फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Delhi Assembly session Clash between ruling party and opposition seen in House on first day

Delhi Assembly Session: AAP ने BJP को बताया सिख-दलित विरोधी, मंत्री सिरसा ने दिया ऐसा जवाब; जमकर हुए तीखे हमले

Mon, 24 Feb 2025 07:52 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: आकाश दुबे Updated Mon, 24 Feb 2025 07:52 PM IST
सार

नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने भाजपा पर दलित विरोधी और सिख विरोधी होने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि इससे भाजपा की अनुसूचित जाति व सिख विरोधी मानसिकता जाहिर है। बाबा साहेब और भगत सिंह की तस्वीर हटाना इसी मानसिकता का सबूत है।

विज्ञापन
Delhi Assembly session Clash between ruling party and opposition seen in House on first day
दिल्ली विधानसभा सत्र - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

विधानसभा सत्र के पहले ही दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव दिखा। विपक्ष ने सत्ता पक्ष पर सिख व अनुसूचित जाति का विरोधी होने का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की। नवनिर्वाचित विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता की ओर से बार-बार शांत रहने की गुजारिश को विपक्ष ने अनसुना किया। इससे नाराज होकर अध्यक्ष ने विपक्ष को अराजक करार देते हुए सदन की कार्यवाही में जान बूझकर बाधा डालने की बात कही। उधर, भाजपा ने सीएम दफ्तर की तस्वीर जारी कर कहा कि किसी भी महापुरुष की तस्वीर हटाई नहीं गई है। मुख्यमंत्री की कुर्सी के ठीक पीछे राष्ट्रपिता, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की तस्वीर है। दूसरी दीवार पर बाबा साहब भीमराव आंबेडकर और शहीद भगत सिंह की तस्वीर है।

विज्ञापन

इससे पहले विधानसभा अध्यक्ष पद पर विजेंद्र गुप्ता के निर्वाचन के बाद सदन में बधाई प्रस्ताव लाया गया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के बोलने के बाद खड़ी हुईं नेता प्रतिपक्ष ने बधाई देने के साथ ही सीएम व भाजपा पर आरोप लगाया कि विधानसभा के सीएम कार्यालय से डॉ. भीमराव आंबेडकर और शहीद भगत सिंह की तस्वीरें हटा दी गई हैं। इसकी जगह राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की तस्वीरें लगा दी गई हैं। पुरानी तस्वीरें हटाने का दावा करते हुए आतिशी ने सीएम और भाजपा पर अनुसूचित जाति व पंजाब के लोगों का विरोधी बताया। इसके बाद पूरा विपक्ष सत्ता पक्ष के खिलाफ नारेबाजी करने लगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

विधानसभा अध्यक्ष ने बार-बार कहा कि वक्त बधाई प्रस्ताव पर चर्चा का है। दूसरे प्रस्तावों पर बाद में चर्चा होगी। बावजूद इसके विपक्ष शांत नहीं हुआ। इससे अध्यक्ष ने 15 मिनट के लिए कार्यवाही स्थगित कर दी। सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू होने के बाद भी विपक्ष नारेबाजी करता रहा, जबकि विधानसभा सदस्य बधाई प्रस्ताव पर बोलते रहे। इसी बीच आप विधायक अनिल झा को बोलने के लिए विधानसभा अध्यक्ष ने आमंत्रित किया। बार-बार नाम लेने के बाद भी उन्होंने अपनी बात नहीं रखी। इस पर विजेंद्र गुप्ता ने अपनी पार्टी के सदस्य को भी बोलने न देने का आरोप विपक्ष पर लगाया।

विज्ञापन

अध्यक्ष को खड़े होकर बधाई प्रस्ताव पर देना पड़ा जवाब
हंगामा शांत न होने पर विधानसभा अध्यक्ष को कुर्सी से उठकर बोलना पड़ा। फिर भी, विपक्ष शोर मचाता रहा। इस दौरान अध्यक्ष ने सदस्यों को नियम की याद दिलाते हुए कहा कि जब अध्यक्ष अपनी कुर्सी से उठकर कोई बात सदन में रखते हैं तो सदस्यों को शांतिपूर्वक बैठ जाना चाहिए। इसके बाद ही सदन की कार्यवाही चल पाई। इसके बाद उन्होंने निर्विरोध निर्वाचित होने पर सदस्यों को धन्यवाद दिया और संसदीय नियमों के तहत सदन की कार्यवाही चलाने की बात कही।

विपक्ष के रवैये को बताया अराजक
बार-बार शांत होने की गुजारिश को अनसुना करने पर विधानसभा अध्यक्ष ने विपक्ष की तीखी आलोचना की। उन्होंने कहा कि विपक्ष का रवैया गैर-जिम्मेदाराना और अराजक है। इससे सदन की गरिमा को ठेस पहुंची है। आप के सदस्य सदन को बाधित करने के इरादे से सदन में आए हैं। सदन को राजनीतिक मंच नहीं बनाना चाहिए था। विपक्ष नहीं चाहता कि सदन सुचारू रूप से चले।

हंगामे के बीच हुए एक-दूसरे पर तीखे हमले
नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने भाजपा पर दलित विरोधी और सिख विरोधी होने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि इससे भाजपा की अनुसूचित जाति व सिख विरोधी मानसिकता जाहिर है। बाबा साहेब और भगत सिंह की तस्वीर हटाना इसी मानसिकता का सबूत है। अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली सरकार के हर कार्यालय में बाबा साहेब आंबेडकर और शहीद भगत सिंह की तस्वीरें लगाई थीं। जब से भाजपा सत्ता में आई है, मुख्यमंत्री कार्यालय से इन दोनों महापुरुषों की तस्वीरें हटा दी हैं। आतिशी ने दोनों की तस्वीरें दोबारा लगाने की मांग की।

आप के आरोपों पर मंत्री सिरसा ने दिया ये जवाब
आप के आरोपों पर जवाब देते हुए दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि जिस पार्टी ने सिख दंगा कराने वाली पार्टी का साथ दिया वह हमें यह बता रहे हैं कि भाजपा सिख व अनुसूचित जाति विरोधी है। वहीं, भाजपा विधायक तरविंदर सिंह मारवाह ने कहा कि कोई फोटो नहीं हटाई गई है। अरविंद केजरीवाल ही एकमात्र व्यक्ति हैं जो झूठ बोलते हैं। इनके सभी मंत्री जेल गए हैं। अब जो बचे है उन्हें भी पैसा चाहिए। अरविंदर सिंह लवली ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार ने सदन की गरिमा को तार-तार किया है। ऐसी परिपाटी बनाने का काम किया जो सदन की गरिमा पर ठेस है।

संबंधित वीडियो-

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed