फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   kisan panjikaran plan not working in faridabad

समयावधि खत्म, सिरे नहीं चढ़ पाई किसान पंजीकरण योजना

Mon, 23 May 2016 10:10 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद Updated Mon, 23 May 2016 10:10 AM IST
विज्ञापन

छह माह बाद भी सरकार के पास जिले के किसानों का ब्यौरा एकत्रित नहीं कर पाई है। आढ़तियों द्वारा फार्म भरने में दिलचस्पी नहीं दिखाई। लिहाजा जिले की मंडियों से एक भी किसान पंजीकरण फार्म नहीं भरा गया। अहम पहलू यह भी है कि फार्म भरकर कार्यालय में जमा कराने की समयावधि भी समाप्त हो चुकी है। इसलिए अब सरकार ने यह जिम्मा मार्केट कमेटी को सौंप दिया है।

विज्ञापन


दरअसल, अक्तूबर माह में हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड ने किसान पंजीकरण फार्म भरने के लिए मार्केट कमेटी को जिम्मा सौंपा था। मार्केट कमेटी ने तुरंत ही आढ़तियों को फार्म भरने के लिए आवंटित कर दिए। 15 मई तक फार्म भरकर कार्यालय में जमा कराने की समयावधि निर्धारित की गई। लेकिन इस अवधि के भीतर आढ़तियों ने एक भी फार्म नहीं जमा कराया।
विज्ञापन


फार्म न आने पर मार्केट कमेटी कार्यालय के अधिकारियों की चिंता बढ़ती जा रही है। हालांकि कार्यालय के कर्मचारियों ने अपने स्तर पर कुछेक फार्म जरूर भरवाए है, लेकिन वे भी आधे-अधूरे है। अलबत्ता कमेटी अधिकारी इन फार्मो को मुख्यालय में भेजने से हिचकिचा रहे है, क्योंकि इनमें पूरे दस्तावेज नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इतना ही नहीं, आढ़तियों ने वितरित किए गए फार्म भी वापस नहीं लौटाए है। बल्लभगढ़ अनाज मंडी में करीब तीन हजार फार्म आढ़तियों को आवंटित किए गए थे। फार्म में किसानों का पूरा ब्यौरा विस्तार से भरना था, मगर आढ़तियों ने इसमें कोई रूचि नहीं दिखाई।

क्या है किसान पंजीकरण फार्म
मार्केट बोर्ड की ओर से किसानों का ब्यौरा एकत्रित करने के लिए किसान पंजीकरण फार्म भरवाने के लिए मार्केट कमेटी कार्यालय में भेजे गए थे। फार्म में आढ़ती की तमाम जानकारी से लेकर उसकी लाईसेंस संख्या, आधार नंबर, मंडी नाम व मोबाइल नंबर शामिल है। किसान सहित परिवार के सभी सदस्यों का ब्यौर मांगा गया है।

इसमें किसान का नाम, आधार नंबर, जन्म तिथि, माता-पिता का नाम, पता, मोबाइल नंबर, जमीन ब्यौरा, बैंक का नाम, खाता नंबर, आइएफएससी कोर्ड सहित तमाम जानकारी फार्म भरने के साथ-साथ इनके दस्तावेज भी लगाने अनिवार्य है।

फार्म भरवाने की जिम्मेदारी आढ़तियों की नहीं थी। मुनादी करा कर कमेटी ने फार्म भरवाने थे। आढ़ती कहां से राशन कार्ड, आधार कार्ड व बैंक नंबर लेकर आएं। किसानों के परिवार के सदस्यों की जानकारी जुटाना आढ़तियों का काम नहीं है। -सुनील भारद्वाज, प्रधान, अनाज मंडी एसोसिएशन


फार्म भरवाने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। ये फार्म सिर्फ किसानों का ब्यौरा एकत्रित करने के लिए है। भविष्य में सरकार किसानों के लिए जो भी योजनाएं चलाएगी, वे सीधे उनके पास पहुंचेगी। 
-राहुल यादव, सचिव माकेट कमेटी 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed