{"_id":"611fe6978ebc3e79b801e58a","slug":"dengue-malaria-cases-surfaced-after-corona-faridabad-news-noi6002243195","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना के बाद सामने आए डेंगू-मलेरिया के मामले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना के बाद सामने आए डेंगू-मलेरिया के मामले
विज्ञापन
फरीदाबाद। कोरोना के बाद स्वास्थ्य विभाग डेंगू मलेरिया की चुनौतियों से जूझता नजर आ रहा है। बीते कुछ दिनों में ही जिले में आठ मामले सामने आ गए हैं। इसमें मलेरिया के पांच व डेंगू के तीन मामले सामने आए हैं। दो मामले संदिग्ध भी सामने आए हैं।
ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू मलेरिया की रोकथाम के लिए न सिर्फ एंटी लार्वा एक्टिविटी बढ़ाई है, बल्कि कार्रवाई भी तेज कर दी है। बीते 24 घंटों में स्वास्थ्य विभाग ने 75 लोगों के रिहायशी व कमर्शियल क्षेत्र में डेंगू का लार्वा मिलने पर कारण बताओ नोटिस थमाए दिए हैं। मलेरिया एवं डेंगू नियंत्रण विभाग अधिकारी डॉ. रामभगत ने बताया कि जिले में डेंगू और मलेरिया को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। लगातार लोगों को सतर्क रहने की अपील की जा रही है। बावजूद इसके घरों व सार्वजनिक जगहों के बाहर मच्छर का लार्वा मिल रहा है। ऐसे में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्ती का रूख अख्तियार किया जाएगा। बीते दो वर्षों से लोग कोरोना की मार झेल रहे हैं। ऐसे में थोड़ी लापरवाही एक और बीमारी खतरनाक साबित हो सकती है।
डेंगू के मामलों का बीते कुछ वर्षों का आंकड़ा
वर्ष मामले
2017 153
2016 107
2015 457
2014 46
वर्जन-
लोग स्वास्थ्य को लेकर लापरवाह न बनें। कोरोना के साथ डेंगू मलेरिया से भी बचाव जरूरी है। घरों के बाहर व अपने आस-पास बरसाती पानी एकत्र होने से रोकें। इसमें मच्छर पनप कर डेंगू मलेरिया को न्यौता दे रहे हैं। फिलहाल जिले में मिले मरीजों की हालत स्थिर है लेकिन लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। - डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन
ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू मलेरिया की रोकथाम के लिए न सिर्फ एंटी लार्वा एक्टिविटी बढ़ाई है, बल्कि कार्रवाई भी तेज कर दी है। बीते 24 घंटों में स्वास्थ्य विभाग ने 75 लोगों के रिहायशी व कमर्शियल क्षेत्र में डेंगू का लार्वा मिलने पर कारण बताओ नोटिस थमाए दिए हैं। मलेरिया एवं डेंगू नियंत्रण विभाग अधिकारी डॉ. रामभगत ने बताया कि जिले में डेंगू और मलेरिया को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। लगातार लोगों को सतर्क रहने की अपील की जा रही है। बावजूद इसके घरों व सार्वजनिक जगहों के बाहर मच्छर का लार्वा मिल रहा है। ऐसे में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्ती का रूख अख्तियार किया जाएगा। बीते दो वर्षों से लोग कोरोना की मार झेल रहे हैं। ऐसे में थोड़ी लापरवाही एक और बीमारी खतरनाक साबित हो सकती है।
विज्ञापन
डेंगू के मामलों का बीते कुछ वर्षों का आंकड़ा
वर्ष मामले
2017 153
2016 107
2015 457
2014 46
वर्जन-
लोग स्वास्थ्य को लेकर लापरवाह न बनें। कोरोना के साथ डेंगू मलेरिया से भी बचाव जरूरी है। घरों के बाहर व अपने आस-पास बरसाती पानी एकत्र होने से रोकें। इसमें मच्छर पनप कर डेंगू मलेरिया को न्यौता दे रहे हैं। फिलहाल जिले में मिले मरीजों की हालत स्थिर है लेकिन लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। - डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
विज्ञापन