फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   Two people were duped of Rs 35 lakh in the name of investment

Faridabad News: निवेश के नाम पर झांसा देकर दो लोगों से 35 लाख की ठगी

Sun, 01 Sep 2024 10:41 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 01 Sep 2024 10:41 PM IST
विज्ञापन
Two people were duped of Rs 35 lakh in the name of investment
शेयर मार्केट और क्रिप्टो करेंसी में निवेश का जालसाजों ने दिया था झांसा, ठगी का अहसास होने पर दी पुलिस को शिकायत
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर के अलग-अलग इलाकों में साइबर ठगों ने शेयर मार्केट और क्रिप्टो करेंशी में निवेश के नाम पर दो लोगों से करीब 35 लाख रुपये ठग लिए। साइबर थाना एनआईटी पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पहले मामले में डबुआ कॉलोनी निवासी सुजीत ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह यहां परिवार के साथ रहते हैं। उनके पास 26 अगस्त को एक अनजान नंबर से फोन आया। फोन करने वाले व्यक्ति ने खुद को एएफएसएल प्राइवेट इक्विटी स्ट्रॉक मार्केट कंपनी का अधिकारी बताया। इस दौरान जालसाजों ने उन्हें सीबी पंजीकरण नंबर के बारे में बताया। इससे उनका कंपनी पर विश्वास बढ़ गया और स्टॉक्स में पैसे लगाने शुरू कर दिए। सारा काम कंपनी के एप से होता था। कंपनी में अमित यादव, खन्ना राठौर, शिया कुमार मुख्य पदों पर हैं। अमित हमेशा उनके साथ व्हाट्सएप पर जुड़ा रहता और शेयर खरीदने और बेचने के बारे में बताता रहता था। वहीं, आरोपियों ने एक अपना व्हाट्सएप ग्रुप बना रखा था, जिसमें 55 से 60 व्यक्ति थे। इस ग्रुप में शिया कुमार और खन्ना राठौर दोनों ही शेयर खरीदने और बेचने की चर्चा करते रहते थे। आरोपियों ने उनका एप पर एक अकाउंट खुलवाया था।
विज्ञापन

बैंक अकाउंट को लॉगिंग के लिए बार-बार करना पड़ता था रिचार्ज
सुजीत ने बताया कि आरोपियों ने एप पर लॉगिंग करवाकर उनका एक प्राइमरी खाता खुलवाया। इसे रिचार्ज करने के लिए कंपनी के व्हाट्सएप नंबर पर कहा जाता था। हर बार पैसे जमा करने के लिए एक नया बैंक अकाउंट नंबर दिया जाता। एप पर पंजीकरण के बाद आरोपियों ने उस पर आईपीओ के शेयर्स खरीदने के लिए दबाव बनाया और कहा कि नहीं खरीदने पर तुम्हारा प्राइमरी अकाउंट बंद कर दिया जाएगा और आप अपना पैसा नहीं निकाल पाओगे। जल्द ज्यादा पैसे कमाने के झांसे और आरोपियों के दबाव में उन्होंने अपने सारे पैसे निवेश कर दिए। इतना ही नहीं दोस्तों से करीब 17 लाख रुपये उधार लेकर जालसाजों के बैंक अकाउंट में जमा कर दिए। इस प्रकार उन्होंने 22 लाख 72 हजार रुपये निवेश के तौर आरोपियों को दे दिए। अगले दिन मुनाफे के साथ उनके निवेश किए रुपये दोगुना 41 लाख 87 हजार 397 रुपये हो गए लेकिन जब उन्होंने अपने मुनाफा सहित पैसों को निकालने का प्रयास किया तो आरोपियों ने तरह-तरह बहाने बनाने शुरू कर दिए। एक दिन जब उन्होंने अमित यादव से कंपनी के सेबी में पंजीकरण नंबर मांगा तो पता चला कि जिस कंपनी में उन्होंने निवेश किया है वह कंपनी फर्जी है। ठगी का अहसास होने पर उन्होंने साइबर थाना एनआईटी को शिकायत दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्रिप्टो करेंसी में निवेश के नाम पर 12 लाख की ठगी
एनआईटी निवासी हनीश खट्टर ने साइबर थाना एनआईटी को दी शिकायत में बताया कि 17 अप्रैल को उन्हें व्हाट्सएप पर एक मैसेज आया, जिसमें टेलीग्राम का एक चैनल ज्वाइन करके क्रिप्टो करेंसी में निवेश की जानकारी दी हुई थी। उन्होंने झांसे में आकर उस चैनल को ज्वाइन कर लिया और उनके कहे अनुसार निवेश करने लगे। जालसाजों ने उन्हें 85 हजार निवेश के लिए कहा। उन्होंने टॉस्क देने वाले व्यक्ति के बैंक खाते में पैसे निवेश कर दिए। इसके बाद आरोपियों ने अलग-अलग बैंक खातों में 12 लाख 77 हजार रुपये निवेश कराए। जब उन्होंने मुनाफा सहित पैसे निकालने का प्रयास किया तो आरोपी उन्हें गुमराह करने लगे। ठगी का अहसास होने पर उन्होंने पुलिस में शिकायत दी। दोनों मामलों में साइबर थाना एनआईटी पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed