फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   'Pond' lives stripped

‘तालाब’ छीन रहा लोगों की जिंदगी

Tue, 10 Jan 2017 11:34 PM IST
ब्यूरो , अमर उजाला लोनी
ब्यूरो , अमर उजाला लोनी Updated Tue, 10 Jan 2017 11:34 PM IST
विज्ञापन
'Pond' lives stripped
पानी - मकान - फोटो : demo pic

डाबर तालाब कालोनी में रहने वालों की जिंदगी ‘तालाब’ लील रहा है। इसका मुख्य कारण तालाब का पानी है, जो ओवरफ्लो होकर मकानों की नींव को खोखला कर रहा है। इससे फिर कोई बड़ा हादसा हो सकता है। लोगों का आरोप है कि प्रशासन ने तालाब की कई साल से सफाई नहीं कराई है।     

विज्ञापन

              
तालाब के पानी के ओवरफ्लो होने से पांच साल पहले शुरू हुआ हादसों का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। अधिकांश हादसे बरसात के मौसम में होते हैं। अगस्त 2011 में अनवर अली के मकान की दीवार भरभरा कर गिर गई थी। गनीमत रही थी कि मकान बंद था और परिवार के सदस्य बाहर गए हुए थे।
विज्ञापन


लोगों का कहना है कि कई बार प्रशासन से तालाब के चारों ओर बाउंड्री बनवाने की मांग की गई है, मगर प्रशासन की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया है। एसडीएम प्रेम रंजन सिंह ने माना कि तालाब की काफी समय से सफाई नहीं हो सकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उनका कहना है कि तालाब की सफाई, नाली और रास्तों की मरम्मत के लिए उन्होंने डीएम को पत्र लिखा है। उनका कहना है कि जीडीए को भी पत्र भेजा जाएगा कि लोगों को जागरूक करें कि तालाब के पास पिलर पर मकान न बनाएं। आला अधिकारियों से बात कर तालाब के चारों ओर दीवार बनाने पर भी विचार किया जाएगा।     

मकान के मलबे में परिवार को दबा देख चीखें भी नहीं निकल सकीं। यह कहना है जिंदगी और मौत से जूझ रहे घायल इमरान का।इमरान ने बताया कि वह परिवार के अन्य सदस्यों के साथ घर में थे। परिवार के कुछ सदस्य सोए हुए थे। अचानक मकान के दोनों ओर की दीवारें बाहर की तरफ गिर गईं।

इससे पहले वह कुछ समझ पाते छत घर में लेटे हुईं महिलाओं और बच्चों पर आ गिरी। उन्होंने बचाव के लिए पुकारने का प्रयास किया, लेकिन आवाज ने साथ नहीं दिया। वह अपने बचाव के लिए आसपास के लोगों को भी नहीं बुला सके। चंद सेकेंड बाद ही वह बेहोश हो गए। जब होश आया तो उन्होंने खुद को अस्पताल में पाया।

उनके बराबर वाले बेड पर अदनान, अमन और अनस घायल अवस्था में लेटे हुए थे। इमरान के पड़ोसी सलमान ने बताया कि वह घर में टीवी देख रहे थे। अचानक तेज धमाके की आवाज के साथ जमीन हिलती महसूस हुई। ऐसा लगा जैसे भूकंप आया हो। वह दौड़कर घर से बाहर निकले।

बाहर इमरान का मकान गिरा देखकर उन्होंने शोर मचा कर लोगों को मदद के लिए बुलाया। लोगों ने  ईंटों को हटा कर घायल और शवों को मलबे से बाहर निकाला।     पिछले दस साल से प्रशासन ने तालाब की सफाई नहीं कराई है।

तालाब की सफाई के लिए कई बार तहसील दिवस में शिकायतें दी हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं होती। - सलीम अल्वी                  


यदि प्रशासनिक अधिकारी तालाब की सफाई पर ध्यान दिए होते तो कालोनी में हुए हादसों को टाला जा सकता था, लेकिन तालाब के सौंदर्यीकरण और सफाई की ओर प्रशासन का कोई ध्यान नहीं है। - समीर भाटी                  

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed