कर्ज से परेशान पिता ने उठाया खौफनाक कदम, बेटे को ही उतार दिया मौत के घाट
बाबा हरिदास नगर इलाके में कर्ज की वजह से तनाव में आकर बेटे की हत्या करने के आरोपी सब्जी विक्रेता ओमप्रकाश (54) को पुलिस ने बहादुरगढ़ सब्जी मंडी के पास से दबोचा है। तबीयत बिगड़ने पर आरोपी को पुलिस ने राव तुलाराम अस्पताल में भर्ती कराया, जहां से उसे डीडीयू अस्पताल में रेफर किया गया है। खुलासा हुआ है कि आरोपी ने अपने सात साल के बेटे की हत्या करने के बाद खुद भी जहर खाकर जान देने की कोशिश की थी।
जिला पुलिस उपायुक्त ऐंटो अल्फोंस ने बताया कि 19 अक्तूबर को राव तुलाराम अस्पताल से सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर सात साल के मासूम के शव को कब्जे में ले लिया था। शव की शिनाख्त दीपक के रूप में हुई थी।
बच्चे की मां ने पुलिस को बताया था कि वह पड़ोस में कपड़ा प्रेस करने के लिए आयरन लेने गई थी। जब वह लौटी तो उसका पति दीपक के मुंह पर कंबल डालकर उसे दबा रहा था। शोर मचाने पर आरोपी वहां से भाग गया था।
आरोपी पर दो लाख रुपये का था कर्ज
जांच में पता चला कि आरोपी ओमप्रकाश सब्जी बेचता है। उसपर दो लाख रुपये का कर्ज हो गया था। थाना प्रभारी सुरेश कुमार के नेतृत्व में छह टीम गठित की गई। जांच में पता चला कि आरोपी ओमप्रकाश जींद हरियाणा का रहने वाला है।
21 अक्तूबर को पुलिस ने सूचना पर ओमप्रकाश को बहादुरगढ के सब्जी मंडी के पास से दबोच लिया। उसकी हालत काफी खराब थी। पूछताछ में पता चला कि वारदात के बाद उसने भी जहरीला पदार्थ खा लिया था, जिससे उसे लगातार उल्टियां हो रही थी।
पुलिस ने उसे राव तुलाराम अस्पताल में भर्ती कराया, जहां से उसे दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल में रेफर कर दिया गया है। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि वह कर्ज की वजह से तनाव में था। वह अपने बेटे की हत्या करने के बाद खुदकुशी करने की कोशिश की थी। लेकिन ऐनवक्त पर उसकी पत्नी आ गई थी और वह जहरीला पदार्थ खाने के बाद वहां से भाग गया था।