टीबी की जांच करने वाली सीबी नॉट मशीन से शुरु हो सकती है कोरोना की जांच - अलग कारटेज लगाकर हो सकती है दो घंटे में चार सैंपलों की जांच माई सिटी रिपोर्टर गाजियाबाद। शासन ने अगर कारटेज उपलब्ध कराया तो आने वाले दिनों में टीबी की जांच करने वाली सीबी -नॉट मशीन से कोरोना की जांच शुरू हो सकती है। यह सुविधा अभी आगरा, लखनऊ, मेरठ सहित आठ स्थानों पर शुरू की गई है। इसके लिए मशीन में अलग कारटेज लगाया जाता है। सीबी नॉट से दो घंटे में चार सैंपल के टेस्ट किए जा सकते हैं। जिले में चार सीबी नॉट मशीनें हैं। स्टेट ऑबजर्वर डॉ. एके पालीवाल का कहना है कि यदि कोरोना जांच वाला कारटेज शासन द्वारा उपलब्ध करवाया जाता है तो जिले में सीबी नॉट मशीनों से जांच शुरु करा दी जाएगी। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. जेपी श्रीवास्तव ने बताया कि सीबी नॉट मशीन के जरिए एक साथ चार टीबी सैंपल की जांच की जाती है, जिसकी दो घंटे में रिपोर्ट आ जाती है। डा. श्रीवास्तव ने बताया कि सीबी नॉट मशीन के जरिए कोरोना की भी जांच की जा सकती है। इसके लिए अलग से करटेज लगाना पड़ता है। सीबी नॉट मशीन के जरिए एक बार में चार कोरोना सैंपल की जांच की जा सकती है, जो किट के मुकाबले सस्ता हो सकता है। शासन ने लखनऊ में कई जगह सीबी नॉट मशीन से कोरोना की जांच शुरु करवाई है। यह जांच पूरी तरह से विश्वसनीय होती है। केंद्र और प्रदेश सरकार इसके लिए गंभीर है। कारटेज भी इंपोर्ट किए जातेहैं। क्षय रोग अधिकारी ने बताया कि टीबी की जांच करने के लिए शासन ने बीते साल जिले में चार सीबी नॉट मशीनें भेजी थीं। यह मशीनें जिला टीबी केंद्र, संयुक्त अस्पताल, मुरादनगर और लोनी सीएचसी पर लगी हैं। ----------------