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पिछले एक सप्ताह में 80 घरों में मिला डेंगू मच्छर का लार्वा
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फरीदाबाद। जिले में डेंगू व मलेरिया के एक-एक मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। पिछले एक सप्ताह में करीब 80 घरों में डेंगू का लार्वा मिला है, जबकि जून से अभी तक 700 से अधिक घरों में कूलर, पानी की टंकी, गमला सहित अन्य जगहों पर लार्वा मिल चुके हैं। पहली बार लार्वा मिलने पर मकान मालिक को नोटिस देकर छोड़ दिया गया। दूसरी बार मिलने पर चालान हो सकता है।
जिला मलेरिया विभाग की जनता कॉलोनी, जवाहर कॉलोनी, राहुल कॉलोनी, डबुआ कॉलोनी सहित कई जगहों पर घर-घर जाकर डेंगू मच्छर के लार्वा की जांच की गई। इस दौरान टीम ने करीब 80 घरों में पानी की टंकी, गमले और कूलरों के पानी में लार्वा पाया। यह अभियान एनआईटी-2 की टीम की ओर से चलाया गया। टीम इंचार्ज हरेंद्र सिंह ने बताया कि इन कॉलोनियों के कई घरों में बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान की गई है, उन्हें खून की जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं। जहां भी डेंगू मच्छर का लार्वा पाया गया है, टीम वहां जाकर दवाई का छिड़काव कर रही है। संबंधित व्यक्ति को नोटिस थमाया गया और पांच दिनों में अन्य जगहों पर पनप रहे लार्वा को समाप्त करने के लिए कहा गया। मालूम हो कि कोरोना के बाद स्वास्थ्य विभाग डेंगू-मलेरिया की चुनौतियों से जूझता नजर आ रहा है। बीते कुछ दिनों में ही जिले में कोरोना के मरीजों में भी लगातार वृद्धि हो रही है। वहीं, मलेरिया व डेंगू के भी एक-एक मरीज की पहचान हो चुकी है।
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वर्जन
लोग स्वास्थ्य को लेकर लापरवाह न बनें। कोरोना के साथ डेंगू मलेरिया से भी बचाव जरूरी है। घरों के बाहर व अपने आसपास बरसाती पानी एकत्र होने से रोकें। इसमें मच्छर पनपकर डेंगू मलेरिया फैला सकते हैं।
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- डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
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जिला मलेरिया विभाग की जनता कॉलोनी, जवाहर कॉलोनी, राहुल कॉलोनी, डबुआ कॉलोनी सहित कई जगहों पर घर-घर जाकर डेंगू मच्छर के लार्वा की जांच की गई। इस दौरान टीम ने करीब 80 घरों में पानी की टंकी, गमले और कूलरों के पानी में लार्वा पाया। यह अभियान एनआईटी-2 की टीम की ओर से चलाया गया। टीम इंचार्ज हरेंद्र सिंह ने बताया कि इन कॉलोनियों के कई घरों में बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान की गई है, उन्हें खून की जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं। जहां भी डेंगू मच्छर का लार्वा पाया गया है, टीम वहां जाकर दवाई का छिड़काव कर रही है। संबंधित व्यक्ति को नोटिस थमाया गया और पांच दिनों में अन्य जगहों पर पनप रहे लार्वा को समाप्त करने के लिए कहा गया। मालूम हो कि कोरोना के बाद स्वास्थ्य विभाग डेंगू-मलेरिया की चुनौतियों से जूझता नजर आ रहा है। बीते कुछ दिनों में ही जिले में कोरोना के मरीजों में भी लगातार वृद्धि हो रही है। वहीं, मलेरिया व डेंगू के भी एक-एक मरीज की पहचान हो चुकी है।
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लोग स्वास्थ्य को लेकर लापरवाह न बनें। कोरोना के साथ डेंगू मलेरिया से भी बचाव जरूरी है। घरों के बाहर व अपने आसपास बरसाती पानी एकत्र होने से रोकें। इसमें मच्छर पनपकर डेंगू मलेरिया फैला सकते हैं।
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- डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी