{"_id":"6795249c395fed217e05e0a9","slug":"waiting-list-reduced-due-to-robotic-operation-in-esic-faridabad-news-c-26-1-gnd1001-37102-2025-01-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Faridabad News: ईएसआईसी में रोबोटिक ऑपरेशन से वेटिंग लिस्ट हुई कम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Faridabad News: ईएसआईसी में रोबोटिक ऑपरेशन से वेटिंग लिस्ट हुई कम
विज्ञापन
अब तक किए जा चुके हैं 22 सफल ऑपरेशन, विद्यार्थियों को दिया जा रहा है प्रशिक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन किए जा रहे हैं। ऑपरेशन में प्रयोग हो रही मशीनें भारत में ही बनीं हैं। सभी तक अस्पताल में कुल 22 सफल रोबोटिक ऑपरेशन किए गए हैं। उसके साथ ही मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण भी दिया गया।
एनआईटी-3 ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में करीब आठ माह पहले रोबोटिक ऑपरेशन की शुरुआत हुई। उसके बाद डॉक्टरों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण दिया गया। फिर डॉक्टरों ने अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन करना शुरू किया। अभी तक अस्पताल में कुल 22 मरीजों का रोबोटिक तकनीक से सफल ऑपरेशन किया जा चुका है। जिसकी रफ्तार धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है। रोबोट की मदद से ऑपरेशन करने पर अल्ट्रासाउंड, सीटी स्कैन या एमआरआई मशीन से ऑपरेशन वाले अंग को चिह्नित कर कमांड देकर सर्जरी की जाती है। उस कारण रोबोटिक ऑपरेशन में चूक की कोई गुंजाइश नहीं रहती है। इस तरह के ऑपरेशन से छोटी और बड़ी आंत, अपेंडिक्स, गुर्दे की सर्जरी, पेट के कैंसर का ऑपरेशन में सहूलियत रहती है। इसके साथ ही ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उससे मेडिकल कॉलेज से पढ़कर निकलने वाले बच्चे रोबोटिक ऑपरेशन करने में प्रशिक्षित होंगे। यह सुविधा जिले में सिर्फ ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को ही मिल रही है।
अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन शुरू होने से मरीजों की वेटिंग लिस्ट कम हुई है। आने वाले समय में बड़े स्तर पर रोबोटिक तकनीक से ऑपरेशन शुरू होंगे। इससे अस्पताल में वेटिंग लिस्ट बिल्कुल समाप्त हो जाएगी। - डॉ. अनिल कुमार पांडे, डीन ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन किए जा रहे हैं। ऑपरेशन में प्रयोग हो रही मशीनें भारत में ही बनीं हैं। सभी तक अस्पताल में कुल 22 सफल रोबोटिक ऑपरेशन किए गए हैं। उसके साथ ही मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण भी दिया गया।
एनआईटी-3 ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में करीब आठ माह पहले रोबोटिक ऑपरेशन की शुरुआत हुई। उसके बाद डॉक्टरों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण दिया गया। फिर डॉक्टरों ने अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन करना शुरू किया। अभी तक अस्पताल में कुल 22 मरीजों का रोबोटिक तकनीक से सफल ऑपरेशन किया जा चुका है। जिसकी रफ्तार धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है। रोबोट की मदद से ऑपरेशन करने पर अल्ट्रासाउंड, सीटी स्कैन या एमआरआई मशीन से ऑपरेशन वाले अंग को चिह्नित कर कमांड देकर सर्जरी की जाती है। उस कारण रोबोटिक ऑपरेशन में चूक की कोई गुंजाइश नहीं रहती है। इस तरह के ऑपरेशन से छोटी और बड़ी आंत, अपेंडिक्स, गुर्दे की सर्जरी, पेट के कैंसर का ऑपरेशन में सहूलियत रहती है। इसके साथ ही ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को रोबोटिक ऑपरेशन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उससे मेडिकल कॉलेज से पढ़कर निकलने वाले बच्चे रोबोटिक ऑपरेशन करने में प्रशिक्षित होंगे। यह सुविधा जिले में सिर्फ ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत विद्यार्थियों को ही मिल रही है।
विज्ञापन
अस्पताल में रोबोटिक ऑपरेशन शुरू होने से मरीजों की वेटिंग लिस्ट कम हुई है। आने वाले समय में बड़े स्तर पर रोबोटिक तकनीक से ऑपरेशन शुरू होंगे। इससे अस्पताल में वेटिंग लिस्ट बिल्कुल समाप्त हो जाएगी। - डॉ. अनिल कुमार पांडे, डीन ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज व अस्पताल
विज्ञापन