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मस्जिद, क्लीनिक-कॉल सेंटर में धर्मांतरण: परिवार से नाराज लोगों पर फेंकते थे जाल; प्यार का नाटक कर युवतियों...
Sun, 09 Jul 2023 09:21 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
Published by: शाहरुख खान
Updated Sun, 09 Jul 2023 09:21 AM IST
सार
गाजियाबाद में धर्मांतरण रैकेट में बड़ा खुलासा हुआ है। जो सदस्य जहां काम कर रहा था, वहीं जाल बिछा रखा था। आरोपी परिवार से नाराज लोगों पर जाल फेंकते थे। इसके बाद मस्जिद, कॉल सेंटर और क्लीनिक में धर्म बदलवा देते थे।
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Ghaziabad Conversion Case
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गाजियाबाद के खोड़ा थाना पुलिस ने धर्म परिवर्तन कराने वाले ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया जिसे डॉक्टर और इंजीनियर चला रहे थे। यह गिरोह खोड़ा निवासी युवती नीरू बिष्ट समेत दिल्ली-एनसीआर में छह लोगों का धर्म परिवर्तन करा चुके हैं। धर्म परिवर्तन के इस खेल का खुलासा तब हुआ जब नीरू को परिजनों ने हिजाब पहनते और घर में नमाज पढ़ते देखा।
उनकी शिकायत पर पुलिस ने गिरोह का पता लगाकर मास्टरमाइंड डॉक्टर अब्दुल्ला अहमद और उसके सहयोगी इंजीनियर मुसीर और कॉल सेंटर के कर्मचारी राहिल को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। राहिल और अब्दुल्ला का भी धर्म परिवर्तन हुआ है। राहिल पहले राहुल अग्रवाल और अब्दुल्ला सौरभ खुराना था।
गाजियाबाद में युवक-युवतियों का धर्म परिवर्तन कराने के खेल में तीन खिलाड़ी पकड़ में आए हैं। एक इंजीनियर है, एक डॉक्टर और एक कॉल सेंटर कर्मचारी। इनमें जो जहां काम करता था, वहीं शिकार की तलाश में रहता था। जो भी शख्स परिवार से नाराज नजर आता, उसी पर फरेब का जाल फेंक देते थे। उससे नजदीकी बढ़ाते, दोस्ती करते और मौका मिलते ही ब्रेनवाश कर डालते। इसके बाद धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाते थे।
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प्यार का नाटक कर लड़कियों को फंसाता था राहिल
दिल्ली की संगम विहार कॉलोनी के आई ब्लॉक में रहने वाले राहिल ने काॅल सेंटर में अपनी छवि आशिक मिजाज युवक की बना रखी थी। वह साथ काम करने वाली युवतियों की मदद के बहाने नजदीकी बनाता था। उनके जन्मदिन पर महंगे तोहफे देता था। पहले व्हाट्सएप पर दुआ-सलाम करता था। जो जवाब देने लगे, उससे चैटिंग शुरू कर देता था।
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उनकी शिकायत पर पुलिस ने गिरोह का पता लगाकर मास्टरमाइंड डॉक्टर अब्दुल्ला अहमद और उसके सहयोगी इंजीनियर मुसीर और कॉल सेंटर के कर्मचारी राहिल को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। राहिल और अब्दुल्ला का भी धर्म परिवर्तन हुआ है। राहिल पहले राहुल अग्रवाल और अब्दुल्ला सौरभ खुराना था।
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गाजियाबाद में युवक-युवतियों का धर्म परिवर्तन कराने के खेल में तीन खिलाड़ी पकड़ में आए हैं। एक इंजीनियर है, एक डॉक्टर और एक कॉल सेंटर कर्मचारी। इनमें जो जहां काम करता था, वहीं शिकार की तलाश में रहता था। जो भी शख्स परिवार से नाराज नजर आता, उसी पर फरेब का जाल फेंक देते थे। उससे नजदीकी बढ़ाते, दोस्ती करते और मौका मिलते ही ब्रेनवाश कर डालते। इसके बाद धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाते थे।
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प्यार का नाटक कर लड़कियों को फंसाता था राहिल
दिल्ली की संगम विहार कॉलोनी के आई ब्लॉक में रहने वाले राहिल ने काॅल सेंटर में अपनी छवि आशिक मिजाज युवक की बना रखी थी। वह साथ काम करने वाली युवतियों की मदद के बहाने नजदीकी बनाता था। उनके जन्मदिन पर महंगे तोहफे देता था। पहले व्हाट्सएप पर दुआ-सलाम करता था। जो जवाब देने लगे, उससे चैटिंग शुरू कर देता था।
इसके बाद फोन पर बातें करता और फिर शादीशुदा होते हुए भी खुद को अविवाहित बता प्यार के नाम पर फरेब के जाल में फंसा लेता। पुलिस के मुताबिक, किसी लड़की से दोस्ती या प्यार हो जाने पर वह उसे उसके धर्म के बारे में बात करता था।
इसमें वह उसके धर्म में कमियां बताता था और इस्लाम की खूबियां गिनाता था। इसके लिए जाकिर नाइक और कई मौलानाओं के वीडियो व्हाट्सएप पर साझा करता था। इसी तरह से उसने नोएडा की दो युवतियों को फंसाया।
ट्यूशन में छात्रों का ब्रेनवाश कर देता था मोहम्मद मुसीर
दिल्ली की संगम विहार कॉलोनी निवासी मोहम्मद मुसीर पुत्र अली मोहम्मद मस्जिद में गणित का ट्यूशन पढ़ाता था। वह बहुत कम फीस लेता। इससे उसके पास गरीब परिवार के बच्चे पढ़ने आते थे। ट्यूशन के बहाने उन्हें इस्लाम के बारे में बताता। इसी तरीके से उसने दिल्ली के ही निवासी अजय का धर्म परिवर्तन कराया।
दिल्ली की संगम विहार कॉलोनी निवासी मोहम्मद मुसीर पुत्र अली मोहम्मद मस्जिद में गणित का ट्यूशन पढ़ाता था। वह बहुत कम फीस लेता। इससे उसके पास गरीब परिवार के बच्चे पढ़ने आते थे। ट्यूशन के बहाने उन्हें इस्लाम के बारे में बताता। इसी तरीके से उसने दिल्ली के ही निवासी अजय का धर्म परिवर्तन कराया।
इससे पहले राहुल अग्रवाल का धर्म बदलवा उसका नाम राहिल रखवाया। राहिल उससे गणित पढ़ने के लिए मस्जिद में आता था। आशंका है कि मुसीर ने और भी लोगों के धर्म परिवर्तन कराए हैं। उससे ट्यूशन पढ़ने वाले छात्रों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। मुसिर के मोबाइल की कॉल डिटेल भी निकलवाई गई है। इससे अहम जानकारी हासिल हो सकती है।
अब्दुल्ला ने दिल्ली के तीन युवकों का धर्म परिवर्तन कराया
अब्दुल्ला अहमद ने एएमयू से बीडीएस के बाद दिल्ली के संगम विहार में दांतों का क्लीनिक खोला। इसमें वह इलाज के साथ धर्मांतरण भी करा रहा था। उसके पास जो मरीज आते, उनमें से ऐसे लोगों की तलाश करता जो धर्मांतरण के लिए राजी हो सकते थे। अमित राठौर और अमृत सिंह ऐसे ही शख्स हैं, जिनका धर्म परिवर्तन अब्दुल्ला ने कराया था। दोनों उसके परिचित थे। उसके क्लीनिक पर आए। वहीं, पर उनका ब्रेन वॉश कर दिया।
अब्दुल्ला अहमद ने एएमयू से बीडीएस के बाद दिल्ली के संगम विहार में दांतों का क्लीनिक खोला। इसमें वह इलाज के साथ धर्मांतरण भी करा रहा था। उसके पास जो मरीज आते, उनमें से ऐसे लोगों की तलाश करता जो धर्मांतरण के लिए राजी हो सकते थे। अमित राठौर और अमृत सिंह ऐसे ही शख्स हैं, जिनका धर्म परिवर्तन अब्दुल्ला ने कराया था। दोनों उसके परिचित थे। उसके क्लीनिक पर आए। वहीं, पर उनका ब्रेन वॉश कर दिया।
कपिल आनंद उसके साथ क्लीनिक पर काम करता था। उसने उसका भी धर्मांतरण करा दिया। इतना ही नहीं, वह जिन लोगों का धर्म बदलवा देता था, उन्हें और लोगों को भी जाल में फंसाने के लिए उकसाता था। उनसे कहता था कि यह नेक काम जितना करोगे, उतनी नेकी तुम्हारे खाते में जुड़ती जाएगी। नेकी से ही जन्नत मिलती है। अब्दुल्ला का भी धर्म परिवर्तन हुआ था। मुसिर ने उसे सौरभ खुराना से अब्दुल्लाह बनाया था।