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Faridabad News: बीपीटीपी बिल्डर, डीटीपी और नगर निगम के बीच फंसे 20 परिवार
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। बीपीटीपी बिल्डर, जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) और नगर निगम के बीच 20 परिवार फंसे हुए हैं। सेक्टर-85 ई ब्लॉक के लोगों को नगर निगम की ओर से आठ फरवरी को अतिक्रमण करने के आरोप में कारण बताओ नोटिस भेजा गया। 23 फरवरी को लोग संयुक्त आयुक्त शिखा अंतिल के सामने अपनी बात रखेंगे।
स्थानीय निवासी इंद्रपाल सिंह और अनुराग विज ने बताया कि ई ब्लॉक लेन-23 में पिछले करीब तीन साल से 20 परिवार रहे हैं। निवासियों को ओसी भी मिल चुका है। लेकिन नगर निगम बेकार में लोगों को परेशान कर रहा है। साल 2023 में अचानक निगम द्वारा घरों के गेट और रैंप तोड़ दिए गए। लोगों ने लाखों रुपए खर्च करके मरम्मत कार्य कराया। एक बार फिर निगम ने नोटिस जारी कर दिया है। इससे परिवारों की नींद उड़ गई है। लोगों का कहना है कि परीक्षाओं का समय है। नोटिस मिलने से घर में तनाव का माहौल बन गया है। बच्चों की भी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
कोर्ट में है मामला
लोगों ने बीपीटीपी बिल्डर से सेक्टर-85 ई ब्लॉक में लेन-23 में बिल्डर फ्लोर खरीदा। पिछले तीन साल से लोग यहां रह भी रहे हैं। अचानक जनवरी 2023 में निगम द्वारा रैंप और दरवाजे तोड़ दिए गए। लोगों ने कोर्ट का स्टे भी दिखाया लेकिन किसी ने नहीं सुनी। यह मामला फरीदाबाद सिविल कोर्ट में विचाराधीन है। 21 और 22 फरवरी को मामले में सुनवाई भी होगी। सवाल यह है कि यदि सरकारी जमीन है तो बीपीटीपी बिल्डर ने क्यों बेचा और जिला नगर योजनाकार ने नक्शा कैसे पास कर दिया। बिल्डर और विभाग के बीच लोगों फंस गए हैं। 23 फरवरी को लोगों को पक्ष रखने के लिए बुलाया गया है।
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फरीदाबाद। बीपीटीपी बिल्डर, जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) और नगर निगम के बीच 20 परिवार फंसे हुए हैं। सेक्टर-85 ई ब्लॉक के लोगों को नगर निगम की ओर से आठ फरवरी को अतिक्रमण करने के आरोप में कारण बताओ नोटिस भेजा गया। 23 फरवरी को लोग संयुक्त आयुक्त शिखा अंतिल के सामने अपनी बात रखेंगे।
स्थानीय निवासी इंद्रपाल सिंह और अनुराग विज ने बताया कि ई ब्लॉक लेन-23 में पिछले करीब तीन साल से 20 परिवार रहे हैं। निवासियों को ओसी भी मिल चुका है। लेकिन नगर निगम बेकार में लोगों को परेशान कर रहा है। साल 2023 में अचानक निगम द्वारा घरों के गेट और रैंप तोड़ दिए गए। लोगों ने लाखों रुपए खर्च करके मरम्मत कार्य कराया। एक बार फिर निगम ने नोटिस जारी कर दिया है। इससे परिवारों की नींद उड़ गई है। लोगों का कहना है कि परीक्षाओं का समय है। नोटिस मिलने से घर में तनाव का माहौल बन गया है। बच्चों की भी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
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कोर्ट में है मामला
लोगों ने बीपीटीपी बिल्डर से सेक्टर-85 ई ब्लॉक में लेन-23 में बिल्डर फ्लोर खरीदा। पिछले तीन साल से लोग यहां रह भी रहे हैं। अचानक जनवरी 2023 में निगम द्वारा रैंप और दरवाजे तोड़ दिए गए। लोगों ने कोर्ट का स्टे भी दिखाया लेकिन किसी ने नहीं सुनी। यह मामला फरीदाबाद सिविल कोर्ट में विचाराधीन है। 21 और 22 फरवरी को मामले में सुनवाई भी होगी। सवाल यह है कि यदि सरकारी जमीन है तो बीपीटीपी बिल्डर ने क्यों बेचा और जिला नगर योजनाकार ने नक्शा कैसे पास कर दिया। बिल्डर और विभाग के बीच लोगों फंस गए हैं। 23 फरवरी को लोगों को पक्ष रखने के लिए बुलाया गया है।
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