फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   Challenge for corporation to recover fine after challan

Faridabad News: चालान के बाद जुर्माना राशि वसूलना निगम के लिए चुनौती

Tue, 13 Jun 2023 05:45 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 13 Jun 2023 05:45 PM IST
विज्ञापन
Challenge for corporation to recover fine after challan
5492 चालान कर 3961100 रुपये का लगाया जुर्माना, वसूली मात्र 1027900 रुपये
विज्ञापन





अमर उजाला ब्यूरो

फरीदाबाद। नगर निगम प्रतिबंधित प्लास्टिक पर चालान कर दुकानदारों व रेहड़ी-पटरी वालों से जुर्माना राशि वसूल नहीं कर पा रहा है। निगम ने पिछले साल जुलाई से इस साल मई तक 5492 चालान कर 3961100 रुपये का जुर्माना लगाया है जबकि वसूली 1027900 रुपये की हुई है। निगम को पैसे वसूलने में पसीने छूट रहे हैं।

नगर निगम ने पिछले साल एक जुलाई से शहर में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स को सख्ती से लागू कर दिया था। इसके लिए नगर निगम की एनफोर्समेंट टीमें दुकानदारों और स्टॉकिस्ट का चालान कर रही हैं। इसके लिए 41 टीमों को लगाया गया है। शुरुआत में इस पर ज्यादा सख्ती हुई, पर अब ऐसा नहीं है। वहीं, नगर निगम इस साल जनवरी से 120 माइक्रोन तक के प्लास्टिक मिलने पर चालान कर रहा है। इसमें 100 ग्राम प्लास्टिक मिलने पर 500 रुपये, 101 से 500 ग्राम तक 1500 रुपये, 501 से 1 किलोग्राम तक तीन हजार, एक से पांच किलो तक 10 हजार रुपये, 10 किलो अथवा अधिक प्लास्टिक मिलने पर 25 हजार रुपये तक जुर्माना होता है। इसके तहत नगर निगम लाखों रुपये का चालान कर चुका है। निगम को चालान करने के बाद वसूली में परेशानी आ रही है।
विज्ञापन

निगम एप 311 पर एमसीएफ चालान करता है। इस पर जुर्माना भरने के लिए एक मैसेज दुकानदार के मोबाइल पर जाता है। कई बार इसमें दिक्कत होने पर ऑनलाइन पेमेंट नहीं हो पाती है। ऐसे में पांच सौ रुपये का जुर्माना राशि वसूलना नगर निगम को भारी पड़ रहा है। दूसरा कई ऐसे रेहड़ी-पटरी वाले होते हैं जो अपना स्थान बदल लेते हैं। ऐसे में उन्हें दोबारा पैसे के भुगतान के लिए नोटिस देने में भी परेशानी आ रही है। निगम ने पहले चालान का पैसा हाउस टैक्स के साथ जोड़ने की योजना बनाई थी। हालांकि इस पर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है। दूसरी ओर निगम का अपनी आय बढ़ाने पर जोर है, जिससे विकास कार्य प्रभावित नहीं हों। निगम कई कार्य अपने फंड से करता है।
विज्ञापन
विज्ञापन




प्रतिबंधित पॉलिथीन चालान के लाखों रुपये बकाया

नगर निगम पिछले साल एक जुलाई से प्रतिबंधित पॉलिथीन प्रयोग करने वालों का चालान कर रहा है। निगम की टीमों ने पिछले साल जुलाई से मई 2023 तक कुल 5492 लोगों का चालान किया था। इसमें 1558.46 किलो प्लॉस्टिक बरामद कर 3961100 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसमें से 1027900 रुपये की वसूली हुई है। अभी भी करीब 28 लाख रुपये वसूलने बाकी हैं। यह केवल प्रतिबंधित प्लास्टिक के चालान के पैसे हैं। अन्य चालान के पैसे अलग से हैं।

खुले में कूड़ा फेंकने वाले भी नहीं भर रहे चालान
निगम खुले में कूड़ा फेंकने व जलाने वालों का भी चालान कर जुर्माना लगा रहा है। पिछले साल जुलाई में 30 लोगों का खुले में कूड़ा फेंकने पर चालान किया गया था। इसमें 14 लोगों ने 36500 रुपये का जुर्माना भरा, जबकि 16 ने पैसे नहीं दिए। अगस्त में 29 चालान कर 18000 रुपये का जुर्माना किया गया, 10 लोगों ने पैसे दिए जबकि 19 ने नहीं दिए। सितंबर में 26 चालान कर 19200 का चालान हुआ। एक ने 500 रुपये का ही जुर्माना भरा, 25 ने पैसे नहीं भरे। अक्तूबर में 47 में से तीन ने जुर्माना भरा। 41 लोगों ने जुर्माना नहीं भरा। नवंबर में 28 चालान कर 23000 रुपये का जुर्माना लगाया, इसमें 12 से पैसे दिए जबकि 16 ने नहीं दिए। दिसंबर में 45 लोगों का चालान कर 39000 रुपये का चालान किया गया। खुले में कूड़ा फेंकने का 500 रुपये चालान होता है।





बल्क वेस्ट वसूली में भी परेशानी

नगर निगम बल्क वेस्ट का भी चालान कर रहा है। इसमें भी जुर्माना राशि वसूलने में परेशानी होती है। इसके तहत 50 किलो से ज्यादा कूड़ा निकालने वाले संस्थानों को अपने स्तर पर निस्तारित करने के निर्देश हैं। इसमें 25 हजार रुपये का चालान होता है।



काफी संख्या में लोगों ने जुर्माने की राशि नहीं भरी है। ऐसे लोगों को कई बार पैसे जमा कराने को कहा जा चुका है। अब सख्त कार्रवाई की जाएगी।
-डॉ. प्रभजोत सिंह, स्वास्थ्य अधिकारी नगर निगम
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed