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Faridabad News: जन्मतिथि पूछकर साइबर ठगों ने बनाया शिकार, खाते से निकल गए 10 लाख रुपये
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- साइबर अपराध के पुराने मामलें भी चौकाने वाले
संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। जिले में साइबर ठगी के बढ़ते मामलों के बीच ठगों ने एक बार फिर शातिर तरीके से वारदात को अंजाम दिया है। इस बार ठगों ने केवल जन्मतिथि पूछकर एक व्यक्ति के बैंक खाते से 10 लाख रुपये निकाल लिए। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना पलवल में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। होडल क्षेत्र के पैगलतू गांव निवासी जयराम शर्मा ने साइबर पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 26 दिसंबर को उनके मोबाइल पर एक कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को बैंक का कर्मचारी बताया और खाते से जुड़ी जानकारी की पुष्टि के नाम पर उनकी जन्मतिथि पूछी। बैंक से जुड़ा मामला समझकर जयराम शर्मा ने बिना किसी संदेह के अपनी जन्मतिथि बता दी।
पीड़ित के अनुसार, इसके बाद सब कुछ सामान्य चलता रहा, लेकिन तीन दिन बाद 29 दिसंबर 2025 की शाम करीब चार बजे उनके मोबाइल पर लगातार मैसेज आने लगे। मैसेज में खाते से पहले एक लाख, फिर पांच लाख और उसके बाद चार लाख रुपये निकाले जाने की जानकारी मिली। घबराकर जब वह बैंक पहुंचे तो पता चला कि उनके खाते में एक फर्जी ई-मेल आईडी दर्ज कर दी गई थी, जिसके जरिए यह पूरी धोखाधड़ी की गई।
पीड़ित ने तत्काल ऑनलाइन माध्यम से साइबर पुलिस को शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभिक जांच में धोखाधड़ी की पुष्टि होने के बाद साइबर थाना पलवल ने 30 दिसंबर को एफआईआर दर्ज कर ली। पुलिस मामले की तकनीकी जांच में जुटी हुई है।
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यह मामला जिले में साइबर अपराधों के लगातार बढ़ते ग्राफ की ओर एक बार फिर इशारा करता है। पिछले वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो साइबर अपराध पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं। वर्ष 2024 में जिले में साइबर अपराध से जुड़ी 121 एफआईआर दर्ज हुई थीं, जबकि इस वर्ष यह संख्या बढ़कर 221 तक पहुंच गई है। वहीं एनसीआरपी पोर्टल पर इस वर्ष अब तक तीन हजार से अधिक शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं, जबकि पिछले साल साइबर ठगी की 2882 शिकायतें सामने आई थीं।
गिरफ्तारियों के आंकड़े भी बढ़े हैं। 2024 में जहां 95 साइबर आरोपित पकड़े गए थे, वहीं 2025 में 250 से अधिक साइबर अपराधियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें 33 से अधिक हरियाणा के जबकि शेष दिल्ली एनसीआर, झारखंड, बिहार, उत्तराखंड, बंगाल और नेपाल जैसे क्षेत्रों से जुड़े बताए गए हैं।
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संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। जिले में साइबर ठगी के बढ़ते मामलों के बीच ठगों ने एक बार फिर शातिर तरीके से वारदात को अंजाम दिया है। इस बार ठगों ने केवल जन्मतिथि पूछकर एक व्यक्ति के बैंक खाते से 10 लाख रुपये निकाल लिए। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना पलवल में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। होडल क्षेत्र के पैगलतू गांव निवासी जयराम शर्मा ने साइबर पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 26 दिसंबर को उनके मोबाइल पर एक कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को बैंक का कर्मचारी बताया और खाते से जुड़ी जानकारी की पुष्टि के नाम पर उनकी जन्मतिथि पूछी। बैंक से जुड़ा मामला समझकर जयराम शर्मा ने बिना किसी संदेह के अपनी जन्मतिथि बता दी।
पीड़ित के अनुसार, इसके बाद सब कुछ सामान्य चलता रहा, लेकिन तीन दिन बाद 29 दिसंबर 2025 की शाम करीब चार बजे उनके मोबाइल पर लगातार मैसेज आने लगे। मैसेज में खाते से पहले एक लाख, फिर पांच लाख और उसके बाद चार लाख रुपये निकाले जाने की जानकारी मिली। घबराकर जब वह बैंक पहुंचे तो पता चला कि उनके खाते में एक फर्जी ई-मेल आईडी दर्ज कर दी गई थी, जिसके जरिए यह पूरी धोखाधड़ी की गई।
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पीड़ित ने तत्काल ऑनलाइन माध्यम से साइबर पुलिस को शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभिक जांच में धोखाधड़ी की पुष्टि होने के बाद साइबर थाना पलवल ने 30 दिसंबर को एफआईआर दर्ज कर ली। पुलिस मामले की तकनीकी जांच में जुटी हुई है।
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यह मामला जिले में साइबर अपराधों के लगातार बढ़ते ग्राफ की ओर एक बार फिर इशारा करता है। पिछले वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो साइबर अपराध पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं। वर्ष 2024 में जिले में साइबर अपराध से जुड़ी 121 एफआईआर दर्ज हुई थीं, जबकि इस वर्ष यह संख्या बढ़कर 221 तक पहुंच गई है। वहीं एनसीआरपी पोर्टल पर इस वर्ष अब तक तीन हजार से अधिक शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं, जबकि पिछले साल साइबर ठगी की 2882 शिकायतें सामने आई थीं।
गिरफ्तारियों के आंकड़े भी बढ़े हैं। 2024 में जहां 95 साइबर आरोपित पकड़े गए थे, वहीं 2025 में 250 से अधिक साइबर अपराधियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें 33 से अधिक हरियाणा के जबकि शेष दिल्ली एनसीआर, झारखंड, बिहार, उत्तराखंड, बंगाल और नेपाल जैसे क्षेत्रों से जुड़े बताए गए हैं।