डॉक्टर ही प्रदूषण से डर कर विदेश भागने लगे तो क्या होगा मरीजों का...
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दिल्ली की हवा जहरीली होने और उसे लेकर अब तक के इंतजामों से नाखुश इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने मांग की है कि राजधानी में झाडू पर प्रतिबंध लगना चाहिए। आईएमए अध्यक्ष डॉ. केके अग्रवाल का कहना है कि धूूल उड़ाने वाले सभी प्रयासों पर प्रतिबंध लगना चाहिए।
एक अध्ययन के अनुसार प्रदूषण में करीब 45 प्रतिशत सड़कों से उड़ने वाली धूल का होता है। इसलिए सड़क पर भी सफाई के लिए झाडू को प्रतिबंधित कर देना चाहिए। उधर, प्रदूषण की वजह से डॉ. केके अग्रवाल ने देश छोड़ने का फैसला लिया है।
जब तक दिल्ली के हालात सामान्य नहीं हो जाते हैं तब तक डॉ. अग्रवाल वापस नहीं आएंगे। बताया जा रहा है कि डॉ. अग्रवाल फेफड़ों से जुड़ी बीमारी से पीड़ित हैं। उन्होंने कहा कि प्रदूषण की वजह से उनकी तबियत पिछले कुछ दिन से ठीक नहीं है। रोम में उन्हें कुछ काम भी है।
एयर प्यूरिफायर फेल, मास्क भी कारगर नहीं
डॉ. अग्रवाल का कहना है कि इस समय दिल्ली के जो हालात हैं, उसमें कोई भी व्यक्ति अपने घर में भी सुरक्षित नहीं है। अपने कार्यालय में लगे एयर प्यूरिफायर को दिखाते हुए उन्होंने बताया कि पिछले दो दिन के भीतर प्यूरिफायर ने भी काम करना बंद कर दिया है।
प्रदूषण के छोटे-छोटे कण प्यूरिफायर पर ठोस परत बना चुके हैं। जब प्यूरिफायर का यह हाल है तो मास्क किसी भी स्तर पर सुरक्षा के मानकों पर खरा नहीं उतरता।