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Faridabad News: पिता की मेहनत और बेटी के सब्र ने लिखी कामयाबी की कहानी
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जैनाव खातून ने एचसीएस परीक्षा में हासिल की 10वीं रैंक, ओबीसी श्रेणी में रहीं अव्वल
सूरज कुमार
फरीदाबाद। साधारण परिवार से निकलकर बड़े सपने देखना और उन्हें पूरा करने के लिए सालों तक मेहनत करना आसान नहीं होता लेकिन जैनाव खातून ने अपने सब्र, लगन और पढ़ाई के दम पर यह कर दिखाया। बल्लभगढ़ की राजीव कॉलोनी निवासी जैनाव ने हरियाणा सिविल सर्विस परीक्षा 2025 में ओवरऑल 10वीं रैंक हासिल की है। ओबीसी श्रेणी में उन्होंने पहला स्थान प्राप्त किया है। उनकी सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है।
जैनाव के पिता गुलाब अहमद एक कंपनी में नौकरी करते हैं। बेटी की इस उपलब्धि पर उन्हें गर्व है। उन्होंने बताया कि जैनाव का चयन वर्ष 2023 में भी हुआ था, लेकिन उस समय उनकी रैंक अच्छी नहीं आई थी। इसके बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी। पिछले पांच साल से वह सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रही थीं। उनकी मेहनत आखिरकार रंग लाई। जैनाव की शैक्षणिक यात्रा भी प्रेरणादायक है। उन्होंने गणित में बीएससी की। इसके बाद गणित में एमएससी और जामिया मिल्लिया इस्लामिया नई दिल्ली से पीएचडी की। वह पहले से ही हरियाणा में जिला खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। वर्तमान में उनकी तैनाती चंडीगढ़ में है।
बता दें कि एचसीएस परीक्षा के लिए प्रारंभिक परीक्षा 26 अप्रैल 2026 को हुई थी। मुख्य परीक्षा 27 से 29 जून तक आयोजित की गई, जबकि साक्षात्कार 3 से 8 अक्तूबर तक हुए। जैनाव ने कहा कि लगातार प्रयास और धैर्य से लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
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सूरज कुमार
फरीदाबाद। साधारण परिवार से निकलकर बड़े सपने देखना और उन्हें पूरा करने के लिए सालों तक मेहनत करना आसान नहीं होता लेकिन जैनाव खातून ने अपने सब्र, लगन और पढ़ाई के दम पर यह कर दिखाया। बल्लभगढ़ की राजीव कॉलोनी निवासी जैनाव ने हरियाणा सिविल सर्विस परीक्षा 2025 में ओवरऑल 10वीं रैंक हासिल की है। ओबीसी श्रेणी में उन्होंने पहला स्थान प्राप्त किया है। उनकी सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है।
जैनाव के पिता गुलाब अहमद एक कंपनी में नौकरी करते हैं। बेटी की इस उपलब्धि पर उन्हें गर्व है। उन्होंने बताया कि जैनाव का चयन वर्ष 2023 में भी हुआ था, लेकिन उस समय उनकी रैंक अच्छी नहीं आई थी। इसके बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी। पिछले पांच साल से वह सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रही थीं। उनकी मेहनत आखिरकार रंग लाई। जैनाव की शैक्षणिक यात्रा भी प्रेरणादायक है। उन्होंने गणित में बीएससी की। इसके बाद गणित में एमएससी और जामिया मिल्लिया इस्लामिया नई दिल्ली से पीएचडी की। वह पहले से ही हरियाणा में जिला खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। वर्तमान में उनकी तैनाती चंडीगढ़ में है।
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बता दें कि एचसीएस परीक्षा के लिए प्रारंभिक परीक्षा 26 अप्रैल 2026 को हुई थी। मुख्य परीक्षा 27 से 29 जून तक आयोजित की गई, जबकि साक्षात्कार 3 से 8 अक्तूबर तक हुए। जैनाव ने कहा कि लगातार प्रयास और धैर्य से लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
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