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Delhi NCR News: गैंगेस्टर अमित गुलिया को मिली अंतरिम जमानत
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने मकोका के तहत आरोपित गैंगस्टर अमित गुलिया को चिकित्सा आधार पर अंतरिम जमानत दी है। न्यायमूर्ति गिरीश कथपालिया की एकल पीठ ने यह आदेश दिया कि आरोपी की मां के घुटने की सर्जरी होने के कारण उन्हें 11 फरवरी 2026 से 4 मार्च 2026 तक जमानत पर रिहा किया जाए। अदालत ने आरोपी को 50 हजार के निजी मुचलके और इतनी ही राशि के एक जमानती पर रिहा करने का निर्देश दिया। साथ ही सख्त चेतावनी दी कि इस अवधि में आरोपी किसी भी गवाह को प्रभावित करने की कोशिश नहीं करेगा। जमानत अवधि समाप्त होने पर आरोपी को 4 मार्च 2026 को जेल में आत्मसमर्पण करना होगा। याचिका में कहा कि आरोपी की मां का घुटने का ऑपरेशन 12 फरवरी को द्वारका स्थित एक अस्पताल में निर्धारित है। इसलिए चिकित्सा आधार पर कम से कम छह सप्ताह की अंतरिम जमानत दी जाए। अदालत ने रिकॉर्ड पर लिया कि आरोपी के खिलाफ 27 मामले लंबित हैं, लेकिन अंडरट्रायल हिरासत दंडात्मक नहीं हो सकती। अदालत ने मानवीय आधार पर विचार करते हुए कहा कि बेटे का अपनी मां की सर्जरी के दौरान साथ होना महत्वपूर्ण है।
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नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने मकोका के तहत आरोपित गैंगस्टर अमित गुलिया को चिकित्सा आधार पर अंतरिम जमानत दी है। न्यायमूर्ति गिरीश कथपालिया की एकल पीठ ने यह आदेश दिया कि आरोपी की मां के घुटने की सर्जरी होने के कारण उन्हें 11 फरवरी 2026 से 4 मार्च 2026 तक जमानत पर रिहा किया जाए। अदालत ने आरोपी को 50 हजार के निजी मुचलके और इतनी ही राशि के एक जमानती पर रिहा करने का निर्देश दिया। साथ ही सख्त चेतावनी दी कि इस अवधि में आरोपी किसी भी गवाह को प्रभावित करने की कोशिश नहीं करेगा। जमानत अवधि समाप्त होने पर आरोपी को 4 मार्च 2026 को जेल में आत्मसमर्पण करना होगा। याचिका में कहा कि आरोपी की मां का घुटने का ऑपरेशन 12 फरवरी को द्वारका स्थित एक अस्पताल में निर्धारित है। इसलिए चिकित्सा आधार पर कम से कम छह सप्ताह की अंतरिम जमानत दी जाए। अदालत ने रिकॉर्ड पर लिया कि आरोपी के खिलाफ 27 मामले लंबित हैं, लेकिन अंडरट्रायल हिरासत दंडात्मक नहीं हो सकती। अदालत ने मानवीय आधार पर विचार करते हुए कहा कि बेटे का अपनी मां की सर्जरी के दौरान साथ होना महत्वपूर्ण है।