{"_id":"5b9bbab9867a557ecf605f2c","slug":"201536932537-faridabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"फरीदाबाद खंड में 40 स्कूलों के 94 फीसदी विद्यार्थियों ने दी परीक्षा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फरीदाबाद खंड में 40 स्कूलों के 94 फीसदी विद्यार्थियों ने दी परीक्षा
Updated Sat, 15 Sep 2018 04:07 AM IST
विज्ञापन
exam
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शुक्रवार को आयोजित खंड स्तरीय सक्षम घोषणा परीक्षा में 94 फीसदी विद्यार्थी उपस्थित रहे। हिंदी और गणित विषय में कक्षा 3, 5 और 7 के विद्यार्थियों के शत प्रतिशत सफल परीक्षा आयोजन के लिए शिक्षा विभाग ने 24*7 वर्क पैटर्न पर काम कर परीक्षा आयोजित करने की मशक्कत की। बावजूद इसके परीक्षा से 6 फीसदी विद्यार्थी नदारद रहे। सेहतपुर सहित कई स्कूलों में परीक्षा में बैठने की व्यवस्था सहित तय समय पर प्रश्न पत्र न मिलने के लिए हंगामा भी हुआ।
विज्ञापन
सक्षम घोषणा के तहत राजकीय माध्यमिक कक्षाओं की योग्यता साबित करने के लिए थर्ड पार्टी परीक्षा का आयोजन किया गया। फरीदाबाद में पहली बार राजकीय विद्यार्थियों की योग्यता को परखा गया। इसमें पहले चरण में फरीदाबाद खंड के लिए परीक्षा का आयोजन किया गया। आगामी माह में बल्लभगढ़ खंड की परीक्षा भी विचारणीय है।
विज्ञापन
परीक्षा के लिए 100 अध्यापकों और बल्लभगढ़ खंड के 60 प्रधानाचार्यों की ड्यूटी लगाई गई। विद्यार्थियों की ग्रे मेटर्स ऑफ इंडिया के तहत ली गई थर्ड पार्टी परीक्षा के लिए 94 फीसदी विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। माध्यमिक स्तर के राजकीय स्कूलों का परीक्षा परिणाम तय करेगा कि जिले में फरीदाबाद खंड में विद्यार्थियों का ज्ञान साक्षरता के अनुकूल है कि नहीं।
विज्ञापन
परीक्षा का परिणाम अगले दो माह में आने की उम्मीद है। सक्षम घोषणा के तहत रैंडम सैंपलिंग के जरिए चुने गए सभी 40 राजकीय स्कूलों का पास प्रतिशत 60 फीसदी से अधिक होने पर फरीदाबाद खंड को सक्षम घोषित किया जाएगा। सक्षम साबित होने पर ये माना जाएगा कि किसी भी माध्यमिक स्तर की कक्षा में पढ़ने वाले 80 फीसदी विद्यार्थियों में शैक्षणिक स्तर पर 50 फीसदी से ज्यादा अंक हासिल करने की योग्यता है।
थोड़ी बहुत परेशानी किसी एक स्कूल में हुई जिसे तुरंत निपटा दिया गया। नकल रहित परीक्षा का सफल आयोजन शिक्षा विभाग की ओर से किया गया। - सतेंद्र कौर, जिला शिक्षा अधिकारी