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कार चुराते रंगेहाथ दो पकड़े गए, कार चोरी करवाने वाला भी धरा गया
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Tue, 26 Apr 2016 10:43 AM IST
सार
- सीआईए सेक्टर-56 टीम ने रेकी कर सेक्टर 22 से रात में पकड़ा
- कार चोरी करवाने वाला भी धरा गया, खरीदने वाले की तलाश में पुलिस
- कोडवर्ड में बात करते थे आरोपी, ऑल्टो को आलू, वैगनार को बैगन और सेंट्रो को टमाटर कहते थे
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- फोटो : getty
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विस्तार
फरीदाबाद सीआईए सेक्टर-56 की टीम ने बीते बृहस्पतिवार की रात सेक्टर-22 में कार चोरी कर रहे राजेश और सागर निवासी आदर्श नगर बल्लभगढ़ को रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम ने राजेश के बताने पर कार चोरी करवाने वाले दिनेश उर्फ सोनू निवासी जोया अमरोहा को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने पांच कारें, एक कटी हुई कार और दो इंजन बरामद किए हैं। आरोपियों से चोरी की कारें खरीदने वाले युवक की तलाश में टीम जल्द ही यूपी के काशीपुर, अमरोहा रवाना होगी।
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पकड़े गए राजेश ने बताया कि वह मूल रूप से मऊ (यूपी) के घोसी गांव का रहने वाला है। वह और दिनेश उर्फ सोनू एक फैक्ट्री में साथ काम करते थे, फैक्ट्री बंद होने पर दोनों की नौकरी चली गई। करीब दो साल पहले दिल्ली में मारपीट में राजेश जेल भेजा गया था। वहां उसकी पहचान एक अपराधी से हुई, जिसने उसे चाभी बनाकर कार चोरी करना सिखाया।
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जोया अमरोहा (यूपी) के रहने वाले दिनेश की जान पहचान चोरी की कार खरीदने वाले काशीपुर निवासी युवक से थी। राजेश के जेल से बाहर आने के बाद दोनों की मुलाकात हुई। राजेश कार चुराता और दिनेश उसे काशीपुर जाकर बेच आता। एक कार 13 हजार मेें बिकती, जिसमें से राजेश को सात हजार, दिनेश को पांच हजार और सागर को एक हजार रुपये मिलते थे। क्राइम ब्रांच इंचार्ज इंस्पेक्टर आनंद ने बताया कि कार खरीदने वाले युवक की गिरफ्तारी के लिए टीम रवाना की गई है।
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सीसीटीवी फुटेज से हुई पहचान
राजेश और सागर रात में 1 से 3 बजे के बीच सड़क पर लावारिस हालात में खड़ी 2008 से पुराने मॉडल की ऑल्टो, वैगनार और सेंट्रो खोजते थे। राजेश काले बैग में चाभी बनाने के औजार रखता था। पिछले एक साल में इन लोगों ने जवाहर कॉलोनी, सेक्टर 55, बल्लभगढ़ और सेक्टर 22 से 14 कारें चोरी की थीं। क्राइम ब्रांच को सीसीटीवी फुटेज में बाइक पर पीछे काला बैग लिए हुए बैठे युवक की पहचान हुई थी। तभी पांच टीमें बनाकर सड़क पर खड़ी कारों के आस पास तैनात कर दी गईं थीं। बृहस्पतिवार की रात टीम ने एक बाइक पर सवार दो लोग देखे, पीछे बैठे युवक के हाथ में काला बैग था। युवक ने बैग में से औजार निकाल कर एक कार के दरवाजे का लॉक तोड़ा और टीम ने उसे पकड़ लिया। राजेश ने बताया कि कार के दरवाजे का लॉक निकाल कर ले जाता था और एकांत में चाभी बनाकर वापस लौट कार स्टार्ट करके ले जाता। सागर का काम उसे बाइक से घटनास्थल तक ले जाना था।
पुलिस से बचने को कोडवर्ड में करते थे बात
पुलिस से बचने के लिए चोर कारों को सब्जी के नाम से बुलाते थे। ऑल्टो को आलू, वैगनार को बैगन और सेंट्रो को टमाटर कहा जाता। काशीपुर में बैठा खरीदार कार की कंडीशन जानने के लिए पूछता कि सब्जी कटी फटी या सड़ी हुई तो नहीं है। कार की स्थिति देख कर उसे बताया जाता कि आलू में कुछ दाग हैं, बैंगन ताजा है या हल्का कटा हुआ है। टमाटर का रंग हल्का पड़ गया है आदि।