{"_id":"698f7321a43f7ba412086866","slug":"2942-patients-received-rabies-injections-at-bk-hospital-in-january-faridabad-news-c-26-1-fbd1020-62812-2026-02-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Faridabad News: बीके अस्पताल में जनवरी माह में 2942 मरीजों ने लगवाए रेबीज इंजेक्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Faridabad News: बीके अस्पताल में जनवरी माह में 2942 मरीजों ने लगवाए रेबीज इंजेक्शन
विज्ञापन
कुत्ता काटने पर घाव को तत्काल साबुन और पानी से अच्छी तरह धोना जरूरी
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले में कुत्तों के काटने के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है। प्रशासन की ओर से किताबी कार्रवाई के अलावा धरातल पर कोई कार्य नहीं किया जा रहा है। जनवरी माह में बीके अस्पताल में 2942 मरीजों ने रेबीज इंजेक्शन लगवाएं हैं।
यदि बीते वर्ष 2025 की बात की जाए, तो बीके अस्पताल में कुल 28478 मरीजों ने रेबीज के इंजेक्शन लगवाए हैं। इन मरीजों में महिलाएं, बुजुर्ग, बच्चे व युवा शामिल हैं। यह आंकड़ा केवल बीके अस्पताल का है, इसके अलावा भी कई लोग जिले में बने स्वास्थ्य केंद्र, निजी अस्पताल व क्लीनिकों पर रेबीज इंजेक्शन लगवाते हैं। वर्ष 2024 में रेबीज मरीजों का आंकड़ा 23215 था, जबकि 2023 में 21600 था। बीके अस्पताल में पहले केवल सोमवार से शुक्रवार दोपहर दो बजे तक रेबीज इंजेक्शन लगाए जाते थे लेकिन बढ़ते मामलों के बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से आपातकालीन विभाग में भी रेबीज इंजेक्शन लगवाने की सुविधा शुरू कर दी गई। इसके बाद से सोमवार से शुक्रवार दोपहर दो बजे तक इंजेक्शन रूम में यह सेवा उपलब्ध है।
प्रतिदिन पहुंच रहे 100 से अधिक मरीज
बीके अस्पताल में प्रतिदिन 100 से अधिक मरीज इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि कुत्ता काटने पर घाव को तत्काल साबुन और पानी से अच्छी तरह धोना जरूरी है और इसके बाद बिना देर किए अस्पताल पहुंचकर इंजेक्शन लगवाना चाहिए। चिकित्सकों का कहना है कि लोग पालतू जानवरों के साथ सावधानी बरतें, खासतौर पर छोटे बच्चों को अकेले पालतू कुत्तों के पास न छोड़ें। पालतू जानवरों को समय पर वैक्सीनेट कराना जरूरी है और किसी भी काटने की घटना के बाद तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए। लोगों का आरोप है कि नगर निगम इस समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा है। नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि लावारिस कुत्तों पर नियंत्रण के लिए जल्द कार्रवाई की जाए, ताकि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले में कुत्तों के काटने के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है। प्रशासन की ओर से किताबी कार्रवाई के अलावा धरातल पर कोई कार्य नहीं किया जा रहा है। जनवरी माह में बीके अस्पताल में 2942 मरीजों ने रेबीज इंजेक्शन लगवाएं हैं।
यदि बीते वर्ष 2025 की बात की जाए, तो बीके अस्पताल में कुल 28478 मरीजों ने रेबीज के इंजेक्शन लगवाए हैं। इन मरीजों में महिलाएं, बुजुर्ग, बच्चे व युवा शामिल हैं। यह आंकड़ा केवल बीके अस्पताल का है, इसके अलावा भी कई लोग जिले में बने स्वास्थ्य केंद्र, निजी अस्पताल व क्लीनिकों पर रेबीज इंजेक्शन लगवाते हैं। वर्ष 2024 में रेबीज मरीजों का आंकड़ा 23215 था, जबकि 2023 में 21600 था। बीके अस्पताल में पहले केवल सोमवार से शुक्रवार दोपहर दो बजे तक रेबीज इंजेक्शन लगाए जाते थे लेकिन बढ़ते मामलों के बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से आपातकालीन विभाग में भी रेबीज इंजेक्शन लगवाने की सुविधा शुरू कर दी गई। इसके बाद से सोमवार से शुक्रवार दोपहर दो बजे तक इंजेक्शन रूम में यह सेवा उपलब्ध है।
विज्ञापन
प्रतिदिन पहुंच रहे 100 से अधिक मरीज
बीके अस्पताल में प्रतिदिन 100 से अधिक मरीज इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि कुत्ता काटने पर घाव को तत्काल साबुन और पानी से अच्छी तरह धोना जरूरी है और इसके बाद बिना देर किए अस्पताल पहुंचकर इंजेक्शन लगवाना चाहिए। चिकित्सकों का कहना है कि लोग पालतू जानवरों के साथ सावधानी बरतें, खासतौर पर छोटे बच्चों को अकेले पालतू कुत्तों के पास न छोड़ें। पालतू जानवरों को समय पर वैक्सीनेट कराना जरूरी है और किसी भी काटने की घटना के बाद तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए। लोगों का आरोप है कि नगर निगम इस समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा है। नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि लावारिस कुत्तों पर नियंत्रण के लिए जल्द कार्रवाई की जाए, ताकि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
विज्ञापन