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Faridabad News: रेल मदद एप की व्यवस्था में होगा बदलाव
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शिकायत के निस्तारण की जिम्मेदारी संबंधित विभाग और मंडल की तय होगी
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ट्रेन में सफर के दौरान कोई भी समस्या होने पर यात्री रेल मदद एप पर शिकायत दर्ज करते हैं। लेकिन कई बार समस्या का समाधान होने में देरी होती है और इसका खामियाजा यात्री को भुगतना पड़ता है। अब रेलवे व्यवस्था में बदलाव करने जा रहा है। रेल मदद एप पर दर्ज शिकायत जिस विभाग या मंडल से जुड़ी होगी, उसे उसी के खाते में भेजा जाएगा। शिकायत के निस्तारण की जिम्मेदारी भी संबंधित विभाग और मंडल की तय होगी।
रेल मदद एप की शिकायत व्यवस्था की समीक्षा के बाद रेलवे बोर्ड ने सेंटर फार रेलवे इंफार्मेशन सिस्टम (सीआरआइएस) को तकनीकी बदलाव करने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य शिकायत को सही श्रेणी में दर्ज कराने से लेकर वास्तविक जिम्मेदार विभाग तक पहुंचाना और तय समय में उसका निस्तारण सुनिश्चित करना है।
अब यदि यात्री ने ट्रेन में पानी उपलब्ध नहीं होने की शिकायत वाटर अवेलेबिलिटी श्रेणी में दर्ज की है तो डिविजनल कंट्रोल कार्यालय उसे बिना उचित कारण कोच मेंटेनेंस श्रेणी में नहीं बदल सकेगा। रेलवे बोर्ड ने जोनल रेलवे को निर्देश दिए हैं कि शिकायत की मूल श्रेणी से छेड़छाड़ न की जाए। फरीदाबाद स्टेशन अधीक्षक बीएस भंडारी का कहना है कि रेल मदद एप पर आने वाली शिकायतों को संबंधित विभाग तक पहुंचाकर उनका समय पर निस्तारण कराया जाता है। शिकायत सही विभाग या मंडल तक पहुंचने से यात्रियों को जल्द समाधान मिलने में मदद होगी।
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फरीदाबाद। ट्रेन में सफर के दौरान कोई भी समस्या होने पर यात्री रेल मदद एप पर शिकायत दर्ज करते हैं। लेकिन कई बार समस्या का समाधान होने में देरी होती है और इसका खामियाजा यात्री को भुगतना पड़ता है। अब रेलवे व्यवस्था में बदलाव करने जा रहा है। रेल मदद एप पर दर्ज शिकायत जिस विभाग या मंडल से जुड़ी होगी, उसे उसी के खाते में भेजा जाएगा। शिकायत के निस्तारण की जिम्मेदारी भी संबंधित विभाग और मंडल की तय होगी।
रेल मदद एप की शिकायत व्यवस्था की समीक्षा के बाद रेलवे बोर्ड ने सेंटर फार रेलवे इंफार्मेशन सिस्टम (सीआरआइएस) को तकनीकी बदलाव करने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य शिकायत को सही श्रेणी में दर्ज कराने से लेकर वास्तविक जिम्मेदार विभाग तक पहुंचाना और तय समय में उसका निस्तारण सुनिश्चित करना है।
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अब यदि यात्री ने ट्रेन में पानी उपलब्ध नहीं होने की शिकायत वाटर अवेलेबिलिटी श्रेणी में दर्ज की है तो डिविजनल कंट्रोल कार्यालय उसे बिना उचित कारण कोच मेंटेनेंस श्रेणी में नहीं बदल सकेगा। रेलवे बोर्ड ने जोनल रेलवे को निर्देश दिए हैं कि शिकायत की मूल श्रेणी से छेड़छाड़ न की जाए। फरीदाबाद स्टेशन अधीक्षक बीएस भंडारी का कहना है कि रेल मदद एप पर आने वाली शिकायतों को संबंधित विभाग तक पहुंचाकर उनका समय पर निस्तारण कराया जाता है। शिकायत सही विभाग या मंडल तक पहुंचने से यात्रियों को जल्द समाधान मिलने में मदद होगी।
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