फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Delhi Cantonment Board elections hang Defense Ministry bans process

Delhi: दिल्ली छावनी बोर्ड के चुनाव लटके, रक्षा मंत्रालय ने प्रक्रिया पर लगाई रोक, 2015 में हुआ था चुनाव

Sun, 30 Apr 2023 10:23 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: Digvijay Singh Updated Sun, 30 Apr 2023 10:23 PM IST
सार

दिल्ली छावनी बोर्ड के अनुसार, पिछले दिनों रक्षा मंत्रालय ने चुनाव प्रक्रिया रोकने के निर्देश दिए हैं। इतना ही नहीं, मंत्रालय ने अपने आदेश में यह नहीं बताया कि बोर्ड के चुनाव कब कराए जाएगे। 

विज्ञापन
Delhi Cantonment Board elections hang Defense Ministry bans process
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली छावनी बोर्ड के मई में होने वाले चुनाव पर रोक लग गई है। केंद्रीय रक्षा मंत्रालय ने चुनाव प्रक्रिया रोक दी है, जबकि मंत्रालय ने गत फरवरी में बोर्ड को चुनाव प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए थे। इसके मद्देनजर बोर्ड ने सभी वार्डों का नए सिरे से परिसीमन किया था और वार्ड महिलाओं व अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिए थे। बोर्ड में आठ वार्ड हैं।

विज्ञापन


दिल्ली छावनी बोर्ड के अनुसार, पिछले दिनों रक्षा मंत्रालय ने चुनाव प्रक्रिया रोकने के निर्देश दिए हैं। इतना ही नहीं, मंत्रालय ने अपने आदेश में यह नहीं बताया कि बोर्ड के चुनाव कब कराए जाएगे। इस कारण चुनाव लटक गए हैं और बोर्ड ने चुनाव प्रक्रिया रोक दी है, जबकि उसने मई के दौरान चुनाव कराने की तैयारी कर ली थी। बोर्ड ने वार्डों का नए सिरे से परिसीमन किया था। इसके अलावा उसने महिलाओं व अनुसूचित जाति के वार्ड आरक्षित करने का भी कार्य पूरा कर दिया था।

विज्ञापन


बोर्ड ने अपने आठ वार्डों में से तीन वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित किए थे, जबकि इलाके में अनुसूचित जाति की जनसंख्या के मद्देनजर एक वार्ड अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित किया था। बोर्ड ने वार्ड नंबर एक, दो व छह को महिलाओं के लिए आरक्षित किया था, जबकि वार्ड नंबर पांच अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित किया गया। वार्ड नंबर तीन, चार, सात व आठ सामान्य घोषित किए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

आठ साल पहले हुए थे चुनाव

दिल्ली छावनी बोर्ड के चुनाव अंतिम बार वर्ष 2015 में हुए थे और उस दौरान गठित हुए बोर्ड का कार्यकाल तीन साल पहले वर्ष 2020 में समाप्त हो गया था। इस तरह तीन साल से बोर्ड में पार्षद नहीं है। पिछली बार के चुनाव में त्रिकोणीय मुकाबला हुआ था। भाजपा ने पांच वार्डों में जीत हासिल की थी, जबकि कांग्रेस दो वार्डों में जीत पाई थी, वहीं आम आदमी पार्टी को मात्र एक वार्ड में जीत नसीब हुई थी।




 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed