुछ लोगों ने गांव की पुलिया तोड़ दी, जिससे जलभराव की समस्या और गंभीर हो गई। किसानों के बताया कि जलभराव से 52 बीघा गन्ने की फसल नष्ट हुई है और उन्हें करीब 10 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रशासन से क्षतिग्रस्त फसल का सर्वे कराकर शीघ्र मुआवजा दिलाने और जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की। किसानों का कहना है कि करीब दो घंटे तक इंतजार करने के बाद भी कोई अधिकारी उनकी समस्या सुनने नहीं पहुंचा। चेतावनी दी कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं किया गया तो तहसील परिसर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
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खिदौड़ा गांव निवासी किसान बालकिशन, किशनलाल और ब्रह्मानंद सूखी गन्ने की फसल के नमूने लेकर तहसील पहुंचे। किसानों का आरोप है कि जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण खेतों में करीब चार फीट तक पानी भर गया, जिससे उनकी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। उनका कहना है कि हाल ही में कुछ लोगों ने गांव की पुलिया तोड़ दी, जिससे जलभराव की समस्या और गंभीर हो गई। किसानों के बताया कि जलभराव से 52 बीघा गन्ने की फसल नष्ट हुई है और उन्हें करीब 10 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रशासन से क्षतिग्रस्त फसल का सर्वे कराकर शीघ्र मुआवजा दिलाने और जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की। किसानों का कहना है कि करीब दो घंटे तक इंतजार करने के बाद भी कोई अधिकारी उनकी समस्या सुनने नहीं पहुंचा। चेतावनी दी कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं किया गया तो तहसील परिसर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
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